विचार

इस्लाम के नाम पर हिंदू का गला काटा, सेकुलर मीडिया ने नुपूर शर्मा-टेलर-कस्टमर की आड़ में मजहबी आतंक के खतरों को छिपाया

मेन स्ट्रीम मीडिया का एक धड़ा हत्या और हत्यारे के कबूलनामें का वीडियो होते हुए भी उसके गुनाहों को छिपाने या कमतर दिखाने में लगा है।

हिंदू हित में पहली बार गिर रही सरकार… अब तक सेकुलर ढोंग के नाम बिकती थी कुर्सी: महाराष्ट्र में लिखा जा रहा राजनीतिक इतिहास

जुबैर की गिरफ्तारी अभिव्यक्ति की आज़ादी का गला घोंटना... जबकि केतकी का 1 महीने जेल में रहना सामान्य घटना। ऐसे दोहरे मानदंडों के कारण...

कमलेश तिवारी होते हुए कन्हैया लाल तक पहुँचा हकीकत राय से शुरू हुआ सिलसिला, कातिल ‘मासूम भटके हुए जवान’: जुबैर समर्थकों के पंजों पर...

कन्हैयालाल की हत्या राजस्थान की ये घटना राज्य की कोई पहली घटना भी नहीं है। रामनवमी के शांतिपूर्ण जुलूसों पर इस राज्य में पथराव किए गए थे।

अग्निपथ विरोधी हिंसा में राजनीति, माफिया और अराजक तत्व: हिंसा और आगजनी में कहीं युवा तो नहीं बन रहे मोहरा? उठ रहे हैं कई...

अग्निपथ योजना के नाम पर जिस तरह से बिहार में हिंसा की शुरुआत हुई, उससे कई सवाल उभर खड़े हो रहे हैं कि क्या वाकई ये युवाओं का आंदोलन है।

शंका, हंगामा, हिंसा… सोचा है जब सेना से लौटेंगे ‘अग्निवीर’ तो कितना सबल होगा समाज: घर के भीतर साजिशों का भी जवाब होगा ‘अग्निपथ’

भारत के अंदर और बाहर पर्याप्त शत्रु हैं जो भारत को कभी भी सिविल वार की और धकेलने का प्रयास कर सकते हैं। वहाँ केवल सेना काम नहीं आएगी। उस समय ये अग्निवीर बड़ी ताकत साबित होंगे।

हेमंत सोरेन की खनन पट्टे की फाइल मंत्री हेमंत सोरेन ने क्लियर की, CM हेमंत सोरेन ने मुहर लगाई: झारखंड में करप्शन की नई...

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन खनन पट्टा और मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में घिरते जा रहे हैं। उनकी हालत देख मधु कोड़ा सरकार की याद ताजा हो गई।

गीता जलाने की करते थे बातें, लेकिन ‘रंगीला रसूल’ के लेखक को मार डाला: नूपुर शर्मा के लिए मौत माँग रहे कट्टरपंथी, भाईचारे की...

टाइम्स नाऊ की एक डिबेट में स्पष्ट तौर पर एक सवाल पूछे जाने के बाद भाजपा की पूर्व प्रवक्ता नुपूर शर्मा की जान खतरे में है।

मुस्लिमों के 2 हथियार- भीड़ और हिंसा: 5 ऐसे मौके जब इस्लामवादियों की बातें कबूल करने को मजबूर हुई भारत सरकार

कट्टरपंथी मुस्लिमों ने भीड़ और हिंसा को एक रणनीतिक हथियार के रूप में इस्तेमाल किया और इसके बल उन्होंने सरकार को झुकने पर मजबूर कर दिया।

‘चोर’ राहुल को पुलिस ने लतियाया… सुरक्षा के लिए राहुल गाँधी के पीछे खुद को भगाया: लुटियंस सोच आखिर कब तक?

राहुल पर चोरी का इल्जाम है तो पुलिस क्या करती है? और राहुल अगर गाँधी हों, साथ में भ्रष्टाचार का आरोप भी... तो पुलिस क्या करती है?

मजहब के नाम पर जज्बाती, हिंदुओं के अराध्यों का अपमान: यह खतरनाक खेल, इस हिंसक भीड़ को हिंदुओं का आक्रोश ही झुलसाएगा

इस प्रकार के उग्र-हिंसक प्रदर्शन भी आतंक का ही एक रूप हैं जो समाज और शासन-प्रशासन पर अनुचित दबाव डालकर अपनी बात मनवाने का प्रयत्न करते हैं। लोकतांत्रिक व्यवस्था में ऐसे दबाव स्वीकार नहीं किए जा सकते, किए भी नहीं जाने चाहिए।

ताज़ा ख़बरें

प्रचलित ख़बरें