"सभी राज्यों को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि कोरोना संक्रमित मरीजों के लिए अलग से अस्पताल की व्यवस्था हो। इलाज करने वाले डॉक्टरों की सुरक्षा के उपाय किए जाएँ। COVID-19 के उपचार के संबंध में डॉक्टरों के लिए ऑनलाइन ट्रेनिंग की सुविधा भी प्रदान की जाए।"
आइसोलेशन में रखे गए जमाती बिना कपड़ों, पैंट के नंगे घूम रहे हैं। यही नहीं, आइसोलेशन में रखे गए तबलीगी जमाती अश्लील वीडियो चलाने के साथ ही नर्सों को गंदे-गंदे इशारे भी कर रहे हैं।
सोशल मीडिया पर एक युवक का वीडियो वायरल हो रहा था जिसमें युवक कोरोना वायरस को अल्लाह का अजाब बताकर पाँच सौ के नोटों की गड्डी पर नाक और मुँह पोंछते हुए नजर आ रहा था। नासिक पुलिस ने उस शख्स की पहचान कर उसे गिरफ्तार कर लिया है।
अपनी गाड़ी उन्होंने काफी पहले छोड़ दी। फिर खुली हुई राशन की दुकान पर घूँघट में अन्य खरीदारों के बीच शामिल हो गईं। एसडीएम ने बताया कि लॉकडाउन के दौरान कई दुकानदार एमआरपी से अधिक मूल्य पर या वस्तुएँ बेच रहे थे।
उज्जैन की एक मस्जिद में मौलवी बुधवार की रात 25-30 लोगों को नमाज अदा करवा रहा था। पुलिस को जब इसकी जानकारी मिली तो नमाज अदा कर रहे लोगों को बाहर निकाला गया। मौलवी के खिलाफ मामला दर्ज करते हुए मस्जिद में ताला जड़ दिया गया है।
गृह मंत्रालय ने इन सबका पर्यटक वीजा भी रद्द कर दिया है जिससे कि ये अब कभी भी भारत नहीं आ सकेंगे। देश में अब तक सामने आए कोरोना के मामलों में से लगभग 20% तबलीगी जमात से जुड़े बताए जा रहे हैं।
जमात के इज्तिमा में शामिल लोगों की देशभर में तलाश की जा रही है। झारखंड में इनमें से एक नाम मंत्री हाजी हुसैन अंसारी के बेटे तनवीर का भी है। लेकिन, हैरानी की बात यह है कि मंत्री पर इस बात को छिपाने के आरोप लग रहे हैं। हालॉंकि उनका पूरा परिवार होम क्वारंटाइन में चला गया है।
इंदौर प्रशासन ने वहाँ अर्धसैनिक बल की तैनाती करने का निर्णय लिया है। पथराव और हमला करने वालों के वीडियो वहाँ मौजूद स्थानीय लोगों द्वारा बनाए गए थे। चश्मदीदों से भी वीडियो में नज़र आने वालों की शिनाख्त करवाई जा रही है।
लॉकडाउन के बीच ये छात्र विश्वविद्यालय परिसर से बाहर जाने की कोशिश कर रहा था। लेकिन जब उसे सुरक्षाकर्मियों द्वारा रोका गया, तो वह वहीं बैठ गया और सुरक्षाकर्मियों से जिरह करने लगा।