Homeदेश-समाजईद में तिरंगा बिछाया, उसके ऊपर खाना खाया: असम में 6 गिरफ्तार, रेजिना परवीन...

ईद में तिरंगा बिछाया, उसके ऊपर खाना खाया: असम में 6 गिरफ्तार, रेजिना परवीन सुल्ताना के घर हो रही थी दावत

रेजिना परवीन सुल्ताना के घर में ईद के मौके पर भारत का राष्ट्रीय ध्वज बिछा कर उसके ऊपर खाना खाया गया। पुलिस ने इस आरोप में 6 लोगों को गिरफ्तार किया है।

असम में भारत के राष्ट्रीय ध्वज का अपमान करने के आरोप में 6 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। यह शर्मनाक घटना असम के बोंगाईगाँव से सामने आई है। यहाँ पर लोगों के एक समूह ने ईद के दिन भारत के राष्ट्रीय ध्वज पर दावत की। बोंगाईगाँव पुलिस ने ईद की दावत पर भारत के राष्ट्रीय ध्वज का अपमान करने के आरोप में 6 लोगों को गिरफ्तार कर लिया है।

बोंगाईगाँव पुलिस ने इसकी जानकारी देते हुए बताया कि अभयपुरी के टेंगनामारी गाँव की रेजिना परवीन सुल्ताना के घर में 14 मई 2021 को डाइनिंग टेबल पर भारतीय राष्ट्रीय ध्वज तिरंगा का इस्तेमाल कर अपमान करने वाले 5 अन्य लोगों को गिरफ्तार कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई के लिए मामला दर्ज किया गया है।

गौरतलब है कि इससे पहले खबर आई थी कि ईद के मौके पर अहमदाबाद के जुहापुरा में एक कब्रिस्तान (मुस्लिम कब्रिस्तान) में जमा हुई मुस्लिमों की भीड़ ने अहमदाबाद पुलिस के एक अधिकारी को भीड़ की तस्वीरें और वीडियो बनाने के लिए पीट दिया। उनका मोबाइल फोन भी छीन लिया गया। अहमदाबाद की वेजलपुर पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज किया है। अब तक पाँच लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए पाँचों आरोपित मोहम्मद अहमद उर्फ ​​राजा सिद्दीकी, मजहर खान पठान, फिरोज मोहम्मद शेख, इफ्तेखार कल्याणी, सुल्तान और परवेज शब्बीर शेख हैं। ये पाँचों मुस्लिम कब्रिस्तान में भीड़ के साथ जमा हुए थे। वे कथित तौर पर ईद के मौके पर कब्र पर फूल चढ़ाने आए थे।

रिपोर्ट के मुताबिक, स्पेशल ब्राँच में एएसआई कृष्णकुमार भवसिंह कब्रिस्तान पहुँचे और ईद के लिए उमड़ी भीड़ की तस्वीरें लेने लगे। इसी दौरान भीड़ में से कुछ लोगों ने उन्हें देख लिया और उन पर हमला कर उनका मोबाइल फोन छीन लिया।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

बेचे जाने और लीज पर देने का अंतर भूल बैठे हैं अखिलेश यादव, JPNIC ‘बिक गया’ या सिर्फ लीज पर गया? सपा प्रमुख के...

JPNIC विवाद में अखिलेश यादव के ‘बेचने’ के आरोप की पड़ताल पर जानिए योगी सरकार का लीज मॉडल, CAG की आपत्तियां और 265 करोड़ से 865 करोड़ तक कैसे पहुँचा प्रोजेक्ट।

UP में तेजी से बढ़ रही है ‘गो-इकोनॉमी’, दूध के साथ-साथ गोमूत्र भी बन रहा है रोजगार का साधन: शैम्पू, साबुन और ऑर्गेनिक फर्टिलाइजर...

सवाल उनसे है जो गाय, गोबर और गौमूत्र का नाम सुनते ही मजाक बनाने लगते हैं- जब यही व्यवस्था किसान का खर्च घटाकर उसकी आय बढ़ा रही है और तो उपहास किस बात का है?
- विज्ञापन -