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‘राजनीति छोड़िए और समाधि ले लीजिए’: PM मोदी और CM योगी को जया बच्चन की सलाह, पति के नाम पर वोट माँग कहा – लाज बचा लो

जया बच्चन ने प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और पीएम मोदी पर कटाक्ष करते हुए कहा कि योगी मोदी अपनी कुटिया में जाएँ और उनका सार्वजनिक जीवन में कोई काम नहीं है।

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के मद्देनजर सियासी घमासान लगातार जारी है। इसी क्रम में शनिवार (26 फरवरी 2022) को सपा सांसद जया बच्चन औऱ अखिलेश यादव की पत्नी डिंपल यादव ने जौनपुर में चुनाव प्रचार किया। इस दौरान जया बच्चन ने प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और पीएम मोदी पर कटाक्ष करते हुए कहा कि योगी मोदी अपनी कुटिया में जाएँ और उनका सार्वजनिक जीवन में कोई काम नहीं है।

उन्होने कहा, “ये सब काम (राजनीति) छोड़िए और तीर्थ यात्रा पर जाइए। अपनी कुटिया में बैठिए और समाधि लीजिए। ये आपका काम नहीं है। आप सांसरिक भोग को छोड़ चुके हैं तो क्यों आए हैं यहाँ भोग करने? ये ढोंग नहीं चलेगा। ये लोग महिला सुरक्षा की बात करते हैं। लेकिन निर्भया फंड को काटकर इतना छोटा कर दिया कि उसका फायदा किसी भी महिला को नहीं मिलता है।”

जया बच्चन ने शहरों का नाम बदलकर उसे उसका असली नाम देने पर भी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि शहरों का नाम बदलने से न तो लोग बदलेंगे और न ही उनकी परंपराएँ। ये सब ऊपरी दिखावा है। समाजवादी पार्टी को छोटी-मोटी पार्टी बताते हुए जया बच्चन ने भाजपा से उसके चुनाव प्रचार का हिसाब माँगा।

सपा सांसद का दावा है कि वो 15 साल राज्यसभा का सांसद हैं और जब भी महिलाओं की सुरक्षा की बात होती है तो वो आगे बढ़कर उसे उठाती हैं। लेकिन बीजेपी वालों ने इस पर बात तक नहीं की। क्योंकि, इन लोगों का महिलाओं से कोई संबंध नहीं है। आपको सीएम तो सबकुछ त्याग कर बैठे हैं तो महिलाओं की तकलीफ को क्या समझेंगे। इन लोगों को क्या पता परिवार क्या होता है। इसके साथ ही उन्होंने खुद को यूपी की बड़ी बहू करार दिया और डिंपल यादव को छोटी बहू बताया।

अमिताभ के नाम पर माँगे थे वोट

इससे पहले शुक्रवार को सिराथू में जनसभा के दौरान जया बच्चन ने अमिताभ बच्चन के नाम पर वोट माँगा और कहा कि ‘भैया का लाज’ रख लेना। सपा सांसद ने कहा कि गंगा किनारे वाला जो छोरा है, उसकी लाज तो आपको रखनी ही है। इसके साथ ही जया बच्चन ने कहा कि योगी को क्या पता परिवार के बारे में। वो क्या जानें बहू, बेटी क्या होती हैं। मुंबई की भाषा में इन्हें फेकूचंद कहते हैं।

गौरतलब है कि रविवार (27 फरवरी 2022) को उत्तर प्रदेश विधानसभा के पाँचवें चरण का मतदान होगा।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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