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बंद मॉल से समान लेकर निकली बिहार पुलिस, लोगों ने चोर बताकर पकड़ा तो जोड़ने लगे हाथ: वीडियो वायरल, एसपी ने आरोपों को नकारा

वहीं, राजीव नगर पुलिस का कहना है कि पुलिसकर्मियों पर चोरी का आरोप लगा है। अगर ये आरोप सही पाए जाते हैं उन पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि मॉल में रेंट के विवाद में दोनों तरफ से शिकायत ले ली गई है।

अब आपने चोर-बदमाशों को चोरी करते और पुलिस को उन्हें खोजते हुए सुना होगा, लेकिन बिहार में लगता है कि सब कुछ उलटा हो रहा है। राजधानी पटना में पुलिस को ही एक बंद मॉल से सामान चुराते हुए पकड़ा गया है, वो भी वर्दी में। इस दौरान लोगों ने उन्हें रंगे हाथों पकड़ लिया और तलाशी ली तो उनकी गाड़ी से कई सामान बरामद हुए।

मामला पटना के मामला राजीव नगर थाना क्षेत्र का है। यहाँ रामनगरी में रैपिड बाजार मॉल है। मॉल के मालिक सन्नी कुमार ने बताया कि यह मॉल बंद था। इसके बाद रात 10:30 बजे डायल 112 की पुलिस बंद मॉल से सामान लेकर निकली। पता चलने पर उनकी गाड़ी का पीछा किया। इस पर वे तेजी से भागने लगे, लेकिन किसी तरह लोगों ने रोक लिया।

कुछ देर तक सड़क पर पुलिस और लोगों के बीच बहसा-बहसी चलती रही। इस दौरान लोगों ने उनकी गाड़ी की तलाशी ली तो मॉल से निकाले गए सामान उसमें से बरामद हो गए। इस दौरान लोगों ने इसका वीडियो बना लिया और ‘पुलिस चोर है’ के नारे लगाए। घटना की सूचना मिलने पर राजीव नगर पुलिस सभी लोगों को थाने ले गई। 

जिस मकान में मॉल बना है, उसके मालिक वीरेंद्र कुमार का कहना है कि यह मॉल सन्नी कुमार का है। मॉल का किराया बाकी था। कई बार माँगने पर भी नहीं मिला और किराया बढ़कर 2.50 लाख रुपए पहुँच गया। इसके बाद सन्नी ने 2.50 लाख रुपए का चेक दिया। हालाँकि, बाद में यह चेक भी बाउंस हो गया। इसके बाद उन्होंने मॉल में ताला लगवा दिया और कहा कि किराया देने पर ताला खुलेगा।

वीरेंद्र कुमार ने कहा कि मकान मालिक वीरेंद्र ने कहा कि देर रात पुलिस वाले आए और कहा कि उन्हें सामान खरीदना है। इसके बाद पुलिस वालों को जो सामान चाहिए था, उन लोगों ने ले लिया और पैसा कल देने की बात कहकर चले गए। इसी दौरान मॉल मालिक सन्नी कुमार के लोग पहुँच गए और पुलिस पर सामान चोरी का आरोप लगाने लगे। इसके बाद पुलिस भागने लगे।

उधर, मॉल मालिक सन्नी कुमार का कहना है कि किराए के विवाद में मकान मालिक ने मॉल में ताला लगवा दिया। इसके बाद रात के अंधेरे में मकान मालिक सामान निकलवा कर कहीं दूसरी जगह भेजा रहा था। इसमें इसका साथ पुलिस भी दे रही थी। इसी दौरान रात 10 बजे के बाद 2 पिकअप सामान कहीं भेजवा दिया। इस बात की जानकारी जब मेरे स्टाफ को लगी तो वे मेरे साथ मॉल पहुँचे।

वहाँ देखा कि पुलिस वाले सामान भर के निकल रहे थे। जब उनसे इसके बारे में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि वे सामान खरीद कर ले जा रहे हैं। जब उनसे बिल माँगा गया तो उन्होंने कहा कि देंगे। सन्नी कुमार ने कहा कि जब मॉल बंद है तो सामान कैसे खरीद लिए? इस दौरान जब लोगों ने चोरी का आरोप लगाया तो वे भागने लगे। इसके बाद लोगों ने उनका पीछा करके उन्हें रोका।

सन्नी कुमार का कहना है कि लोगों द्वारा पीछा करने के बाद पुलिस वालों ने इस सामान को मकान मालिक के कहने पर कही पहुँचाने की बात कही। वहीं, राजीव नगर पुलिस का कहना है कि पुलिसकर्मियों पर चोरी का आरोप लगा है। अगर ये आरोप सही पाए जाते हैं उन पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि रेंट के विवाद में दोनों तरफ से शिकायत ले ली गई है।

इस मामले में पटना सेंट्रल के एसपी ने प्रेसवार्ता की और कहा, “मॉल के मैनेजर विकास कुमार बैंकेट हॉल भी चलाते हैं। पुलिसकर्मी ने उसे वॉशरूम आदि के लिए इस्तेमाल करते रहे हैं। इसलिए उनसे जान-पहचान थी। ये लोग वहाँ थे तो विकास कुमार ने बताया कि हम लोग मॉल को बंद कर रहे हैं। अगर सामान आदि लेना हो तो ले सकते हैं। इसकी बिलिंग आदि बाद में करवा लेंगे। वहाँ बताया कि बाद में बिलिंग करके अच्छा डिस्काउंट दे देंगे तो ये सामान ले लिए। चोरी और लूट की बात सरासर गलत है।”

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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