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‘शराब पीने के बाद लोग जय श्रीराम के नारे लगाएँगे’: यूट्यूबर इकबाल परवेज ने CM शिवराज के बयानों का बनाया फर्जी वीडियो, MP पुलिस ने किया अरेस्ट

पिछले 15 सालों से मुंबई में रह रहा बिहार का रहने वाला इकबाल परवेज ने 'Sach Sabse Tez' नाम के यूट्यूब चैनल पर 'ये क्या बोल रहे हैं बीजेपी के मुख्यमंत्री' नाम से एक वीडियो शेयर किया था।

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chauhan) की एक फर्जी वीडियो को लेकर राज्य पुलिस की अपराध शाखा (Madhya Pradesh Police Crime Branch) ने मुंबई से इकबाल परवेज नाम के कथित पत्रकार और यूट्यूबर को गिरफ्तार किया है। परवेज ने सरकार की शराब नीति से संबंधित मुख्यमंत्री चौहान के बयानों को एडिट कर एक आपत्तिजनक वीडियो बनाया था। इस वीडियो को परवेज ने यूट्यूब और अन्य सोशल मीडिया पर वायरल किया था।

बिहार का रहने वाला इकबाल परवेज पहले पत्रकार रह चुका है और अब ‘सच सबसे तेज’ नाम का एक यूट्यूब चैनल चलाता है। वह पिछले 15 सालों से मुंबई रह रहा है। गिरफ्तार करने के बाद पुलिस उसे भोपाल लेकर आई है और दो दिन के रिमांड पर लेने के बाद पूछताछ कर रही है।

दरअसल, सरकार की शराब नीति की घोषणा के बयान, जिसमें उत्पाद शुल्क को कम कर दिया गया है और ₹1 करोड़ से अधिक की वार्षिक आय वाले लोगों के लिए नए होम बार लाइसेंस देने से संबंधित है। इस फर्जी वीडियो को लेकर उस पर आईपीसी की धारा 500, 501, 505 (2), 465, 469 और 294 के तहत मामला दर्ज किया गया है।

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के फर्जी वीडियो के मामले पर क्राइम ब्रांच के डीसीपी अमित कुमार ने बताया कि पुलिस को इसके बारे में गुरुवार (27 जनवरी 2022) को शिकायत मिली थी। मुंबई से इकबाल परवेज नाम के लड़के को गिरफ्तार किया गया है और उसे भोपाल लाया गया है। इकबाल परवेज ने ‘Sach Sabse Tez’ नाम के यूट्यूब चैनल पर ‘ये क्या बोल रहे हैं बीजेपी के मुख्यमंत्री’ नाम से एक वीडियो शेयर किया था।

उन्होंने आगे बताया कि उसमें मध्य प्रदेश सरकार की नई शराब नीति को लेकर सीएम के पुराने बयानों को जोड़कर शराब नीति से संबंधित एक वीडियो को आपत्तिजनक रूप देकर शेयर किया था। वीडियो में यह भी कहा गया कि ‘शराब पीने के बाद लोग जय श्रीराम के नारे लगाएँगे’। वीडियो में जिक्र कर रहे लोगों की भी पुलिस जाँच कर रही है। अगर वे लोग भी दोषी पाए जाते हैं तो इस मामले में उन्हें भी आरोपी बनाया जाएगा।

डीसीपी के मुताबिक, प्रारंभिक जाँच में पता चला है कि इकबाल किसी दूसरे व्यक्ति के यू-ट्यूब चैनल के लिए काम करता है। पूछताछ के दौरान उसने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के बयानों को फर्जी तरीके से एडिट कर आपत्तिजनक वीडियो बनाकर अपलोड करने की बात स्वीकार की है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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