इंडिया टुडे के पत्रकार अशरफ वानी ने केवल ऐसी मौत का दावा ही नहीं किया जो असल में हुई नहीं है बल्कि भारतीय सेना के खिलाफ एक फेक नैरेटिव स्थापित करने का प्रयास भी किया है।
आर्टिकल 370 हटने के बाद डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी की पहली जयंती है। इसी दिन के लिए उन्होंने कहा था, एक देश में दो विधान, दो प्रधान और दो निशान नहीं चलेंगे।
जवाबी कार्रवाई में दो सीआरपीएफ कर्मी घायल हो गए। वहीं जवानों ने भी 1 आतंकी को मार गिराया। और उसके शव को कब्जे में लेते हुए उसके पास से भारी मात्रा में हथियार और गोला बारूद भी बरामद किया।
सोशल मीडिया के जरिए एक बार फिर भारतीय सेना और सुरक्षाबलों की छवि को धूमिल करने के उद्देश्य से एक फर्जी नैरेटिव रचने का प्रयास किया जा रहा है कि बशीर अहमद की मृत्यु CRPF की गोली लगने से हुई।