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हत्या के मामले में सुशील कुमार की अंतरिम बेल याचिका खारिज, कोर्ट ने पूछा- केस गंभीर नहीं तो भाग क्यों रहे?

“मैं एक अंतराष्ट्रीय स्तर का खिलाड़ी हूँ। पद्मश्री समेत देश के तमाम प्रतष्ठित पदकों और सम्मानों से सुसज्जित हूँ। ओलिंपिक में दो बार पदक जीतने वाला खिलाड़ी हूँ। मुझे छत्रसाल स्टेडियम में मेरे आधिकारिक कर्तव्यों के वहन के लिए आवास मिला हुआ है, जहाँ मैं अपने परिवार के साथ रहता हूँ।”

23 वर्षीय पहलवान सागर राणा की हत्या मामले में फरार चल रहे ओलंपिक विजेता सुशील कुमार की अंतरिम बेल याचिका को दिल्ली की रोहिणी कोर्ट ने आज (मई 18, 2021) खारिज कर दिया है। इससे पहले रोहिणी कोर्ट इस केस में सुशील कुमार और उनके साथियों के ख़िलाफ़ गैर जमानती वारंट जारी कर चुकी है।

जानकारी के मुताबिक, रोहिणी कोर्ट में सुशील की ओर सीनियर एडवोकेट सिद्धार्थ लूथरा और बुजुर्ग वकील आरएस जाखड़ ने दलील दी। उन्होंने सुशील के हवाले से कहा कि उनका (सुशील का) केस में कोई लेना-देना नहीं है। दलीलें सुनने के बाद कोर्ट ने पूछा कि अगर मामला इतना गंभीर नहीं है तो फिर सुशील कुमार क्यों भाग रहे हैं। पुलिस जाँच में सहयोग करें।

सुशील कुमार के वकीलों ने क्या कहा?

वकीलों ने सुशील के हवाले से कहा कि पुलिस ने उनके विरुद्ध दुर्भावनापूर्ण तरीके से केस बनाया है। साथ ही इस मामले में कई तथ्य भी छिपाए गए हैं। दलील में सुशील की ओर से कहा गया, “मैं एक अंतराष्ट्रीय स्तर का खिलाड़ी हूँ। पद्मश्री समेत देश के तमाम प्रतष्ठित पदकों और सम्मानों से सुसज्जित हूँ। ओलिंपिक में दो बार पदक जीतने वाला खिलाड़ी हूँ। मुझे छत्रसाल स्टेडियम में मेरे आधिकारिक कर्तव्यों के वहन के लिए आवास मिला हुआ है, जहाँ मैं अपने परिवार के साथ रहता हूँ।” 

सुशील का कहना है कि उनकी वजह से किसी को कोई चोट नहीं लगी। पुलिस ने मामले में हेरफेर की। उनका मत ये भी है कि घायल व्यक्ति ने उनके विरुद्ध कोई बयान नहीं दिया है। इसके अलावा कार से जो हथियार मिले हैं वो भी उनके नहीं है। सुशील के वकील ने कहा कि इंजरी गन से नहीं हुई, फायरिंग हवा में की गई। मकसद हत्या का नहीं था इसलिए 302 आईपीसी नहीं लगनी चाहिए।

सुशील पर 1 लाख रुपए का इनाम

गौरतलब है कि 5 मई को छत्रसाल स्टेडियम में हुई घटना के बाद से सुशील कुमार फरार हैं। पुलिस ने उसके ऊपर एक लाख रुपए का इनाम घोषित किया है। वहीं उसके पीए अजय को पकड़ने पर 50 हजार रुपए देने की घोषाणा की है। इससे पहले सुशील कुमार के ख़िलाफ़ लुकआउट नोटिस भी जारी हुआ था। वहीं, उससे पूर्व मामले में 24 साल के प्रिंस दलाल को गिरफ्तार किया गया था। दलाल को डबल बैरेल लोडेड बंदूक के साथ दबोचा गया था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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