Homeराजनीति'राहुल गाँधी के पीछे जासूस, भारत जोड़ो यात्रा के बारे में पूछताछ': AAP के...

‘राहुल गाँधी के पीछे जासूस, भारत जोड़ो यात्रा के बारे में पूछताछ’: AAP के बाद अब कॉन्ग्रेस की ‘IB’ थ्योरी, कहा- मोदी-शाह घबरा गए हैं

कॉन्ग्रेस नेता जयराम रमेश ने हाल में एक ट्वीट में आरोप लगाया है कि राहुल गाँधी की भारत जोड़ो यात्रा में जो लोग शामिल हुए उनसे अब आईबी पूछताछ कर रही है। अपने ट्वीट में उन्होंने ये भी कहा कि इस यात्रा में कुछ ऐसा नहीं था जो छिपाकर किया गया।

कॉन्ग्रेस सांसद जयराम रमेश ने हाल में एक ट्वीट में आरोप लगाया है कि राहुल गाँधी की भारत जोड़ो यात्रा में जो लोग शामिल हुए उनसे अब आईबी पूछताछ कर रही है। अपने ट्वीट में उन्होंने ये भी कहा कि इस यात्रा में कुछ ऐसा नहीं था जो छिपाकर किया गया। बस ये जासूसी इसलिए हो रही है क्योंकि इससे मोदी और अमित शाह घबराए हुए हैं।

जयराम रमेश ने 25 दिसंबर को शाम के समय किए अपने ट्वीट में लिखा, “IB ऐसे कई लोगों से पूछताछ कर रही है,जिन्होंने भारत जोड़ो यात्रा के दौरान राहुल गाँधी के साथ बातचीत की थी। जासूस हर तरह के सवाल पूछ रहे हैं और उन्हें सौंपे गए ज्ञापन की कॉपीज़ भी चाहते हैं। यात्रा के बारे में कुछ भी गोपनीय नहीं है लेकिन स्पष्ट रूप से मोदी और शाह(G2) घबराए हुए हैं।”

बता दें कि कॉन्ग्रेस नेता का यह ट्वीट आने के बाद लोग उन्हें केजरीवाल से जोड़ रहे हैं। एक यूजर ने उन्हें कहा, “जयराम रमेश दूसरे केजरीवाल बनने की ओर अग्रसर हैं। जोड़ने भारत को चले हैं पर टीआरपी मोदी और शाह के नाम से नहीं मिल रही।”

आईबी का नाम लेने पर केजरीवाल से तुलना केवल इसीलिए है क्योंकि कॉन्ग्रेस से पहले आईबी शब्द का इस्तेमाल उन्होंने ही किया था गुजरात चुनावों के वक्त आप प्रमुख भी एक कागज दिखाकर दावा कर रहे थे कि उनके पास आईबी की रिपोर्ट है जो बताती है कि इस बार इलेक्शन आम आदमी पार्टी जीतने वाली है। अपनी बात को सही दिखाने के लिए उन्होंने कहा था कि इस रिपोर्ट के मुताबिक वो ज्यादा मार्जिन से नहीं जीत रहे लेकिन उनकी जीत हो रही है।

हालाँकि गुजरात चुनावों के नतीजे आने के बाद आम आदमी पार्टी अपनी ही बात से पलटती दिखी थी। जब लोगों ने उनसे आईबी के बारे में पूछा तो उन्होंने कहा कि उसका मतलब इंटेलिजेंस ब्यूरो नहीं, इंटरनल ब्रॉडकास्टिंग विभाग वाला आईबी कहा था। वही विभाग सीटों का आँकलन करती हैं। अगर भाजपा इस आईबी को खुफिया एजेंसी समझ गई तो इसमें AAP की क्या गलती।

केजरीवाल और AAP की इसी करतूत के कारण अब जयराम रमेश द्वारा ट्वीट में किया गया आईबी शब्द का प्रयोग का मखौल उड़ रहा है। इंदौर के भाजपा विधायक ने उन्हें लिखा, “आदरणीय जयराम रमेश जी, आपकी आईबी भी वही वाली है न जिसका जिक्र आपके प्रिय अरविंद केजरीवाल जी ने किया था।”

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

चुनाव हो या नक्सल विरोधी अभियान या फिर सरकारी प्रतिष्ठानों की सुरक्षा… CRPF है न, दुनिया भर में शांति स्थापना में भी योगदान: जानिए...

CRPF की 27 जुलाई को स्थापना दिवस है। ब्रिटिश काल से लेकर अब तक इसकी भूमिका में काफी बदलाव आए हैं। नक्सलियों से लेकर आतंकवादियों से निपटने तक में ये सबसे आगे रहा।

आंदोलन की मर्यादा बची रहे और इसका राजनीतिक इस्तेमाल ना हो, इसकी जिम्मेदारी अब GenZ पर… नेक नहीं हैं वामी-इस्लामी गिरोह के मंसूबे

NEET आंदोलन की सफलता के बाद सोशल मीडिया, राजनीतिक नैरेटिव और छात्र आंदोलन की मर्यादा पर बड़ा सवाल। पढ़िए Gen Z को सतर्क रहना क्यों जरूरी है।
- विज्ञापन -