क्या यह विचित्र नहीं है कि इस देश में हिंदू अराध्यों को गाली दी जा सकती है, देश के टुकड़े-टुकड़े करने की बात हो सकती है... पर गाँधी पर सवाल नहीं किया जा सकता।
कंगना रनौत ने महात्मा गाँधी पर निशाना साधते हुए लिखा, "भारत पर अत्याचार करने वालों के विरुद्ध लड़ने का साहस न रखने वाले कुछ नेता सत्ता के भूखे थे, धूर्त थे।