Homeविविध विषयअन्यदारू, ड्रग और हिंसा वाले गाने ना गाएँ दिलजीत दोसांझ, तेलंगाना की रेवंत रेड्डी...

दारू, ड्रग और हिंसा वाले गाने ना गाएँ दिलजीत दोसांझ, तेलंगाना की रेवंत रेड्डी सरकार ने थमाया नोटिस: हैदराबाद में हो रहा है कॉन्सर्ट

पंजाबी सिंगर को यह नोटिस चंडीगढ़ के प्रोफेसर पंडितराव धरनेवर की शिकायत के बाद जारी किया गया है। उन्होंने शिकायत में बताया था कि दोसांझ ने लाइव शो में दारू आदि से जुड़े गाने गाए। इसके साथ उन्होंने वीडियो एविडेंस भी दिए थे।

पंजाबी सिंगर दिलजीत दोसांझ का 15 नवंबर यानी आज हैदराबाद में ‘दिल-लुमिनाटी’ कॉन्सर्ट होना है लेकिन उससे पहले सिंगर को राज्य सरकार ने कानूनी नोटिस भेजा है। नोटिस में शर्त रखी गई है कि दिलजीत इस कॉन्सर्ट में शराब, ड्रग्स और हिंसा से जुड़े कोई गाने न गाएँ।

पंजाबी सिंगर को यह नोटिस चंडीगढ़ के प्रोफेसर पंडितराव धरनेवर की शिकायत के बाद जारी किया गया है। उन्होंने शिकायत में बताया था कि दोसांझ ने लाइव शो में दारू आदि से जुड़े गाने गाए। इसके साथ उन्होंने वीडियो एविडेंस भी दिए थे।

इसी शिकायत के बाद रंगारेड्डी जिले के महिला एवं बाल, विकलांग और वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण विभाग के जिला कल्याण अधिकारी द्वारा 7 नवंबर को जारी नोटिस जारी किया गया। नोटिस में कहा गया है,”हम आपके लाइव शो में दारू, ड्रग्स और हिंसा को बढ़ावा देने से रोकने के लिए एडवांस में यह नोटिस जारी कर रहे हैं।”

नोटिस में यह भी कहा गया, “विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार, व्यस्कों को 140 डेसिबल से ज्यादा साउंड प्रेशर के कॉन्टैक्ट में नहीं आना चाहिए और बच्चों को 120 डेसिबल से ज्यादा… इसलिए, बच्चे लाइव शो के दौरान मंच पर नहीं आने चाहिए क्योंकि स्टेज पर साउंड प्रेशर 120 डेसिबल से ऊपर हो जाता है।”

उल्लेखनीय है कि आज शाम 7 बजे हैदराबाद के एयरपोर्ट एप्रोच रोड स्थित जीएमआर एरिना में ‘दिल-ल्यूमिनाटी’ कॉन्सर्ट आयोजित होगा। इस शो का प्रचार राज्य में जोरो-शोरों से हुआ है। इससे पहले दिलजीत का प्रोग्राम दिल्ली के जेएलएन स्टेडियम में हुआ था जहाँ अगले दिन हर जगह दारू की बोतल पड़ी मिली थी

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

बेचे जाने और लीज पर देने का अंतर भूल बैठे हैं अखिलेश यादव, JPNIC ‘बिक गया’ या सिर्फ लीज पर गया? सपा प्रमुख के...

JPNIC विवाद में अखिलेश यादव के ‘बेचने’ के आरोप की पड़ताल पर जानिए योगी सरकार का लीज मॉडल, CAG की आपत्तियां और 265 करोड़ से 865 करोड़ तक कैसे पहुँचा प्रोजेक्ट।

UP में तेजी से बढ़ रही है ‘गो-इकोनॉमी’, दूध के साथ-साथ गोमूत्र भी बन रहा है रोजगार का साधन: शैम्पू, साबुन और ऑर्गेनिक फर्टिलाइजर...

सवाल उनसे है जो गाय, गोबर और गौमूत्र का नाम सुनते ही मजाक बनाने लगते हैं- जब यही व्यवस्था किसान का खर्च घटाकर उसकी आय बढ़ा रही है और तो उपहास किस बात का है?
- विज्ञापन -