"इस रविवार को कोरोना के अंधकार को चुनौती देनी है। 5 अप्रैल को रात 9 बजे सबके 9 मिनट चाहिए। घर की सभी लाइट बंद कर, घर के दरवाजे पर, बॉलकनी में खड़े होकर 9 मिनट, मोमबत्ती, दीया, टॉर्च, फ्लैशलाइट जलाएँ।"
मीरान हैदर मूल रूप से बिहार के सीवान का रहने वाला है। पुलिस के मुताबिक हैदर के खिलाफ दंगों को भड़काने और साजिश के सबूत मिले हैं। उसने शाहीन बाग, जामिया व अन्य जगहों पर विरोध-प्रदर्शन के दौरान भी लोगों को उकसाया था।
सीएमओ ने एमएमजी हॉस्पिटल के क्वारंटाइन सेंटर में भर्ती तबलीगी जमात के लोगों द्वारा नर्सों से बदतमीजी करने की शिकायत की थी। शिकायत में बताया गया था कि क्वारंटाइन में रखे गए तबलीगी जमात के लोग बिना पैंट के घूम रहे हैं। नर्सों को देखकर भद्दे इशारे करते हैं। बीड़ी और सिगरेट की डिमांड करते हैं।
"सभी राज्यों को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि कोरोना संक्रमित मरीजों के लिए अलग से अस्पताल की व्यवस्था हो। इलाज करने वाले डॉक्टरों की सुरक्षा के उपाय किए जाएँ। COVID-19 के उपचार के संबंध में डॉक्टरों के लिए ऑनलाइन ट्रेनिंग की सुविधा भी प्रदान की जाए।"
आइसोलेशन में रखे गए जमाती बिना कपड़ों, पैंट के नंगे घूम रहे हैं। यही नहीं, आइसोलेशन में रखे गए तबलीगी जमाती अश्लील वीडियो चलाने के साथ ही नर्सों को गंदे-गंदे इशारे भी कर रहे हैं।
सोशल मीडिया पर एक युवक का वीडियो वायरल हो रहा था जिसमें युवक कोरोना वायरस को अल्लाह का अजाब बताकर पाँच सौ के नोटों की गड्डी पर नाक और मुँह पोंछते हुए नजर आ रहा था। नासिक पुलिस ने उस शख्स की पहचान कर उसे गिरफ्तार कर लिया है।
अपनी गाड़ी उन्होंने काफी पहले छोड़ दी। फिर खुली हुई राशन की दुकान पर घूँघट में अन्य खरीदारों के बीच शामिल हो गईं। एसडीएम ने बताया कि लॉकडाउन के दौरान कई दुकानदार एमआरपी से अधिक मूल्य पर या वस्तुएँ बेच रहे थे।
उज्जैन की एक मस्जिद में मौलवी बुधवार की रात 25-30 लोगों को नमाज अदा करवा रहा था। पुलिस को जब इसकी जानकारी मिली तो नमाज अदा कर रहे लोगों को बाहर निकाला गया। मौलवी के खिलाफ मामला दर्ज करते हुए मस्जिद में ताला जड़ दिया गया है।