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भाजपा कोरोना से बड़ी बीमारी, मॉं-बहनों से अपील है, एक बार इस मर्ज से लड़ लीजिए: अखिलेश यादव

"जिस विषय को लेकर लोग चिंतित हैं वह कोरोना से ज्यादा खतरनाक है। हम इस बीमारी के खिलाफ कुछ दिन लड़ लेंगे, लेकिन यह भाजपा जो अपने स्वार्थ के लिए देश भर में घृणा फैला रही है, यह गंभीर बीमारी है। मैं अपनी सभी मॉं बहनों से अपील करता हूँ कि कोरोना से बचने के लिए जो करना हो वो करिए लेकिन एक बार इस मर्ज से लड़ लीजिए।"

जिस समय भारत सहित समूचा विश्व घातक कोरोना वायरस के खिलाफ लड़ाई लड़ रहा है जिसके कारण अब तक कुल 7500 से ज्यादा लोगों की मृत्यु हो चुकी है ठीक उसी वक्त कुछ पॉलिटिकल लीडर्स अपनी राजनीति चमकाने के फेर में भाषाई मर्यादा को ताक पर रख, कोरोना वायरस से विपक्षियों की तुलना में व्यस्त हैं। लखनऊ में अपनी प्रेस कॉन्फ्रेन्स के दौरान समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने आज एक चौंकाने वाला बयान दिया। सपा चीफ अखिलेश ने प्रेस से बातचीत में भाजपा को कोरोना वायरस से बड़ा वायरस करार दिया।

अपनी प्रेस कॉन्फ्रेन्स में अखिलेश ने योगी सरकार पर हमला बोलते हुए, उस पर कोरोना वायरस को गंभीरता से न लेने का आरोप लगाया। अखिलेश यादव ने भाजपा पर हमला करते हुए कहा, “जिस विषय को लेकर लोग चिंतित हैं वह कोरोना से ज्यादा खतरनाक है। हम इस बीमारी के खिलाफ कुछ दिन लड़ लेंगे, लेकिन यह भाजपा जो अपने स्वार्थ के लिए देश भर में घृणा फैला रही है, यह गंभीर बीमारी है। मैं अपनी सभी मॉं बहनों से अपील करता हूँ कि कोरोना से बचने के लिए जो करना हो वो करिए लेकिन एक बार इस मर्ज से लड़ लीजिए फिर उसके बाद हम सभी को भाजपा जैसी गंभीर दीर्घकालिक बीमारी से लड़ने को तैयार रहना होगा।”

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार याद रहे कि कोरोना वायरस को फैलने से रोकने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने सभी शैक्षणिक संस्थानों, सिनेमा घरों मल्टीप्लेक्सेस और पर्यटक स्थलों को 2 अप्रैल तक बंद कर दिया है, साथ ‘वर्क फ्रॉम होम’ प्रोटोकॉल को यथासम्भव पालन करने का आदेश दिया है। इसके अलावा प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लोगों से भीड़भाड़ वाली जगहों पर न जाने और इस संबंध में गैर जरूरी भय से बचने की सलाह दी है। प्रदेश सरकार ने लखनऊ में जारी अपने स्टेटमेंट में सभी कोरोना वायरस से पीड़ित मरीजों का इलाज और जाँचें मुफ्त कराने की बात भी कही है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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