मुहम्मद फुरकान नाम के इस युवक की कब्र खोद ली गई थी और जब उसे दफनाया जाने वाला था, तभी परिवार के कुछ सदस्यों ने उसके शरीर में हरकत देखी। इसके बाद रोना-धोना बंद हो गया और हैरान परिजन मुहम्मद फुरकान को अस्पताल ले गए जहाँ उसे वेंटीलेटर पर रखा गया है।
UPA की सरकार के दौरान जनवरी 2007 में आरोपितों ने मध्य प्रदेश में कोल ब्लॉक का अधिकार पाने के लिए स्क्रीनिंग कमिटी के समक्ष गलत तथ्य दिए थे। गलत तरीके से लाभ पाने के कारण कोयला मंत्रालय को धोखे में रखा था, जिसके कारण कोल आवंटन मामले इन आरोपितों के नाम की सिफ़ारिश की गई है।
"निजी वाहन में बिना अनुमति के कोई प्रवेश नहीं किया जा सकता। इसकी अनुमति वाहन का मालिक ही दे सकता है। लेकिन, यदि वाहन सार्वजनिक स्थल पर खड़ा है तो पब्लिक के पास प्राइवेट वाहन को अप्रोच करने का अवसर होता है।"
दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधन कमिटी के प्रतिनिधियों की बातें सुनने के बाद केंद्रीय गृह मंत्रालय ने जाँच का दायरा बढ़ा दिया। गृह मंत्रालय ने कहा कि 1984 सिख विरोधी दंगे के वीभत्स रूप को देखते हुए इससे जुड़े सभी ऐसे गंभीर मामलों में जाँच फिर से शुरू की जाएगी, जिसे बंद कर दिया गया था या फिर जाँच पूरी कर ली गई थी।
भगवा ध्वज फहराना दलित उत्पीड़न के अंतर्गत अपराध नहीं है। अनुसूचित जाति एवं जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम के तहत दर्ज किए गए एक मामले पर बॉम्बे हाईकोर्ट ने अहम फैसला सुनाते हुए आरोपित को जमानत दी।
मौलवी आदिल का मानना है कि कश्मीर में कथित आज़ादी के लिए चल रहे 'अभियान' से भी ज्यादा ज़रूरी है ज़ायरा वसीम जैसी लड़कियों को बताना कि वे बॉलीवुड में काम करना छोड़ें। मौलवी ने कहा कि ज़ायरा वसीम जैसी लड़कियाँ इस्लाम के लिए शर्म हैं।
कर्नाटक के सलामी बल्लेबाज मयंक अग्रवाल ने पिछले साल ऑस्ट्रेलिया के ख़िलाफ़ क्रिकेट में डेब्यू किया था, लेकिन वो अब तक भारत के लिए एक दिवसीय टीम से डेब्यू नहीं कर पाए हैं।
"अगर मैं उन्हें कभी मिलूँगा तो उन्हें ये बात ज़रूर बोलूँगा कि वह काफी अच्छा काम कर रही थीं। ये उनकी पर्सनल च्वाइस है। बॉलीवुड में काम करने से कोई गैरमुस्लिम नहीं बन जाता है।"