5 अगस्त को अयोध्या में भव्य श्रीराम मंदिर का पूजन होगा। खुफिया इनपुट है कि इस्लामिक आतंकी हमले की साजिश रच रहे हैं। केंद्र में मनमोहन और यूपी में मुलायम के रहते 2005 में आतंकी अपने मॅंसूबों में कामयाब भी हो गए थे।
ये साध्वी ऋतम्भरा ही थीं, जिन्होंने कहा, "हॉं हम हिंदू हैं, हिंदुस्तान हमारा है।" जिनमें खुलकर यह कहने का साहस था, "महाकाल बनकर दुश्मन से टकराएँगे, जहॉं बनी है मस्जिद, मंदिर वहीं बनाएँगे।"
भारत की पत्रकारिता में यह रवीश का सबसे बड़ा योगदान है। अच्छी योजनाओं और सरकारी कार्यों में भी, खोज-खोज कर कमियाँ बताई जाने लगी हैं। देखा-देखी बाकी वामपंथी एंकरों और पुराने चावल पत्रकारों ने भी, अपनी गिरती लोकप्रियता बनाए रखने के लिए, अपने दैनिक शौच से पहले और फेफड़ों से चढ़ते हर खखार (हिन्दी में बलगम) के बाद, मोदी और सरकार को गरियाना अपना परम कर्तव्य बना लिया है।