वकील निरंजन मुंदरगी ने कहा कि उनके मुवक्किल का नाम बेवजह संवेदनशील मामले में घसीटा गया था, जबकि उनका साक्षात्कार दिवंगत अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की मृत्यु को लेकर था।
इसका सबसे बड़ा सबूत आंदोलन स्थल पर लगा पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री बेअंत सिंह समेत 17 लोगों की हत्या के दोषी जगतार सिंह हवारा और उसके साथियों के पोस्टर है।
वीडियो में अरबाज़ खान की अकड़ को साफ़तौर पर देखा जा सकता है। गाली-गलौज के साथ खान ने अपने घर का एड्रेस भी बताया है और हिंदुओं को चुनौती दी है कि वह उसका कुछ बिगाड़ नहीं सकते।
युवती ने कहा कि वह वापस अपने घर नहीं जाना चाहती। बल्कि वह हिन्दू बन कर नमन के साथ अपनी जिंदगी बिताना चाहती है। वहीं, नमन मदान ने पुलिस से बताया कि उसके घरवालों को इस रिश्ते से कोई आपत्ति नहीं थी।