विषय

मीडिया फैक्ट चेक

आखिर CM रावत ने India Today से ये क्यों कहा- भ्रामक खबर फैलाने से बचें?

India Today ने अपने समाचार चैनल पर दावा किया कि उत्तराखंड सरकार ने देहरादून में रविवार, 29 नवम्बर से लॉकडाउन घोषित किया है।

इंडिया टुडे से लेकर द वायर तक, सबके झूठ का ED ने किया पर्दाफाश, कहा- PFI और भीम आर्मी के लिंक की हो रही...

ED ने मीडिया की उन खबरों को गलत करार दिया है, जिनमें दावा किया गया था कि एजेंसी ने पाया है कि पीएफआई और भीम आर्मी के बीच कोई लिंक नहीं है।

Alt News: ‘आसमानी गणित’ के सहारे COVID-19 पर भारत की बेहतर स्थिति को फर्जी साबित करने की बचकाना कोशिश

ऑल्टन्यूज़ ने बेहद घटिया हिंदी में दावा किया है कि PM मोदी ने चुनिंदा आँकड़ों के जरिए कोरोना महामारी के मामले में भारत की स्थिति को बेहतर बताने का प्रयास किया है।

पूर्व PM मनमोहन के सलाहकार व NDTV पत्रकार ने फैलाया झूठ, कहा- चीन से भारत में होने वाला आयात 27% बढ़ा

NDTV के मैनेजिंग एडिटर रहे पंकज पचौरी को डॉक्टर मनमोहन सिंह ने जनवरी 2012 में अपना मीडिया सलाहकार नियुक्त किया था।

राहुल-प्रियंका के ठहाके वाले वीडियो के बचाव में इंडिया टुडे ने फर्जी ‘फैक्ट चेक’ कर की क्लीन चिट देने की कोशिश

राहुल गाँधी और प्रियंका कार से कथित तौर पर पीड़ित परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करने के लिए जा रहे थे। वीडियो में भाई-बहनों के ठहाके की आवाज सुनाई देती है।

हाथरस केस में वायर का प्रोपेगेंडा, पीड़िता के बयान को डॉक्टर की रिपोर्ट बताकर पेश किया

द वायर ने मेडिकल रिपोर्ट के तथ्यों को गलत तरीके से पेश किया है। सेक्शन 16 के तहत दर्ज पीड़िता के बयान को डॉक्टर का वर्जन बताकर निष्कर्ष निकाला है कि बलात्कार हुआ था।

द वायर ने एडिटेड वीडियो से कृषि बिल विरोधी प्रदर्शनकारियों पर बीजेपी कार्यकर्ताओं के हमले के बारे में फैलाई फर्जी खबरें, यहाँ जाने सच

वायर के सिद्धार्थ वरदराजन और आरफा शेरवानी जैसे तथाकथित 'निष्पक्ष' पत्रकारों ने जानबूझकर भाजपा कार्यकर्ताओं पर प्रारंभिक हमले को नजरअंदाज कर दिया और इस घटना के बारे में आधे सच को आगे फैलाया कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने कृषि बिल विरोधी प्रदर्शनकारियों पर हमला किया था।

भारत ने एशियन इन्फ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट बैंक से लिया कर्ज: वामपंथी मीडिया और राहुल गाँधी ने चीन से ऋण लेने का किया झूठा दावा

कुछ लोग और वामपंथी मीडिया संगठन हैं, जिन्होंने विस्तारवादी चीनी डिजाइन के खिलाफ भारत के रुख को कमजोर करने और मोदी सरकार के खिलाफ अपने एजेंडे को पूरा करने के लिए इस संकट का इस्तेमाल किया है।

‘चीन से विवाद के चलते गाँव-घर छोड़ रहे बॉर्डर के लोग’ – मीडिया ने चलाई खबर, भारतीय सेना ने कहा – ‘फेक न्यूज’

भारतीय सेना ने अरुणाचल प्रदेश और असम के आम नागरिकों से निवेदन भी किया कि वह इस तरह की झूठी और बेबुनियाद ख़बरों पर भरोसा न करें।

‘जय श्रीराम बुलवा, जबरन शराब पिला कर मार डाला’: कैब ड्राइवर आफताब की हत्या पर मीडिया का झूठ, UP पुलिस ने खोला राज

हत्या से पहले कैब ड्राइवर आफताब को 'जय श्री राम' बोलने के लिए बाध्य किया, शराब पीने के लिए मजबूर किया। - मीडिया की इस खबर का जानिए क्या है सच!

ताज़ा ख़बरें

प्रचलित ख़बरें