इलाके के नालों से निकलती लाशों से वहाँ पर हड़कंप मचा हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि अभी नालों से और भी शव निकल सकते हैं। स्थानीयों की मानें तो दंगाइयों ने हत्या करने के बाद शव को छिपाने के लिहाज से उन्हें नाले में फेंका था, इसलिए...
पिछले हफ्ते दो शव हुगली नदी के किनारे जली अवस्था में मिले थे। इनकी पहचान 22 साल की रिया और उसकी 40 वर्षीय मॉं रमा डे के तौर पर की गई है। सद्दाम और उसके साथी मंजूर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
गैंगस्टर एजाज लकड़ावाला ने दाऊद से जुड़े कई राज उगले हैं। बताया है कि कैसे मिर्जा दिलशाद बेग की वजह से डी गैंग का सरगना बच गया। उसने थाइलैंड और बांग्लादेश में भी दाऊद की पकड़ का खुलासा किया है।
शबीब मोमिन वैन की पीछे वाली सीट पर आकर बैठ जाता था। बड़े बच्चों को दूसरी तरफ देखने के लिए कहता था और 5 साल की बच्ची का प्राइवेट पार्ट छूता था। वो बच्ची को धमकी भी देता था कि अगर उसने ये बात किसी को बताई तो वो उसकी माँ और दादी माँ को मार डालेगा।
असम के बोडोलैंड टेरिटोरियल कॉउन्सिल के अध्यक्ष की पत्नी की कार पर हुआ हमला। अज्ञात हमलावरों की इस पत्थरबाजी में कार काफी क्षतिग्रस्त हो गई हालाँकि कार सवार किसी व्यक्ति को किसी प्रकार की चोटें आने का कोई समाचार नहीं है।
राजस्थान के नागौर में दलित युवक के साथ हुई बर्बरता के बाद बाड़मेर जिले में भी एक युवक के साथ इसी तरह की बर्बरतापूर्ण हरकत होने की खबरें आ रहीं हैं, जिसमें मोबाइल फोन चोरी के आरोप में एक युवक के साथ मारपीट और उसके प्राइवेट पार्ट्स में सरिया डालने का आरोप है।
आरोपित ने पुलिस को बताया कि उसने बीवी के प्राइवेट मैसेज में उसकी न्यूड तस्वीरें देखी थी। यह तस्वीर किसी और शख्स के साथ शेयर की गई थी और उसका रिप्लाई भी आया था। इससे उसका शक और गहरा गया।
प्लेटफॉर्म पर मौजूद पब्लिक ने लुटेरों में से एक 26 वर्षीय मो. इब्राहिम शेख को मौके से धर दबोचा, जिसे बाद में पुलिस के हवाले कर दिया गया। जबकि उसका साथी मौके से भागने में कामयाब हो गया।
नूरुल्ला और उसके रिश्तेदारों ने हज पर जाने की योजना बनाई। इसके लिए उन्होंने आरोपितों से संपर्क किया। बकौल नूरुल्ला, जनवरी से अगस्त के बीच उनलोगों ने कई किश्तों में कुल 1.1 करोड़ रुपए दिए, लेकिन उन्हें हज के लिए आरोपितों ने नहीं भेजा।
इंदौर में फर्जी पासपोर्ट बनवाकर रहने वाले तीन बांग्लादेशी गिरफ्तार हुए हैं। आरोपित पहचान बदलकर ना सिर्फ इंदौर में रह रहे थे बल्कि देह व्यापार और नकली नोट का धंधा भी चला रहे थे। इस गिरोह की सरगना बांग्लादेशी महिला है। इसका असली नाम बेगम खातून है।