Monday, June 24, 2024
Homeदेश-समाज'8 साल की बच्ची का मंदिर में रेप, ब्राह्मण पंडित ने खेलते हुए किया...

‘8 साल की बच्ची का मंदिर में रेप, ब्राह्मण पंडित ने खेलते हुए किया था किडनैप’ – ओसवाल बुक्स ने छापा विवादित पेपर, FIR की माँग

"अनीता एक 8 साल की बच्ची है। एक दिन वह सड़क पर खेल रही थी। तभी एक ब्राह्मण पंडित वहाँ आया और उसने बच्ची का अपहरण कर के खाली पड़े मंदिर में जा कर उसका रेप किया। अनीता के लिए मुआवजे का दावा कौन करेगा?"

देश की तमाम प्रतिष्ठिति परीक्षाओं की तैयारियों के लिए किताबें छापने वाला आगरा स्थित प्रकाशन ‘ओसवाल बुक्स’ विवादों में घिर गया है। यह विवाद उसके द्वारा CLAT परीक्षा के मॉक टेस्ट के लिए छापे गए पेपर में एक प्रश्न पर खड़ा हुआ है। इस प्रश्न में ओसवाल बुक्स ने ब्राह्मणों को रेपिस्ट के तौर पर दिखाने का प्रयास किया है।

साथ ही इसी CLAT परीक्षा के मॉक टेस्ट पेपर में मंदिरों को दुष्कर्म का स्थान बताया गया है। विवाद बढ़ने के बाद ओसवाल बुक्स ने 16 जून 2022 (गुरुवार) को माफ़ी माँगी है। इस प्रकाशन के खिलाफ हालाँकि कार्रवाई की माँग जोर पकड़ रही है।

सुप्रीम कोर्ट के अधिवक्ता शशांक शेखर झा ने इस विवादित पेपर को शेयर किया है। इसमें सवाल संख्या 84 में लिखा गया, “अनीता एक 8 साल की बच्ची है। एक दिन वह सड़क पर खेल रही थी। तभी एक ब्राह्मण पंडित वहाँ आया और उसने बच्ची का अपहरण कर के खाली पड़े मंदिर में जा कर उसका रेप किया। बच्ची 2 दिन बाद अधिक खून बह जाने के चलते बेसुध और गंभीर अवस्था में मिली। अनीता के लिए मुआवजे का दावा कौन करेगा?”

मॉक पेपर- चित्र साभार – शशांक शेखर झा

अधिवक्ता शशांक शेखर झा ने अपनी शिकायत में आगरा पुलिस को टैग किया है। उन्होंने इस पेपर में लिखे शब्दों से ब्राह्मण समुदाय की भावनाओं को आघात पहुँचने का आरोप लगाते हुए इसे तैयार करने वाले के खिलाफ FIR दर्ज करने की माँग की है। वहीं FIR की माँग पर आगरा पुलिस ने पूरी जानकारी के साथ संबंधित थाने पर सम्पर्क करने के लिए कहा है।

विवाद बढ़ा तो माँगी माफ़ी

ओसवाल बुक्स ने हालाँकि विवाद बढ़ने पर इस पेपर पर माफ़ी माँगी है। अपने माफ़ीनामें में ओसवाल बुक्स ने लिखा, “हम बिना शर्त माफ़ी माँगते हैं। हमारे पेपर से संभवतः कुछ लोगों की भावनाएँ आहत हुई हैं। इस भूल के जिम्मेदार व्यक्ति पर हमने तुरंत एक्शन भी लिया है। हम तत्काल प्रकाशित हुई सभी कॉपियों को वापस मँगवा रहे हैं। साथ इस इस पेपर को सभी ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से हटवा रहे हैं। हम सबका सम्मान करते हैं। एक बार फिर से अगर किसी की भावनाएँ आहत हुई हों तो हम उनसे क्षमा माँगते हैं।”

माफीनामा (साभार- शशांक शेखर झा)

गौरतलब है कि ओसवाल बुक्स साल 1984 में नरेश जैन नाम के व्यक्ति द्वारा शुरू की गई थी। वही इसके मैनेजिंग डायरेक्टर भी हैं। यहाँ से CBSE, ISC, ICSE और कर्नाटक बोर्ड की पुस्तकों का प्रकाशन होता है। इसी के साथ ओसवाल बुक्स JEE, NEET, RRB-NTPC, CAT और CLAT जैसे राष्ट्रीय स्तर की परीक्षाओं की किताबें छापता है।

Special coverage by OpIndia on Ram Mandir in Ayodhya

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘तू क्यों नहीं करता पत्रकारिता?’: नाना पाटेकर ने की ऐसी खिंचाई कि आह-ओह करने लगे राजदीप सरदेसाई, अभिनेता ने पूछा – तुझे सिर्फ बुरा...

राजदीप सरदेसाई ने कहा कि 'The Lallantop' ने वाकई में पत्रकारिता के नियम को निभाया है, जिस पर नाना पाटेकर पूछ बैठे कि तू क्यों नहीं इसको फॉलो करता है?

13 लोग ऐसे भी जो घर में सोने आए, लेकिन फिर कभी जगे नहीं: तमिलनाडु में जहरीली शराब से अब तक 56 मौतें, चुप्पी...

भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा ने कॉन्ग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे को तमिलनाडु में जहरीली शराब से हुई मौतों के मामले में एक पत्र लिखा है।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -