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बुर्का दूँगा, मेरे साथ भाग चलो… 13 साल की लड़की का पीछा करते थे मुनव्वर और अजीम, बंदूक सटा कर निकाह और धर्मांतरण की धमकी

मुंबई में बुर्का और सोने का लालच देकर एक 13 साल की बच्ची पर निकाह का दबाव बनाने का मामला सामने आया है। नाबालिग लड़की को इस्लामी धर्मांतरण के लिए भी धमकी दी गई। 13 साल लड़की को पिछले कई दिनों से परेशान किया जा रहा था। बच्ची माँ ने बताया कि उनकी बेटी का पीछा किया जा रहा था। आरोपित न सिर्फ अश्लील इशारे करते थे, बल्कि गालियाँ भी बकते थे। सोने के गहने और बुर्का का लालच देकर इस्लामी धर्मांतरण करने के लिए कहा जाता था।

ये घटना मुंबई के उपनगर भायंदर की है। महाराष्ट्र पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए 2 लोगों को गिरफ्तार भी किया है। बच्ची की माँ ने बताया कि 20 साल का मुनव्वर मंसूरी और अजीम मंसूरी उनकी बेटी को प्रताड़ित कर रहा था। रात के करीब 8:30 बजे मुनव्वर मंसूरी बच्ची को एक इमारत की छत पर ले गया। वहाँ उसे चेन, अँगूठी और बुर्का देकर उस पर निकाह के लिए दबाव बनाया। न मानने पर धमकी दी।

लड़की को फुसलाते हुए मुनव्वर मंसूरी उसे अपने साथ भाग जाने के लिए भी कह रहा था। माँ ने अपनी शिकायत में कहा है कि जब उनकी बेटी ने इनकार कर दिया, तब मुनव्वर मंसूरी ने उस पर बंदूक तान दी। साथ ही गोली मार कर हत्या कर देने की धमकी दी। बच्ची ने अपनी माँ को पूरी घटना के बारे में बताया, जिसके बाद पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई। पुलिस ने आरोपितों के खिलाफ पॉक्सो एक्ट की धाराएँ भी लगाई हैं।

स्थानीय लोगों को जब इस घटना के बारे में पता चला तो उन्होंने आरोपितों को पकड़ कर उनकी धुनाई भी की। इसका वीडियो भी सोशल मीडिया पर सामने आया है। लड़की को डराने के लिए नकली बन्दूक का इस्तेमाल किया गया था, जिसे जब्त कर लिया गया है। घटना सोमवार (12 जून, 2023) की है। यौन शोषण का मामला भी दर्ज किया गया है। पुलिस ने बताया कि दोनों आरोपित शनिवार तक रिमांड पर रहेंगे, जिसके बाद उन्हें जेल भेज दिया जाएगा।

‘अब ऐसी गलती नहीं होगी, ये हिंदू स्कूल है’: प्रार्थना के दौरान मुंबई के निजी विद्यालय में बजाई गई अजान, भारी विरोध के बाद प्रिंसिपल ने माँगी माफी

महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई (Mumbai, Maharashtra) के एक प्राइवेट स्कूल में सुबह प्रार्थना के दौरान अजान (Azan) बजाने का मामला सामने आया है। इस घटना के बाद छात्र-छात्राओं के माता-पिता भड़क गए हैं। बच्चों के अभिभावक सहित भाजपा और उद्धव ठाकरे की शिवसेना-यूबीटी ने इसके विरोध में प्रदर्शन किया। 

बच्चों के माता-पिता का आरोप है कि प्रार्थना के समय अजान जानबूझकर बजाया गया था। इसका एक वीडियो क्लिप भी वायरल हुआ है। कहा जा रहा है कि 30 सेकेंड के इस क्लिप को आसपास रहने वाले लोगों ने रिकॉर्ड किया है। इस क्लिप के वायरल होते ही स्कूल के बाहर बच्चों के अभिभावकों का जमावड़ा शुरू हो गया।

डीसीपी एके बंसल ने कहा कि इस संबंध में पुलिस को शिकायत मिली है। शिकायत का संज्ञान लेते हुए पुलिस ने मामले की जाँच शुरू कर दी है। उन्होंने कहा कि इसके सभी पहलुओं की बारीकी से जाँच की जाएगी। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

वहीं, स्कूल की प्रिंसिपल रेशमा हेगड़े ने बताया कि स्कूल ने बच्चों को अलग-अलग मजहब के बारे में बताने के लिए ऐसा किया था। चौथी से लेकर 10वीं तक की कक्षा में थे, तभी टीचर ने यह रिकार्डेड क्लिप बजाई थी। स्कूल की प्रधानाध्यापिका ने कहा कि इस मामले को जानबूझकर तूल दिया जा रहा है।

हालाँकि, बवाल बढ़ने के बाद प्रिंसिपल ने माफी माँगी और कहा कि संबंधित टीचर को निलंबित कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि स्कूल में सरस्वती पूजा, गणपति पूजा और नवरात्रि पूजा भी आयोजित की जाती है। प्रिंसिपल ने आश्वस्त किया कि आगे से ऐसा नहीं होगा।

कपोल इंटरनेशनल स्कूल की प्रिंसिपल रेशमा हेगड़े ने कहा, “हम वादा करते हैं कि आगे से ऐसा नहीं होगा। यह एक हिंदू स्कूल है और हमारी प्रार्थनाओं में गायत्री मंत्र और सरस्वती वंदना शामिल हैं। हम आश्वस्त करना चाहते हैं कि भविष्य में इस तरह की घटना को दोहराया नहीं जाएगा।”

इस मामले पर अब राजनीति भी होने लगी है। भाजपा के स्थानीय विधायक योगेश सागर ने घटना के बाद स्कूल के बाहर विरोध प्रदर्शन का नेतृत्व किया। उन्होंने माँग की कि जब तक शिक्षक के खिलाफ कार्रवाई नहीं की जाती है, तब तक वे वहाँ से नहीं हटेंगे।

हंगामा को देखते हुए कांदिवाली में स्थित इस स्कूल को फिलहाल बंद कर दिया गया है और सभी कक्षाओं को निलंबित कर दिया गया है। स्कूल के अधिकारियों ने बताया कि संबंधित शिक्षक को निलंबित कर दिया गया है और इस घटना की आंतरिक जाँच के भी आदेश दिए गए हैं।

‘जानबूझकर रखे ऐसे डायलॉग्स, ताकि कनेक्ट हो सके नई पीढ़ी’: ‘आदिपुरुष’ पर गलती मानने को तैयार नहीं मनोज मुंतशिर, कहा – ऐसे ही बोलते हैं बड़े-बड़े कथावाचक

फिल्म ‘आदिपुरुष’ के संवाद को लेकर भी इसकी आलोचना हो रही है। रामायण पर आधारित इस फिल्म के हिंदी डायलॉग्स मनोज मुंतशिर ने लिखे हैं। फिल्म में हनुमान जी को ‘जलेगी भी तेरे बाप की…’ जैसे डायलॉग्स बोलते हुए दिखाया गया है। लोग इसे हिन्दू देवी-देवताओं का सही चित्रण नहीं मान रहे हैं। अब मनोज मुंतशिर ने विवादों पर सफाई देते हुए कहा है कि डायलॉग्स को जानबूझकर ऐसा रखा गया है, ताकि नई पीढ़ी इससे जुड़ सके।

मनोज मुंतशिर ने शिकायत की है कि फिल्म में भगवान श्रीराम और अन्य किरदारों द्वारा बोले गए संवाद का जिक्र नहीं किया जा रहा है। उन्होंने पूछा कि सिर्फ हनुमान जी की ही बात क्यों हो रही है? बकौल मनोज मुंतशिर, उस संवाद की बात भी होनी चाहिए जब अशोक वाटिका में बैठ कर माँ सीता रावण को चुनौती देते हुए कहती हैं कि तेरी लंका में इतना सोना नहीं है जो जानकी के प्रेम को खरीद सके। बकौल मनोज मुंतशिर, डायलॉग सिंपल रखे गए हैं।

‘तेरी मिट्टी’ जैसे गाने लिख चुके मनोज मुंतशिर का कहना है कि बजरंग बली के डायलॉग्स भी एक प्रक्रिया से गुजरे हैं। उन्होंने कहा कि फिल्म में कई किरदार हैं और सभी एक तरह से बात नहीं कर सकते, अलग होना ज़रूरी है। उन्होंने दावा किया कि दादी-नानियाँ इसी भाषा में रामायण की कथाएँ सुनाती थीं। उन्होंने कहा कि वो छोटे से गाँव से आते हैं जहाँ अखंड रामायण वाचन होता रहता है। मनोज मुंतशिर का दावा है कि पहले भी ऐसे डायलॉग्स लिखे गए हैं और देश के बड़े-बड़े कथावाचक भी ऐसे ही सुनाते हैं।

‘रिपब्लिक टीवी’ से बात करते हुए मनोज मुंतशिर ने कहा कि आम बोलचाल की भाषा ऐसी ही होती है। उन्होंने पूछा कि डायलॉग्स में क्या कमजोर है? मनोज मुंतशिर का कहना है कि बचपन से हम रामायण सुनते आ रहे हैं। बता दें कि खासकर के लंका दहन से पहले हनुमान जी के डायलॉग ‘कपड़ा तेरे बाप का, तेल तेरे बाप का, आग तेरे बाप की, जलेगी भी तेरे बाप की’ वाले डायलॉग पर विवाद हो रहा है। बता दें कि हनुमान जी वाक्चतुर और व्याकरण के विद्वान थे।

हिरोशिमा-नागाशाकी वाले से भी 3 गुना ज़्यादा शक्तिशाली… बेलारूस पहुँच गया पुतिन का परमाणु जखीरा, यूक्रेन युद्ध के बीच रूस ने उठाया बड़ा कदम

क्या रूस और यूक्रेन के युद्ध में परमाणु हथियारों का इस्तेमाल होगा? दुनिया भर के विशेषज्ञों के बीच ये आशंका एक बार फिर से बलवती हो गई है। कारण – रूस के राष्ट्रपति ब्लादिमीर पुतिन ने पुष्टि की है कि उनके देश ने बेलारूस में परमाणु हथियारों के जखीरे को स्थानांतरित किया है। उन्होंने कहा कि अगर रूस के इलाकों को कोई क्षति पहुँचती है तो इनका इस्तेमाल किया जाएगा। हालाँकि, अमेरिका ने कहा है कि रूस परमाणु हथियारों का इस्तेमाल करेगा ऐसा नजर नहीं आ रहा।

बता दें कि बेलारूस पड़ोसी होने के साथ-साथ रूस का सबसे गहरा साझीदार भी है, जिसने यूक्रेन से युद्ध में अपना जमीन इस्तेमाल करने की खुली छूट रूस को दे रखी है। अब व्लादिमीर पुतिन ने साफ़ किया है कि गर्मी का मौसम खत्म होते-होते टैक्टिकल न्यूक्लियर वॉरहेड्स बेलारूस में पूरी तरह तैनात कर दिए जाएँगे। ‘सेंट पीटरस्बर्ग इंटरनेशनल इकोनॉमिक फोरम’ में उन्होंने ये जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सतर्कता के लिए ऐसा किया गया है।

रूसी राष्ट्रपति ने ये भी कहा कि जो कोई भी हमें रणनीतिक रूप से हारने की सोचेगा, ये उसको जवाब है। इन हथियारों के इस्तेमल को लेकर पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा कि हम पूरी दुनिया को क्यों संकट में डालेंगे? पुतिन ने कहा कि उन्होंने बार-बार ये दोहराया है कि सबसे गंभीर कदम तभी उठाया जाएगा जब रूस की संप्रभुता को खतरा हो। बता दें कि इस किस्म के परमाणु हथियार युद्ध में सीमित प्रभाव के लिए भी इस्तेमाल किए जाते हैं।

रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने कहा, “हमें परमाणु बटन दबाने की ज़रूरत ही नहीं है। सभी को लगता है कि हम परमाणु हथियारों का इस्तेमाल करेंगे। लेकिन, ऐसी कोई आवश्यकता ही नहीं है। सीमा पर हमारा दुश्मन फल हो रहा है।” बता दें कि सबसे छोटा न्यूक्लियर हथियार भी एक किलोटन का होता है। हिरोशिमा पर अमेरिका ने जो गिराया था, वो 15 किलोटन का था। उधर बेलारूस के राष्ट्रपति ने कहा है कि उनके पास जो हथियारों का जखीरा पहुँचा है, वो हिरोशिमा-नागाशाकी में गिराए गए परमाणु बम से भी 3 गुना अधिक शक्तिशाली है।

‘केदारनाथ धाम में सवा अरब रुपए का सोना पीतल में बदल गया’: वायरल दावे का मंदिर प्रशासन ने किया खंडन, कहा- झूठ फैलाने पर करेंगे कानूनी कार्रवाई

उत्तराखंड में स्थित भगवान भोलनाथ से जुड़ा केदारनाथ मंदिर के गर्भगृह में लगे सोने को लेकर विवाद हो गया है। मंदिर के पुजारी संतोष त्रिवेदी का एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें उन्होंने आरोप लगाया है कि केदारनाथ मंदिर के गर्भगृह में लगाया गया सोना, पीतल में बदल गया है। इतना ही नहीं मंदिर प्रशासन पर उन्होंने अरबों रुपए की हेरफेर का भी आरोप लगाया है। विवाद बढ़ने के बाद केदारनाथ मंदिर प्रबंधन ने अब इस पर सफाई दी है।

श्री बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति (BKTC) की ओर से जारी बयान में इस आरोप को भ्रामक बताकर इसका खंडन किया गया है। BKTC के अधिकारी आरसी तिवारी की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि श्री केदारनाथ मंदिर के गर्भ गृह के दीवारों एवं जलेरी को स्वर्णमंडित करवाने का काम साल 2022 में एक दानदाता के सौजन्य से कराया गया था।

बयान में कहा गया है कि वर्तमान में कुछ लोगों द्वारा सोशल मीडिया में वीडियो प्रसारित किया जा रहा है कि एक अरब 15 करोड़ रुपए का सोना मंदिर के गर्भगृह में लगाया गया है। मंदिर प्रशासन ने साफ कहा कि मंदिर में 23,77.8 ग्राम सोना गर्भगृह में लगाया गया है, जिसकी वर्तमान बाजार मूल्य 14.38 करोड़ रुपए है।

मंदिर प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि स्वर्ण मंडित का काम करने के लिए ताँबे के प्लेटों का भी इस्तेमाल किया गया है, जिसका कुल वजन 1,001.30 किलोग्राम है। इस प्लेट का कुल मूल्य 29 लाख रुपए है। ये सारे खर्च एक दानदाता द्वारा किया गया है। भ्रामक जानकारी फैलाने वाले के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की भी बात कही।

दरअसल, पुजारी त्रिवेदी ने कहा कि गर्भगृह में सोने की परत लगाने के नाम पर सवा अरब रुपए का घोटाला किया गया और पीतल लगाया गया। उन्होंने कहा कि BKTC, सरकार और प्रशासन में जो भी इस कार्य के लिए जिम्मेदार हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि वे सोना लगाने का विरोध कर रहे थे। इसके बावजूद यह किया गया।

BJP नेता को भारी पड़ा वामपंथी सांसद से सवाल पूछना, तमिलनाडु पुलिस ने गिरफ्तार किया: सफाईकर्मी की मौत पर उठाई थी आवाज, अब लगा दी गैर-जमानती धाराएँ

तमिलनाडु के मदुरै जिले की साइबर क्राइम पुलिस ने शुक्रवार (16 जून, 2023) की रात भाजपा के स्टेट सेक्रेटरी SG सूर्या को गिरफ्तार कर लिया। उन्होंने कुछ दिन पहले मदुरै के सांसद सु वेंकटेश को लेकर एक ट्वीट किया था, जिसे उनकी गिरफ़्तारी का आधार बनाया गया है। ये मामला एक सफाईकर्मी की मौत से जुड़ा हुआ है। मल से भरे एक नाले को साफ़ करने के लिए उक्त सफाईकर्मी को लगाया गया था, नाले के अंदर उतरने के बाद उसकी मौत हो गई थी।

भाजपा नेता SG सूर्या ने तब पुलिस-प्रशासन को घेरते हुए आरोप लगाया था कि इस घटना के संबंध में उचित कार्रवाई नहीं की गई। उन्होंने राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए लिखा था कि तुम्हारी विभाजनकारी गंदी राजनीति की दुर्गन्ध उस नाले की सड़ांध से भी गन्दी है, एक मानव की तरह रहना सीखो। बता दें कि सु वेंकटेश CPI(M) के सांसद हैं, जो तमिलनाडु में सत्ताधारी DMK की साथी पार्टी है। डीएमके का वामपंथियों और कॉन्ग्रेस के साथ गठबंधन है।

भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष के अन्नामलाई ने इस गिरफ़्तारी का विरोध करते हुए लिखा, “रात के समय भाजपा नेता SG सूर्या की गिरफ़्तारी निंदनीय है। सामाजिक मुद्दों में डीएमके की साथी पार्टी सीपीएम के रोल की आलोचना करने पर उन्हें गिरफ्तार किया गया है। DMK, जो विचारों की आलोचना को पचा नहीं पाती है, आवाज़ दबाने की कोशिश करती है। ये तमिलनाडु का लोकतंत्र-विरोधी ट्रेंड है, जिसमें सरकार की आलोचना करने वालों को गिरफ्तार कर लिया जाता है।”

के अन्नामलाई ने कहा कि DMK सरकार को याद रखना चाहिए कि एक तरफ आलोचकों को गिरफ्तार करवाना और दूसरी तरफ खुद को अभिव्यक्ति की आज़ादी का झंडाबरदार बना कर पेश करना ज़्यादा दिन तक नहीं चलेगा। उन्होंने कहा कि तमिलनाडु में भाजपा कार्यकर्ताओं को तानाशाही रवैया अपनाते हुए गिरफ्तार किया जा रहा है। बता दें कि हाल ही में ED (प्रवर्तन निदेशालय) ने ट्रांसपोर्ट विभाग में घोटाला के मामले में तमिलनाडु के मंत्री वी सेंथिल बालाजी को गिरफ्तार किया है। SG सूर्या पर गैर-जमानती धाराएँ भी लगा दी गई हैं।

‘अर्थव्यवस्था के क्षेत्र में मोदी सरकार ने किया बढ़िया कार्य’: लिबरलों के फेवरिट अमेरिकी पत्रकार ने भी माना लोहा, कहा – इंफ्रास्ट्रक्चर हुआ मजबूत

भारत को लेकर अक्सर नकारात्मक बातें करने वाले अमेरिकी पत्रकार फरीद ज़कारिया ने भी माना है कि मोदी सरकार में भारतीय अर्थव्यवस्था दुरुस्त है। बता दें कि फरीद ज़कारिया भारतीय मूल के ही पत्रकार हैं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार ने अर्थव्यवस्था के मुद्दे पर पर अच्छा काम किया है। हालाँकि, इस दौरान उन्होंने ये रोना भी रोया कि जब संसद में मुस्लिमों के प्रतिनिधित्व की बात आती है तो स्थिति दुर्भाग्यपूर्ण है।

फरीद ज़कारिया ने कहा कि अगर UPA सरकार से मोदी सरकार से तुलना की जाए तो अर्थव्यवस्था की दिशा में वर्तमान सरकार ने बेहतर कार्य किया है। उन्होंने कहा कि जिस तरह से पिछली भारतीय सरकारें आर्थिक मुद्दों का प्रबंधन करती रही हैं, मोदी सरकार ने ये काम ज्यादा अच्छे ढंग से किया है। उन्होंने ये भी कहा कि भ्रष्टाचार में कमी आई है और सरकार इधर-उधर भटकी नहीं है। उन्होंने कहा कि ये काम पूरे सामर्थ्य के साथ किया गया है।

फरीद ज़कारिया ने कहा, “भारत सरकार ने बाहर ज्यादा सुधार नहीं किए हैं। इनमें से कुछ को रोक दिया गया। कृषि कानूनों को देख लीजिए, जमीन और मजदूरी के संबंध में कुछ करना भारत में काफी कठिन है और भाजपा को इसमें सफलता नहीं मिली। लेकिन, उन्होंने कई क्षेत्रों में बढ़िया तरीके से काम किया – जैसे इंफ्रास्ट्रक्चर। डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर और फिजिकल इंफ्रास्ट्रक्चर, दोनों पर अच्छा काम हुआ। मोदी सरकार में औसत विकास पिछली सरकारों से अलग नहीं है।”

हालाँकि, इस दौरान फरीद ज़कारिया ने भी दावा किया कि राजीव गाँधी के काल से ही लिबरलाइजेशन की तरफ झुकाव शुरू हुआ और भारत का विकास दर बढ़ने लगा। फरीद ज़करिया ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पास गुजरात वाला अनुभव था, जिसका उन्होंने इस्तेमाल किया और केंद्र में अच्छा काम किया। उन्होंने भारतीय लोकतंत्र की बातें करते हुए दावा किया कि सत्ताधारी गठबंधन में एक भी मुस्लिम नेता नहीं है, जबकि देश में मुस्लिमों की जनसंख्या 20 करोड़ के पार है।

‘दरगाह की वैधता का सबूत दो, वरना तोड़ेंगे’: नोटिस से भड़की भीड़ की पत्थरबाजी में कई पुलिसकर्मी घायल, पुलिस चौकी को भी तहस-नहस कर दिया

गुजरात में एक अवैध दरगाह को हटाने को लेकर हिंसा हो गई है। सैकड़़ों की संख्या में जुटी भीड़ ने पुलिस पर पथराव कर दिया। इस पथराव में DSP, महिला PSI सहित कई कई पुलिसकर्मी घायल हो गए हैं। पथराव के बाद भीड़ ने एक पुलिस चौकी पर हमला कर दिया और उसे तहस-नहस कर दिया।

जूनागढ़ के उपरकोट एक्सटेंशन में एक अवैध दरगाह स्थित है। इसको लेकर स्थानीय लोग अक्सर शिकायत करते थे। इसके बाद प्रशासन ने इसे हटाने के लिए दरगाह से संबंधित लोगों को नोटिस जारी किया था। नोटिस जारी से भड़की दंगाइयों की भीड़ ने शुक्रवार (16 जून 2023) की बवाल कर दिया।

हिंसक भीड़ ने पुलिसकर्मियों को निशाना बनाते हुए उन पर पथराव कर दिया। हमले में डिप्टी एसपी, महिला पीएसआई और एक पुलिसकर्मी घायल हुए हैं। इसके बाद बाद भीड़ मजेवड़ी पुलिस चौकी पहुँची और उसमें जमकर तोड़फोड़ की और वाहनों को आग के हवाले कर दिया।

हिंसक भीड़ को काबू करने के लिए पुलिस ने आसपास से अतिरिक्त बलों को बुलाया। इस दौरान आँसू गैस के गोले दागे गए और लाठीचार्ज करना पड़ा। इसके बाद पुलिस हालात को नियंत्रित करने में सफल हो पाई। हालात काबू में है, लेकिन इलाके में भारी तनाव है। इलाके में भारी संख्या में पुलिस बल और रैपिड एक्शन फोर्स को तैनात किया गया है।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, भीड़ शाम से ही जुटनी शुरू हो गई थी। रात 9 बजे तक दरगाह के पास 200-300 इकट्ठा हो गए। पुलिस ने इन लोगों को वहाँ से हटाने की कोशिश की तो भीड़ पुलिस पर पथराव करने लगी और हिंसक होकर पुलिस चौकी पर हमला कर दिया।

जिस दरगाह को लेकर भीड़ ने हिंसा की, वह जूनागढ़ में मजेवड़ी गेट के सामने रास्ते के बीचों-बीच बनी है। इसे हटाने के लिए महानगरपालिका की ओर से सीनियर टाउन प्लानर ने एक नोटिस जारी किया था। नोटिस में कहा गया था कि यह धार्मिक स्थल अवैध तरीके से बनाया गया है।

महानगर पालिका ने पाँच दिन के अंदर इस दरगाह को हटाने अथवा इसके कानूनी तौर पर सही होने के सबूत पेश करने के लिए कहा था। अधिकारियों ने कहा कि अगर ऐसा नहीं किया जाता है तो इसे तोड़ा जाएगा और तोड़ने का खर्च दरगाह को देना होगा। इस नोटिस को लगाने के लिए अधिकारी दरगाह के पास पहुँचे थे। इसको देख लोग हिंसक हो गए।

चेन्नई हॉस्टल से NRI की बेटी गायब, पिता को जबरन धर्मांतरण और निकाह का शक: केरल HC से लगाई मदद की गुहार, बताया- फहद के नंबर से मैसेज आया

केरल के कन्नूर जिले की 22 वर्षीया लड़की बनिता के पिता ने बेटी के साथ लव जिहाद का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि फहद नाम के एक लड़के ने उनकी बेटी से दोस्ती की और धर्मांतरण की नीयत से उसे भगा ले गया। इस मामले में पीड़ित पिता ने केरल हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।

बनिता के पिता वर्गीज अब्राहम ने केरल उच्च न्यायालय में बंदी प्रत्यक्षीकरण (habeas corpus) याचिका दाखिल की है। याचिका में उन्होंने आरोप लगाया है कि उनकी बेटी का जबरन धर्मांतरण (Religious Conversion) कर निकाह करा दिया गया है। 

याचिका में वर्गीज अब्राहम ने कहा कि उनकी बेटी बनिता ग्रेस वर्गीज चेन्नई के एसआरएम कॉलेज में ऑडियो और स्पीच लैंग्वेज की छात्रा है। वह 8 जून 2023 से लापता है। पिता का कहना है कि फहद की उससे दोस्ती है।

54 वर्गीज ने कहा कि फहद का पूरा पता उन्हें मालूम नहीं है और ना ही पता है कि उनकी बेटी अभी कहाँ है। उन्होंने कहा कि एक मोबाइल एप्लीकेशन से पता चला है कि फहद केरल के ही कन्नूर के मत्तन्नूर का रहने वाला है।

पीड़ित पिता ने याचिका में कहा कि उनकी बेटी उन्हें दिन में दो-तीन बार कॉल किया करती थी, लेकिन 8 जून की शाम 7:45 बजे के बाद से उनका अपनी बेटी से कोई संपर्क नहीं हो पाया है। उनकी बेटी का फोन भी स्विच ऑफ आ रहा है।

पिता ने कहा कि बेटी से संपर्क नहीं हो पाने के बाद उन्होंने हॉस्टल के अधिकारियों से संपर्क किया। अधिकारियों ने उन्हें बताया कि 8 जून को उनकी बेटी बनिता कजिन के घर जाने की बात कह कर हॉस्टल से चली गई थी।

पीड़ित पिता ने कहा कि अगले दिन रात 9:30 बजे को एक मोबाइल नंबर से उन्हें एक वॉयस नोट प्राप्त हुआ, जिसमें कहा गया था कि ‘वह एक अनजान व्यक्ति के साथ जा रही है’। उन्होंने कहा कि जिस मोबाइल नंबर से वॉयस नोट भेजा गया था वह ‘फहद’ नाम के शख्स का था।

वर्गीज अब्राहम ने शंका जाहिर की है कि उनकी बेटी को फहद उसकी मर्जी के बगैर मत्तन्नूर ले गया है। वहाँ उसके समुदाय के लोगों ने जबरदस्ती धर्म परिवर्तन कराके उसकी मर्जी के खिलाफ निकाह करा दिया है।

याचिका में पीड़ित पिता ने कहा गया है कि वह कुवैत में NRI हैं। उनकी बेटी बनिता भी कुवैत में रहती थी, लेकिन उच्च शिक्षा के लिए वह चेन्नई चली आई थी। उसके बाद उसके साथ यह घटना घट गई।

‘फिल्म में मॉन्सटर्स को रख लिया’ : आदिपुरुष की बुराई करने पर प्रभास के फैंस ने युवक को पीटा, थिएटर के बाहर की Video वायरल

हैदराबाद के IMAX थिएटर के बाहर आदिपुरुष फिल्म की बुराई करने पर प्रभास के फैन ने एक युवक को पीट डाला। घटना वीडियो में कैद है। देख सकते हैं कि आदिपुरुष देखने के बाद युवक मीडिया में अपनी राय दे रहा था कि तभी प्रभास के फैन ने उससे बहस करनी शुरू कर दी। ये बहस धीरे-धीरे इतनी बढ़ गई कि भरी भीड़ में उन लोगों ने युवक के साथ झड़ुप शुरू कर दी।

टाइम्स नाऊ की रिपोर्ट के अनुसार, लड़का अपने रिव्यू में कह रहा था, “मेकर्स ने फिल्म में प्लेस्टेशन गेम्स के सभी मॉनस्टर्स को रख लिया है। हनुमान, बैकग्राउंड स्कोर और कुछ 3D शॉट्स को छोड़ दें तो इस फिल्म में कुछ भी नहीं है।’” प्रभास की एक्टिंग पर उन्होंने कहा कि ये गेट अप उन्हें बिलकुल सूट नहीं किया, वह बाहुबली में एक राजा जैसे थे, उसमें रॉयलटी थी। उनका ये गुण देखकर ओम राउत ने उन्हें लिया लेकिन प्रभास को सही से पेश नहीं कर पाए।

Prabhas fans beating up a guy because he gave negative review of Adipurush
by u/humanbeing3333 in BollyBlindsNGossip

उनकी इस टिप्पणी के बाद प्रभास के फैन ने उनसे थिएटर के बाहर बहस शुरू कर दी और उनसे गुस्से में बात करने लगे। कुछ देर बाद जाकर युवक को बचाया जा सका।

बता दें कि आदिपुरुष की रिलीज के बाद कोई भी इस फिल्म को देखकर खुश नजर नहीं आ रहा है। हिंदू सेना ने इस फिल्म से आपत्तिजनक दृश्यों को हटवाने के लिए दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका भी डाल दी है। आदिपुरुष को लेकर सोशल मीडिया पर लोगों का कहना है कि फिल्म मेकर्स ने केवल इस फिल्म को बनाकर 600 करोड़ रुपए बर्बाद किए हैं। फिल्म का न तो वीएफएक्स अच्छा है और न ही डायलॉट और सीन। इतना ही नहीं फिल्म पर हिंदू संस्कृति से छेड़छाड़ करने के भी आरोप लग रहे हैं। कुछ वीडियो भी सामने आई हैं जिसमें नाराज हिंदू थिएटर में तोड़फोड़ कर रहे हैं। हालाँकि ये वीडियो कहाँ की है अभी इसका पता नहीं चल पाया है।