एटा पुलिस ने सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो पर कहा है कि जाटव की बारात में शाक्य समुदाय वाले नहीं घुसे थे, बल्कि शाक्यों के घर पर डीजे पर डांस करने जाटव पहुँचे थे।
हकीकत ये है कि योगी आदित्यनाथ ने बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार का मुद्दा उठाया जरूर था लेकिन उन्होंने इस तरह की भाषा का इस्तेमाल किया ही नहीं। न उन्होंने पीएम को लेकर ऐसी भाषा बोली है।