BPSC के परीक्षा नियंत्रक अमरेंद्र कुमार को इस प्रश्न में कोई त्रुटि नज़र नहीं आती। उन्होंने कहा कि आयोग के सदस्यों या अधिकारियों को इस बात की कोई जानकारी नहीं होती कि प्रश्न-पत्र में क्या-क्या सवाल पूछे जा रहे हैं। इस तरह के सवाल तो पहले भी पूछे जाते रहे हैं।
"सामजिक अस्थिरता, हेट क्राइम्स, बढ़ती असहिष्णुता, महिलाओं के ख़िलाफ़ अत्याचार और जाति-धर्म से सम्बंधित हिंसा हमारे देश में अनियंत्रित हो चले हैं। सामाजिक समरसता बनाए रखने के लिए अगर इन्हें नियंत्रित नहीं किया गया तो आर्थिक विकास पर बुरा असर पड़ेगा।"
"गुजरात दंगों की पृष्ठभूमि पर आधारित एक कहानी 'Manibein alias Bibijaan' में बजरंग दल और RSS से संबंधित संगठनों को बेहद ख़राब भूमिका में दर्शाया गया है। RSS और बजरंग दल को गुजरात दंगों में हमलावर के रूप में दिखाया जा रहा है।"
रेलवे ने रिज़र्व टिकटों के निरस्तीकरण से 1,518.62 करोड़ रुपए कमाए हैं। वहीं, अनारक्षित टिकटिंग प्रणाली (UTS) के तहत बुक यात्री टिकटों को रद्द कराए जाने से 18.23 करोड़ रुपए का राजस्व अर्जित किया।
प्रशांत और नरसिम्हा झील में नहाने गए थे। वहाँ पहुँचकर दोनों डांस करते हुए सेल्फी लेने लगे। बाद में प्रशांत किनारे आकर टिकटॉक के लिए झील में वीडियो बनाने लगा। इसी दौरान गहरे पानी में जाने के कारण नरसिम्हा डूब गया।
फ़िलहाल, लालू यादव जेल में ही रहेंगे क्योंकि इसी चारा घोटाला में उन्हें दुमका और चाईबासा कोषागार मामले में ज़मानत नहीं मिली है। हालाँकि, लालू यादव के वकील ने कहा है कि वो इन दोनों मामलों में भी ज़मानत याचिका दायर करेंगे।
याचिका में कहा गया है कि राज्य सरकार ने राजनीतिक दबाव में यह फैसला किया है। साथ ही इस फैसले से सुप्रीम कोर्ट द्वारा निर्धारित आरक्षण की 50 फीसदी सीमा का उल्लंघन भी होता है। एसईबीसी आरक्षण कानून मराठा समुदाय को शिक्षा में 12 और नौकरी में 13 फीसदी आरक्षण प्रदान करता है। इस कानून के पास होने के बाद महाराष्ट्र में आरक्षण की सीमा बढ़कर 68 फीसदी हो गई है।
खेल महानिदेशक सलीम-उर-रहमान ने बताया कि क्रिकेटर ने हेलमेट पहन रखा था, लेकिन गेंद नाज़ुक जगह पर लगी थी। उन्होंने बताया कि इस घटना से सभी बहुत आहत हैं, तमाम कोशिशों के बावजूद हम उभरते खिलाड़ी को बचाने में असमर्थ रहे।
निकाह हलाला और बहुविवाह के ख़िलाफ़ जल्द सुनवाई के लिए दायर की गई याचिका को सर्वोच्च न्यायालय ने खारिज कर दिया है। इस याचिका में माँग की गई थी कि इस मसले को जल्द से जल्द सुना जाए। मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि इस मामले पर जल्द सुनवाई नहीं हो सकती है और न ही अभी संविधान पीठ के गठन की गुँजाइश है।