मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बताया कि 11 क्राफ्ट और 4 हेलीकॉप्टर की मदद से नौसेना, तटरक्षक और पुलिस ने बचाव अभियान चलाया गया है। घटना में 13 लोगों की मौत हुई है।
एस ए बाशा नाम के आतंकी को अंतिम विदाई देने के लिए हजारों लोग पहुँचे। उसे किसी 'हीरो' की तरह विदाई दी गई, जबकि उसके संगठन ने तमिलनाडु को कई बार आतंकी हमलों का दर्द दिया।
साल 2019 में जिस जामिया में सीएए-एनआरसी के विरोध के नाम पर हिंसा को अंजाम दिया गया था, वहाँ के छात्रों ने एक बार अपने परिसर में 'ला इलाहा इल्ललाह' की नारेबाजी की।