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सपा सरकार में मुस्लिमों ने 1000 साल पुराना कालिका माता मंदिर का बंद कर दिया था रास्ता, अब Dy CM से मिले हिंदू

यहाँ रहने वाले निषाद माता कालिका को अपनी कुलदेवी मानते हैं। यह क्षेत्र राजभरों और निषादों की संयुक्त छावनी हुआ करता था। अब निषादों का ही एक प्रतिनिधिमंडल यूपी के उप-मुख्यमंत्री मौर्य के पास पहुँचा और उनके समक्ष मंदिर का रास्ता खुलवाने के लिए ज्ञापन दिया।

उत्तर प्रदेश के अंबेडकरनगर में एक हजार वर्ष पुरानी प्राचीन कालिका माता मंदिर का रास्ता खुलवाने के लिए निषाद समुदाय के एक प्रतिनिधिमंडल ने राज्य के उप-मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य से मुलाकात की। मंदिर के पास ही मजार है और मुस्लिम समुदाय के लोगों ने दीवार बनाकर मंदिर जाने का रास्ता रोक दिया है। यही नहीं, मंदिर में स्थापित काली माता की चाँदी की प्रतिमा को भी गायब कर दिया गया है।

अंबेडकरनगर के कटका थाने के भियांव गाँव में लगभग हजार साल पुराना कालिका माता का मंदिर है। इसी के पास सूफी संत मीर शाह की मजार भी है। दैनिक जागरण की रिपोर्ट के मुताबिक, समाजवादी पार्टी की सरकार के दौरान मुस्लिम समुदाय के लोगों ने दीवार बनाकर मंदिर तक आने-जाने का रास्ता बंद कर दिया और ईंटों से मंदिर के मुख्य द्वार की चुनाई करके मंदिर के अंदर जाने पर भी रोक लगा दी।

यही कारण है कि मंदिर जाने वाले श्रद्धालु दूर से ही माता के दर्शन करके वापस आ जाते हैं। यहाँ रहने वाली एक बुजुर्ग महिला बताती हैं कि माता की चाँदी की प्रतिमा को भी साजिशन गायब कर दिया गया। इसके अलावा, उन्होंने यह भी बताया कि सदियों से इस मंदिर में माता कालिका को कड़ाही देने के साथ धार और लौंग अर्पित करने की प्रथा रही है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि मुस्लिम समुदाय के लोगों ने देवी मंदिर को अपने कब्जे में ले रखा है और लोग उनका विरोध भी नहीं कर पा रहे हैं।

यहाँ रहने वाले निषाद माता कालिका को अपनी कुलदेवी मानते हैं। यह क्षेत्र राजभरों और निषादों की संयुक्त छावनी हुआ करता था। अब निषादों का ही एक प्रतिनिधिमंडल यूपी के उप-मुख्यमंत्री मौर्य के पास पहुँचा और उनके समक्ष मंदिर का रास्ता खुलवाने के लिए ज्ञापन दिया। उपमुख्यमंत्री मौर्य ने भी कार्रवाई का आश्वासन दिया है।

हाल ही में दिल्ली के आजादपुर इलाके में बने फ्लाईओवर पर मजार बने होने का मामला सामने आया था। स्थानीय लोगों ने शिकायत की थी यह मजार अवैध रूप से कब्जा की गई जमीन पर बनाई गई और इसके कारण फ्लाईओवर पर अक्सर ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी रहती है। हालाँकि मजार का विरोध कर रहे एक हिन्दू युवक के साथ आदर्श नगर के एसएचओ ने बदसलूकी भी की थी, जिन्हें बाद में सस्पेंड कर दिया गया।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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