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सुर्खियों के पीछे छिपी कहानियों की तलाश में...

‘मियाँ’ का मतलब ‘अवैध बांग्लादेशी’… मुस्लिम विरोधी एजेंडा बताकर ‘द वायर’ का हिमंता के खिलाफ प्रोपेगेंडा, क्यों वामपंथियों की आँखों में खटकते हैं असम...

'द वायर' ने अपने लेख में हिमंता के 'मियाँ' शब्द को सिर्फ मुसलमान से जोड़कर एक आर्टिक्ल छापा, जिसका जवाब CM हिमंता ने SC का हवाला देकर दिया।

होमी भाभा-संजय गाँधी से जनरल रावत और अजित पवार तक: 1965 से 2026 तक का वो खौफनाक इतिहास, जब हवाई दुर्घटनाओं में दिग्गजों ने...

बलवंतराय मेहता से लेकर विजय रूपाणी के निधन तक वो आखिरी आसमानी सफर, जिसमें देश के बड़े राजनेताओं ने विमान हादसे में गवाई अपनी जान।

लग्जरी कारों से लेकर विदेशी वाइन और दवाओं तक, ‘मदर ऑफ ऑल डील’ से सब होगा सस्ता: जानिए भारत-EU के महा-समझौते की पूरी ABCD

भारत-EU की 'मदर ऑफ ऑल डील' के बाद लग्जरी कारों पर टैक्स 110% से 10% रह जाएगा। वहीं, वाइन पर यह 150% से घटकर 20% होगा। दवाएँ भी सस्ती होंगी।

2 अरब लोगों का साझा बाजार, लाखों नई नौकरियाँ और चीन-US के दबदबे को चुनौती: जानें भारत-यूरोप की ‘मदर ऑफ ऑल डील्स’ कितनी अहम?

यूरोप संग 'मदर ऑफ ऑल डील्स' समझौता भारत को दुनिया की एक ऐसी आर्थिक शक्ति बना देगा, जो अमेरिका और चीन के दबाव से अलग अपनी एक नई पहचान रखेगी।

ChatGPT को जातिवादी बताने वाले विजेंद्र चौहान का प्रोपेगेंडा नया नहीं, UPSC कोचिंग की आड़ में ओझा-दिव्यकीर्ति भी फैला चुके हैं हिंदू घृणा

विजेंद्र चौहान ने एक पुस्तक विमोचन में दावा किया है कि ChatGPT जैसे आधुनिक तकनीक के एल्गोरिदम भी 'जातिवादी' हैं और सवर्णों का पक्ष लेते हैं।

‘क्या मर्द भी हो सकते हैं प्रेग्नेंट?’: US में छिड़ी ‘Woke’ बहस, जानिए क्या कहता है विज्ञान

बच्चे को जीवित रखने के लिए शरीर में पोषण-सुरक्षा की जरूरत होती है, वह केवल महिलाओं के बच्चे दानी में होती है। पुरुषों में गर्भाशय नहीं होता।

जंगल ही नहीं, शहरों से भी होंगे साफ… पूरा इकोसिस्टम होगा खत्म ताकि फिर कभी पनप न सके वामपंथी आतंक: नक्सल मुक्त भारत के...

31 मार्च 2026 तक भारत की धरती वामपंथी उग्रवाद के काले साये से पूरी तरह आजाद होगी। विकास की नई धारा उस अंतिम छोर तक पहुँचेगी जिसे दशकों तक अंधेरे में रखा।

सिलेक्टिव है RJ सायमा का नारीवाद… हिजाब पर करनी थी बात, करने लगी मजहब का बचाव: पढ़िए 7 घटनाएँ और सोचिए क्या सच में...

RJ सायमा हिजाब-बुर्का पर इस्लाम की मर्जी का तर्क देती हैं, लेकिन भारत-विदेशों में महिलाओं पर दबाव और हिंसा की सच्चाई पर मौन धारण कर लेती हैं।