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रमजान में श्रीनाथजी मंदिर से सुनाई पड़ी पटाखों की आवाज, तो भड़क गए मुस्लिम: द्वारका में हिंदू परिवार को मकसूद और मोन समेत 4 ने बेरहमी से पीटा, 2 घायल

घायल विपुल ठक्कर ने आरोप लगाया कि हमलावरों ने न केवल उनके साथ दुर्व्यवहार किया, बल्कि मंदिर और उसके देवता का अपमान भी किया। उन्होंने कहा कि हमलावरों ने धमकी दी है कि अगर वे पटाखे जलाना जारी रखेंगे तो वे मंदिर को बंद करा देंगे और उनके परिवार को मार देंगे। ऑपइंडिया ने संबंधित पुलिस स्टेशन से बयान लेने की कोशिश की, लेकिन संपर्क नहीं हो सका।

गुजरात के देवभूमि द्वारका के खंभालिया में 2 मार्च को श्रीनाथजी हवेली मंदिर के प्रांगण में पटाखे फोड़ने पर चार मुस्लिमों ने एक हिंदू परिवार पर हमला कर दिया। हमलावरों की पहचान मकसूद, तौसीफ, मोईन और फूलकंद के रूप में हुई है। हमलावरों ने रमजान का हवाला देते हुए जश्न मनाने पर आपत्ति जताई थी। आरोपितों ने झगड़े के दौरान हिंदू परिवार के साथ मारपीट की। इसमें एक नाबालिग समेत दो लोग घायल हो गए हैं।

इस मामले में पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 115(2), 117(2), 352 और 54 के साथ-साथ गुजरात पुलिस अधिनियम की धारा 135(1) के तहत एफआईआर दर्ज की है। शिकायत के अनुसार, विपुल ठक्कर का भतीजा 20 फरवरी की रात 10 बजे मंदिर के वार्षिक उत्सव में बचे हुए पटाखों को फोड़ रहा था। इसी दौरान मकसूद, मोईन और तौसीफ लाठी-डंडे लेकर मंदिर में घुस आए।

स्रोत: गुजरात पुलिस/ऑपइंडिया गुजराती

तीनों हमलावरों ने पटाखे छोड़ रहे हिंदू परिवार को डाँटकर पटाखे जलाने से मना कर दिया। इस दौरान तीनों मुस्लिम आरोपित हिंदू परिवार से गाली-गलौज करने लगे। इसी बीच फूलकंद नाम का एक चौथा मुस्लिम वहाँ आ गया। उसके पास लकड़ी की एक छड़ी थी। इसी बीच मकसूद ने विपुल के बाएँ हाथ पर बेसबॉल बेट से हमला कर दिया। इससे विपुल के हाथ में फ्रैक्चर हो गया।

विपुल के भतीजे को भी मुस्लिमों के समूह ने पीटा। शोर सुनकर घर की महिलाएँ और पड़ोसी वहाँ आ गए। लोगों को आता देखकर हमलावर मौके से फरार हो गए। विपुल और उनके भतीजे को इस हमले में कई कई चोटें आई हैं। उन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों के अनुसार, ठक्कर के बाएँ हाथ में फ्रैक्चर हुआ है और उसके भतीजे के शरीर पर कई चोटें आई हैं।

विपुल ठक्कर ने यह भी आरोप लगाया कि हमलावरों ने न केवल उनके साथ दुर्व्यवहार किया, बल्कि मंदिर और उसके देवता का अपमान भी किया। उन्होंने कहा कि हमलावरों ने धमकी दी है कि अगर वे पटाखे जलाना जारी रखेंगे तो वे मंदिर को बंद करा देंगे और उनके परिवार को मार देंगे। ऑपइंडिया ने संबंधित पुलिस स्टेशन से बयान लेने की कोशिश की, लेकिन संपर्क नहीं हो सका।

(इस रिपोर्ट को मूलत: मेघल सिंह परमार ने ऑपइंडिया गुजराती के लिए लिखी है। आप मूल रिपोर्ट इस लिंक को क्लिक करके पढ़ सकते हैं।)

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મેઘલસિંહ પરમાર
મેઘલસિંહ પરમાર
ઇતિહાસ-રાજકારણમાં રુચિ ધરાવતો, ઘટનાઓના ઊંડાણમાં જઈને બૃહદ પરિપેક્ષથી જોવામાં-લખવામાં વિશેષ રસ ધરાવતો પત્રકાર. ક્યારેક લેખક, ક્યારેક રિસર્ચર, ક્યારેક ફેક્ટચેકર.

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