20 साल लग गए, 200 चीतों की मौत हुई और 9 बार विफलता हाथ लगी - लेकिन, दक्षिण अफ्रीका ने कर दिखाया। भारत के 'प्रोजेक्ट चीता' का मजाक नहीं उड़ाइए। इससे जुड़ी चुनौतियों को समझिए।
वीडियो में देखा जा सकता है कि सिद्दारमैया जब आते हैं और वो महिला उन्हें तिलक लगाने के लिए आगे बढ़ती है, तब कर्नाटक के CM उसे हाथ से इशारा करके रुकने का संकेत करते हैं।
कावेरी जल विवाद 140 साल से भी अधिक पुराना है। इसकी शुरुआत साल 1881 में तब हुई जब मैसूर राज्य ने कावेरी नदी पर बाँध बनाने का फैसला किया। अब तक लड़ रहे कर्नाटक और तमिलनाडु।