"चैनल के ठप्प हो जाने के पीछे प्रधानमंत्री मोदी को वजह बताना बिलकुल झूठ है, भारत सरकार ने कुछ नहीं किया है। इन पति-पत्नी ने तिरंगा TV के स्टाफ़ से मिलने की कोशिश तक नहीं की और चैनल बंद करके लंदन चले गए, जिस कारण मैं इन्हें माल्या बुलाने पर मजबूर हूँ।"
“भले ही सरकार तुम्हारी है, लेकिन हुकूमत हमारा चलता है। हमारी वजह से तुम्हारा हिंदुस्तान बसा हुआ है। तुम कितना भी कुछ कर लो, पलड़ा हम मुस्लिमों का ही भारी है और अगर हम अपने पर आ गए, तो तुम्हारे घर के बच्चों को भी नहीं छोड़ेंगे।”
राणा सफ़वी ने अपने लेख में भारत की जीडीपी के आँकड़े दिखा कर मुग़लों को महान साबित करने की कोशिश की है लेकिन उनकी चालाकी पकड़ी गई। हमारे घर में घुस कर हमारे मंदिर तोड़ने वाले मुग़लों की चापलूसी करने वाले कल को जलियाँवाला नरसंहार को भी सही ठहरा सकते हैं।
कारवाँ के कार्यकारी सम्पादक विनोद के. होज़े ने लंदन में भारत-विरोधी प्रेज़ेंटेशन दिया। उन्होंने दावा किया कि हिंदुस्तान के अल्पसंख्यकों पर अत्याचार हो रहे हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि "सैकड़ों ईसाईयों की हत्या हो रही है।" और "1984 का सिख हत्याकांड भी आरएसएस का रचा हुआ था।"
हिन्दुओं के खिलाफ हिंसा फैलाने की धमकी देने वाले और संविधान से पहले कुरान को मानने वाले विवादास्पद अभिनेता अजाज़ खान का एक और आपत्तिजनक वीडियो सामने आया है। एजाज़ खान की TikTok प्रोफाइल पर शेयर किए गए इस वीडियो में वह मुंबई पुलिस का मज़ाक उड़ाते नज़र आते हैं।
AIB ने यह साबित कर दिया है कि यह कुछ ऐसे लोगों का समूह है, जिनके पास रचनात्मकता के नाम पर ना ही पहले कुछ विशेष था और ना ही अब। आज के इस एडिटेड वीडियो से AIB ने जता दिया है कि उनसे नैतिक मूल्यों की उम्मीद करना आज भी अतार्किक ही है।
क्या किसी कार्यक्रम में 'जय श्री राम' का नारा लगने से माहौल दूषित हो जाता है? क्या 'जय श्री राम' बोलना आसपास के वातावरण को बिगाड़ देता है? सोशल मीडिया पर यूजर्स ने इंडिया टुडे से ऐसे कई सवाल पूछे।
इस वीडियो को देखकर कोई बच्चा भी बता सकता है कि यह वास्तविक घटना का वीडियो नहीं है,बल्कि ग्राफिक्स का खेल है, लेकिन अफसोस पाक के मंत्री खुर्रम इस बात को नहीं समझ पाए और हंसी के पात्र बन गए।
"मेरे टोपी वाले भाइयों, कब निकलेंगे टोपियाँ पहन-पहनकर सड़क पर। हम 2 दिन सड़क पर उतर आएँ तो हिन्दुस्तान पूरा बंद हो जाए। खाली निकलना है सड़क पर। चालीस करोड़ लोग हैं हम, वैध और अवैध मिलाकर... एक बार निकलना है खाली।"
पायल ने लिखा है कि शायद यही वजह है कि उनका परिवार उन्हें हिन्दुओं के बारे में बात करने से रोकता है। साथ ही, पायल रोहतगी ने मुंबई पुलिस पर पक्षपात पूर्ण रवैया अपनाने का भी आरोप लगाते हुए लिखा कि इसी कारण से वो हिन्दू होने के नाते इस देश में असुरक्षित महसूस करती हैं।