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पाकिस्तान में MBBS सीटों के नाम पर टेरर फंडिंग: J&K पुलिस ने 4 को किया गिरफ्तार, हुर्रियत की बड़ी भूमिका का खुलासा

“संख्या 57 से अधिक हो सकती है। ये 57 हमारे संज्ञान में आए। हम ऐसे और मामलों का पता लगाने की दिशा में काम कर रहे हैं, जहाँ लोग छात्र वीजा (पाकिस्तान) पर गए थे, लेकिन उनकी अब तक कोई सूचना ज्ञात नहीं हैं। ”

जम्मू-कश्मीर में टेरर फंडिंग के जरिए पाकिस्तान में एमबीबीएस की सीटें खरीदने का मामला सामने आया है। इस मामले में राज्य के डीजीपी दिलबाग सिंह ने बुधवार (18 अगस्त 2021) को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इस बात की जानकारी दी कि हुर्रियत टेरर फंडिंग के जरिए केंद्र शासित प्रदेश के छात्रों के लिए पाकिस्तान में मेडिकल सीटें खरीदने के आरोप में चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है।

डीजीपी ने बताया कि गिरफ्तार किए गए लोगों में ‘साल्वेशन मूवमेंट’ का अध्यक्ष मोहम्मद अकबर भट उर्फ ​​जफर भट, फातिमा शाह, मोहम्मद अब्दुल्ला शाह और शबज़ार अहमद शेख शामिल हैं। रिपोर्ट के मुताबिक, कथित तौर पर मोहम्मद अब्दुल्ला शाह का भाई 90 के दशक में पाकिस्तान में जाकर बस गया था और वहाँ से वो हुर्रियत के सूत्रधार के रूप में काम करता था।

डीजीपी दिलबाग सिंह ने यह भी बताया है कि केस की जाँच चल रही है और अन्य आरोपियों का विवरण फिलहाल सार्वजनिक नहीं किया जा सकता है।

मीडिया के सवालों के जवाब में सिंह ने खुलासा किया कि जम्मू-कश्मीर के कम से कम 57 मामले ऐसे थे, जिसमें छात्र वीजा पर सीमा पार गए और आतंकवादी बनकर लौटे। इनमें से 17 को एनकाउंटर में ढेर किया जा चुका है। इसके अलावा लगभग 14 से 15 अभी भी विभिन्न आतंकी संगठनों में आतंकवादी के रूप में सक्रिय हैं, जबकि अन्य 17 को किसी न किसी आपराधिक मामले में गिरफ्तार किया गया है।

सिंह ने आगे बताया कि पाकिस्तान में एक दर्जन से भी कहीं ज्यादा आतंकी शिविरों के सक्रिय होने का संदेह है। उन्होंने आगे कहा, “संख्या 57 से अधिक हो सकती है। ये 57 हमारे संज्ञान में आए। हम ऐसे और मामलों का पता लगाने की दिशा में काम कर रहे हैं, जहाँ लोग छात्र वीजा (पाकिस्तान) पर गए थे, लेकिन उनकी अब तक कोई सूचना ज्ञात नहीं हैं।”

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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