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‘हमें PCR टेस्ट नहीं, आजादी चाहिए’ : चीन की सड़कों पर देर रात लगे वामपंथी सरकार के खिलाफ नारे, राष्ट्रपति शी जिनपिंग से कुर्सी छोड़ने की माँग

जीरो कोविड पॉलिसी पर भड़के चीनी लोगों ने यह भी कहा, "हमें पीसीआर टेस्ट नहीं करवाना, हमें आजादी चाहिए, लॉकडाउन खत्म करो, लॉकडाउन खत्म करो।" कथिततौर पर इस प्रदर्शन के दौरान पुलिस और आम जनता में झड़प भी हुई। पुलिस ने कई लोगों को हिरासत में भी लिया।

चीन की कोरोना पॉलिसी से नाराज लोगों ने शंघाई शहर में शनिवार (26 नवंबर 2022) रात जोरदार प्रदर्शन किया। नाराज लोग देर रात लॉकडाउन तोड़कर अपने घरों से बाहर निकले और चीन की वामपंथी सरकार के विरुद्ध नारेबाजी करते हुए अपना गुस्सा जाहिर किया।

बताया जा रहा है कि उरुमकी के एक अपार्टमेंट में आग लगने के बाद यह प्रदर्शन शुरू हुआ। लोगों ने भारी तादाद में सड़कों पर इकट्ठा होकर सीसीपी सरकार के विरुद्ध नारेबाजी की। सामने आई वीडियोज को लेकर दावे किए गए कि लोगों ने वामपंथी सरकार को ललकारते हुए कुर्सी छोड़ने को कहा। लोग बोले- “कम्युनिस्ट पार्टी कुर्सी छोड़ो, शी जिनपिंग कुर्सी छोड़ों।”

जीरो कोविड पॉलिसी पर भड़के चीनी लोगों ने यह भी कहा, “हमें पीसीआर टेस्ट नहीं करवाना, हमें आजादी चाहिए, लॉकडाउन खत्म करो, लॉकडाउन खत्म करो।” कथिततौर पर इस प्रदर्शन के दौरान आम जनता पुलिस के सामने ही नारेबाजी करती रही, जिसे पुलिस ने चुपचाप देखा। सोशल मीडिया यह नजारा देख लोग बोले कि शायद ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि पुलिस भी हैरान थी जो दशकों से नहीं हुआ वो अब हो रहा है।

नेशनल के वरिष्ठ यूएस पत्रकार जॉयस करम ने ट्विटर हैंडल पर प्रदर्शन की तस्वीरें साझा करते हुए कहा कि चीन के सबसे बड़े शहर में कोविड कोविड पाबंदियों के खिलाफ प्रदर्शन हुआ। लोगों ने चिल्लाया- “हमें आजादी दो।”

एक यूजर ने इस वीडियो को शेयर करके प्रदर्शनकारियों की तारीफ की। उन्होंने लिखा कि जब भीड़ ‘आजादी चाहिए, आजादी चाहिए’ चिल्ला रही थी तो पुलिस भी उन्हें नहीं रोक रही थी। क्या अब चीन के लोगों का सब्र का बाँध टूट चुका है।

उल्लेखनीय है कि चीन में लगे लॉकडाउन के बीच गुरुवार रात एक बड़ा हादसा हुआ था। वहाँ 21 मंजिला आवासीय इमारत में आग लग गई थी जिसमें 10 लोगों की मौत हो गई थी। वहीं 9 लोग घायल हो गए थे। इसी घटना के बाद लोगों में गुस्सा भड़का और उन्होंने वामपंथी सरकार के खिलाफ सड़कों पर आवाज बुलंद की। इससे पहले ऐसी आवाज चुनावों के दौरान देखने को मिली थी जब चीन में शी जिनपिंग दोबारा देश के राष्ट्रपति चुने जा रहे थे। लोगों ने उनके खिलाफ पोस्टर और नारेबाजी सड़कों पर आकर की थी।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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