Wednesday, October 21, 2020
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‘जान बची तो लाखों पाए’: कंगना ने शिव सेना को बताया सोनिया सेना, कहा- मुंबई में आतंकी प्रशासन का बोलबाला

"चंडीगढ़ मे उतरते ही मेरी सिक्योरिटी नाम मात्र रह गई है। लोग ख़ुशी से बधाई दे रहे हैं। लगता है इस बार मैं बच गई। एक दिन था जब मुंबई में माँ के आँचल की शीतलता महसूस होती थी। आज वो दिन है जब जान बची तो लाखों पाए। शिव सेना से सोनिया सेना होते ही मुंबई में आतंकी प्रशासन का बोल-बाला।"

बॉलीवुड अभिनेत्री कंगना रनौत आज (14 सितंबर) मुंबई से अपने घर मनाली जाने के लिए रवाना हो गईं। उन्होंने चंडीगढ़ पहुँचते ही एक ट्वीट किया और बताया कि उन्हें पहले मुंबई में कैसा महसूस होता था और अब कैसा महसूस किया।

उन्होंने लिखा, “चंडीगढ़ मे उतरते ही मेरी सिक्योरिटी नाम मात्र रह गई है। लोग ख़ुशी से बधाई दे रहे हैं। लगता है इस बार मैं बच गई। एक दिन था जब मुंबई में माँ के आँचल की शीतलता महसूस होती थी। आज वो दिन है जब जान बची तो लाखों पाए। शिव सेना से सोनिया सेना होते ही मुंबई में आतंकी प्रशासन का बोल-बाला।”

इस ट्वीट से पहले कंगना ने अपने एक ट्वीट में बताया था कि वह भारी मन से वापस जा रही हैं। उन्होंने लिखा, “भारी मन से मुंबई से वापस लौट रही हूँ। जिस तरह मुझे इन दिनों परेशान किया गया, मेरे ऊपर अटैक किया गया, मुझे गलत चीजें बोली गईं, मेरा घर तोड़ने की धमकी दी गई और मेरा ऑफिस तोड़ा, सिक्योरिटी को हथियार के साथ मेरे आसपास रहने के लिए कहा गया, मुझे लगता है POK से तुलना करना सही था।”

एक अन्य ट्वीट में उन्होंने यह भी लिखा, “‘दिल्ली के दिल को चीर के वहाँ इस साल खून बहा है, सोनिया सेना ने मुंबई में आजाद कश्मीर के नारे लगवाए, आज आजादी की कीमत सिर्फ आवाज है, मुझे अपनी आवाज दो, नहीं तो वो दिन दूर नहीं जब आजादी की कीमत सिर्फ और सिर्फ खून होगी।”

यहाँ बता दें कि पिछले दिनों बीएमसी की कार्रवाई के बाद से कंगना रनौत लगातार महाराष्ट्र प्रशासन पर हमलावर हैं। बॉलीवुड अभिनेता नास्सर अब्दुल्ला ने शिवसेना का समर्थन करते हुए एक इंटरव्यू में हाल में कहा कि महाराष्ट्र में तोड़फोड़ की घटनाएँ बालसाहब ठाकरे के समय से ही होती आ रही हैं।

उन्होंने दावा किया कि जितने भी शिवसैनिक हैं, वो सभी महिलाओं की इज्जत करते हैं। उन्होंने कहा कि कंगना रनौत शिवसेना के साथ आततायी हो गईं और इसलिए उनका दफ्तर तोड़ा गया। बकौल नास्सर अब्दुल्ला, ये बात तो माननी पड़ेगी कि शिवसैनिकों ने कंगना रनौत के साथ हाथापाई नहीं की।

उल्लेखनीय है कि कंगना रनौत 9 सितंबर को मुंबई पहुँची थीं। उनके आने से पहले शिवसेना नेता संजय राउत ने उन्हें मुंबई वापस न लौटने की धमकी दी थी, जिसके बाद कंगना ने कहा था कि वह मुंबई जरूर आएँगी जिसे जो करना है कर ले। ऐसे में कंगना जब कड़ी सुरक्षा के बीच मुंबई लौट रही थी तो तो बीएमसी ने उनके ऑफिस पर अवैध निर्माण की बात कहते हुए तोड़फोड़ की।

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ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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