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AAP से ‘रोहिंग्या और बांग्लादेशी मुस्लिमों’ को फायदा: घुसपैठियों के साथ केजरीवाल की पार्टी? देखें वीडियो

वीडियो में, 'मुस्लिम फाइटर्स क्लब' चलाने वाले 'इमरान भाई' नाम के शख्स ने दावा किया कि मुस्लिम समुदाय हमेशा से नफरत का शिकार रहा है और सिर्फ केजरीवाल ही मुस्लिमों के सच्चे हितैषी हैं।

अहमदाबाद के जुहापुरा में मुस्लिमों के एक संगठन ‘मुस्लिम फाइटर्स क्लब’ की तरफ से एक बड़ी सभा आयोजित की गई थी। ‘नारा-ए-तकबीर’ के साथ शुरू हुई इस बैठक का एक वीडियो वायरल हो रहा है। इस वीडियो में ‘आम आदमी पार्टी (AAP)’ समर्थक स्वीकार कर रहे हैं कि कैसे दिल्ली में केजरीवाल सरकार ने हर तरह के मुस्लिमों के उत्थान के लिए काम किया है। वीडियो में कहा जा रहा है कि केजरीवाल ने बिहारी मुस्लिम, गुजराती मुस्लिम या कहीं के मुस्लिम चाहे ‘शरणार्थी मुस्लिम (रिफ्यूजी या अवैध घुसपैठिए)’ ही क्यों न हो, इनकी भी आर्थिक स्थिति सुधारी है।

वीडियो में, ‘मुस्लिम फाइटर्स क्लब’ चलाने वाले ‘इमरान भाई’ नाम के शख्स ने दावा किया कि मुस्लिम समुदाय हमेशा से नफरत का शिकार रहा है और सिर्फ केजरीवाल ही मुस्लिमों के सच्चे हितैषी हैं। इमरान ने आगे कहा, “मैंने दिल्ली में अपने मुस्लिम भाइयों से बात की है और उन्होंने कहा है कि उनकी स्थिति में सुधार हुआ है। अरविंद केजरीवाल दुनिया के हर हिस्से के मुस्लिमों का ख्याल रखते हैं।” उन्होंने कहा कि केजरीवाल ‘मुस्लिम शरणार्थियों’ का भी ख्याल रखते हैं। वीडियो में इमरान को ये कहते सुना जा सकता है कि मैं नाम नहीं लूँगा, मैं शरणार्थी कहूँगा, आप लोग जानते ही हैं, मैं किनकी बात कर रहा हूँ।

बता दें कि जनवरी 2020 में ऐसी मीडिया रिपोर्ट्स सामने आई थी कि AAP के विधायक अमानतुल्लाह खान और अरविंद केजरीवाल की दिल्ली सरकार व्यवस्थित रूप से दिल्ली में अवैध रोहिंग्या मुस्लिमों को बसाने का काम कर रहे थे। यही नहीं, अवैध रोहिंग्या उत्तर प्रदेश सरकार के सिंचाई विभाग की लगभग 5.2 एकड़ जमीन पर भी गैरकानूनी रूप से बसे हुए हैं। इस जमीन का खसरा नंबर 612 है। इस जमीन पर रोहिंग्या और बांग्लादेशी मुस्लिम गैरकानूनी रूप से रह रहे हैं।

भाजपा भी दिल्ली की AAP सरकार पर यह आरोप लगाती रही है कि केरजीवाल सरकार अवैध रोहिंग्या मुस्लिमों को राजधानी में बसाने में पूरी मदद कर रही है और उनके भारतीय दस्तावेज़ भी बनवाए जा रहे हैं। ऑपइंडिया ने अपने एक रिपोर्ट में यह भी बताया था कि कैसे ओखला के गरीबों ने अमानतुल्लाह खान पर राशन वितरण में धार्मिक भेदभाव का आरोप लगाया था। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया था कि उन्हें राशन इसलिए नहीं दिया जाता क्योंकि वे हिंदू थे और उन्होंने AAP को वोट नहीं दिया।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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