आर्टिकल 370 हटाए जाने के बाद से पाक लगातार कॉन्ग्रेस को हथियार बनाकर भारत को घेरने की कोशिश कर रहा है। उसने संयुक्त राष्ट्र को लिखे पत्र में राहुल गॉंधी के बयान का जिक्र किया था। बाद में राहुल ने डैमेज कंट्रोल की कोशिश करते हुए कहा था कि कश्मीर में हिंसा के पीछे पाकिस्तान का हाथ है।
एसआईटी प्रमुख नवीन अरोड़ा ने कहा था कि चिन्मयानंद को ब्लैकमेल करने के मामले में पीड़ित छात्रा की भी संलिप्तता मिली है। उससे मंगलवार को पूछताछ भी की थी। पीड़िता ने हाई कोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका भी दायर कर रखी है जिस पर कल सुनवाई होनी है।
22 सितंबर को एक 15 वर्षीय दलित नाबालिग के साथ गैंगरेप कर उसका अश्लील वीडियो बनाया गया था। तीनों आरोपित लड़की को पकड़ कर झाड़ियों में ले गए और उसके साथ दुष्कर्म किया। इस दौरान लड़की बार-बार दया की भीख माँगती रही, लेकिन आरोपितों ने उसकी एक न सुनी।
गुलाम सरवर खान अपनी हरकत से सोशल मीडिया में मजाक का केंद्र बन गए। एक यूजर ने कहा कि पाकिस्तान को मनोरंजन इंडस्ट्री की जरूरत नहीं है, क्योंकि मंत्री काफी मनोरंजन कराते हैं। एक अन्य ने मंत्री जी को पासपोर्ट नहीं होने पर हिजाब पहनने की सलाह दी।
"पूर्व में मैं भारत के बारे में जो कुछ भी जानता था, मुझे लगता था कि वहाँ स्थिति अच्छी नहीं है। वहाँ काफ़ी अनबन और लड़ाइयाँ होती रहती थीं। पीएम मोदी एक पिता की तरह सभी को साथ लेकर आए। पीएम मोदी ने चीजों को ठीक कर के एक अच्छा कार्य किया है।"
खुफिया एजेंसियों ने जैश-ए-मोहम्मद के 8 से 10 आतंकियों वाले एक मॉड्यूल को लेकर अलर्ट जारी किया है। आशंका है कि ये आतंकी भारतीय वायु सेना के ठिकानों को तबाह करने के लिए जम्मू-कश्मीर के आसपास आत्मघाती हमले को अंजाम देने की कोशिश कर सकते हैं।
लड़कियों के मुताबिक, चलती गाड़ी में बदमाश युवकों ने उनसे मोबाइल और पर्स लूटने की कोशिश की थी। उन्होंने कार में काफी संघर्ष किया। शोर भी मचाया था, लेकिन इलाका सुनसान था। जिन लड़कियों का अपहरण हुआ है वह हिन्दी नहीं बोल पाती हैं।
"महात्मा गाँधी की 150वीं जयंती पर मुझे ये अवार्ड दिया जाना मेरे लिए व्यक्तिगत रूप से भी बहुत महत्वपूर्ण है। ये इस बात का प्रमाण है कि अगर 130 करोड़ लोगों की जनशक्ति, किसी एक संकल्प को पूरा करने में जुट जाए, तो किसी भी चुनौती पर जीत हासिल की जा सकती है।"
स्कूल प्रिंसिपल ने परिसर में हुई घटनाओं का हवाला देकर बच्चों के निलंबन को सही ठहराने की कोशिश की है। उनका कहना है कि स्कूल परिसर में इसी प्रकार नारे लगाने को लेकर पूर्व में दूसरे स्कूल में विवाद हो चुका है। हम अपने स्कूल में कोई विवाद नहीं चाहते।
बीएसएनएल के चेयरमैन ने बताया कि कम्पनी ने अपने आंतरिक संसाधनों का इस्तेमाल कर कर्मचारियों के वेतन का भुगतान किया है। वित्तीय वर्ष 2018-19 में बीएसएनएल को 14,000 करोड़ का घाटा हुआ है और कम्पनी का राजस्व घट कर 19,308 करोड़ रुपया हो गया है।