2017 में गोवा की अदालत से आरोप तय हो जाने के बाद तेजपाल ने बॉम्बे हाईकोर्ट का रुख़ किया था। हाई कोर्ट ने भी आरोप खारिज करने की उनकी याचिका नामंजूर कर दी थी।
11वीं-12वीं शताब्दी के मंदिर में कुतुबुद्दीन ने लड़की को किसी बहाने बुलाया। फिर नशीली दवा खिलाई और कई बार बलात्कार किया। मंदिर की देखरेख करने वाले 2 लोगों ने रंगेहाथ कुतुबुद्दीन को पकड़ लिया और सबूत के तौर पर इसकी रिकॉर्डिंग भी की।
पीड़ित के अनुसार, "15-वर्षीय आरोपित लड़का मुझे एक कमरे में ले गया। वहाँ पहले मेरे साथ मारपीट की, और बाद में बलात्कार किया।" इस घटना की FIR तब कराई गई जब दिल्ली के रहने वाले छठी कक्षा के पीड़ित छात्र ने अपने माँ-बाप को इस बारे में बताया।
एक अगस्त को सुप्रीम कोर्ट ने इस संबंध में सभी मामले उत्तर प्रदेश से दिल्ली की सीबीआई अदालत को ट्रांसफर करने का आदेश दिया था। 8 अगस्त को सीबीआई ने अदालत में बताया कि विधायक सेंगर के खिलाफ नाबालिग से रेप के पुख्ता सबूत हैं।
‘‘कॉलेज के चिकित्सकों का दल पीड़िता और उसके वकील का इलाज करने में पूरी तरह से समर्थ है और केजीएमयू के सबसे अच्छे डॉक्टरों की टीम दोनों का इलाज कर रही है।’’ रोगियों के परिजन की भी यही इच्छा है कि दोनों का इलाज लखनऊ में ही कराया जाए।
अतिरिक्त सरकारी वकील (APP) सुभाष प्रसाद ने बताया कि चूँकि आरोपित नाबालिग है, इसलिए फिलहाल उसे जेल में न रखकर 21 साल की आयु तक सुरक्षा गृह में रखा जाएगा।
मुख्य आरोपित रिंकू साहू की माँ गिरीडीह जिला पुलिस मुख्यालय में हवलदार है। रिंकू पहले से ही कई मामलों में आरोपी भी रहा है। रिंकू की माँ का कहना है कि उसका बेटा साइको है, जिसके चलते उसने इस वारदात को अंजाम दिया।
महिला के मुताबिक शनिवार को वह खरीददारी करने बाजार गई थी, लेकिन जब घर लौटी तो सामने वाले कमरे में उसे कोई नहीं दिखा। उसने दूसरे कमरे में जाकर देखा तो वहाँ उसका शौहर बेटी के साथ दुष्कर्म कर रहा था।
5 फरवरी 2015 को टप्पल क्षेत्र से 15 वर्षीय बच्ची की गई थी अगवा। एसएसपी के निर्देश पर 30 मई को मुकदमा दर्ज हुआ। 28 अगस्त 2016 को बच्ची को बरामद कर साजिद को गिरफ्तार किया गया।