आपको यह जान कर हैरानी होगी कि लतीफ़ को रिहा करने की माँग वही आतंकी कर रहे थे, जिन्होंने 1999 में भारतीय विमान को हाईजैक किया था। इतने खूंखार आतंकी को यूं छोड़ दिया गया जैसे कि वह कोई चोरी-चकारी का मुजरिम हो।
सोशल मीडिया पर लोगों ने मीरवाइज़ उमर फ़ारुक़ के इस रवैये पर सवाल खड़ा करते हुए पूछा कि क्या वह अपने-आप को क़ानून से ऊपर मानता है? हुर्रियत के प्रवक्ता ने कहा कि मीरवाइज़ एनआईए के समक्ष पेश नहीं होंगे।
मुदस्सिर फ़रवरी 2018 में सुंजवाँ में हुए आतंकी हमले में भी शामिल था। उस हमले में 6 सुरक्षा बल के जवान वीरगति को प्राप्त हो गए थे। जनवरी 2018 में लेथपुरा सीआरपीएफ कैम्प पर हुए हमले में भी उसका हाथ था। उस हमले में सीआरपीएफ के 5 जवान वीरगति को प्राप्त हो गए थे।
कुछ साल पहले तक दूरदर्शन समाचार गिलगित बल्तिस्तान क्षेत्र के मौसम की जानकारी भी देता था लेकिन अब वह जानकारी भी नहीं मिलती। जबकि यह स्थापित सत्य है कि नियंत्रण रेखा के उस पार के लोग बड़ी उम्मीदों से भारत की ओर देख रहे हैं।
सुरक्षा अधिकारियों ने बताया कि आत्मघाती हमलावर आदिल अहमद डार, जिसने 14 फ़रवरी को CRPF के क़ाफ़िले में एक बस के आगे अपने विस्फोटक से भरे वाहन को उड़ा दिया था, वो आतंकवादी ख़ान के साथ लगातार संपर्क में था।
पाकिस्तान का दावा है कि उसने भारत के दूसरे विमान को मार गिराया है और उसके पास इसकी वीडियो रिकॉर्डिंग है, तो उसने इसे अभी तक अंतर्राष्ट्रीय मीडिया के साथ साझा क्यों नहीं किया है?
IPS अधिकारी ने कहा कि पुलिस अधिकारियों ने एक गुप्त सूचना के आधार पर शनिवार सुबह ही कार्रवाई की। इस दौरान स्पेशल टास्क फोर्स ने 1,000 kg पोटैशियम नाइट्रेट के साथ 2 लोगों को गिरफ्तार किया है।
इस बार भी पाकिस्तान ने अपने न्यूक्लिअर कमांड अथॉरिटी की मीटिंग बुलाकर ब्लफ खेलने की कोशिश की थी, लेकिन परिणाम में उसे भारत की चुप्पी की जगह, उसके अत्याधुनिक F16 को भारतीय मिग का शिकार होना पड़ा।
खुफिया एजेंसियों द्वारा जुटाए गए इनपुट के मुताबिक, दो भारी हथियारों से लैस पाकिस्तान समर्थित आतंकवादी समूह एलओसी के पास राजौरी जिले से भारत में घुसपैठ करने का इंतजार कर रहे थे।