मुर्मू पर हमले का आदेश आईएसआई ने कोटली में लश्कर और हिज्बुल के साथ बैठक में दिया। हमले की जिम्मेदारी लश्कर आतंकी जिया-उल-रहमान मीर को दी गई है। भाजपा के कई बड़े नेता भी लश्कर और हिज्बुल आतंकियों की हिट लिस्ट में हैं।
पूरी दुनिया में आईएसआईएस की 20 से भी अधिक शाखाएँ सक्रिय हैं। इनमें आईएसआईएस-के सबसे ज्यादा खूँखार है। आईएसआईएस के इस समूह में 4,000 आतंकियों के शामिल होने की आशंका है।
इस हमले की सीसीटीवी फुटेज ट्विटर पर जारी की गई है। धमाके के घंटे भर के भीतर मौके पर पहुँचे मुख्यमंत्री एन बिरेन सिंह ने इसे कायरतापूर्ण कृत्य बताते हुए दोषियों को दंडित किए जाने का वादा किया।
नेपाल के रास्ते 7 आतंकवादी उत्तर प्रदेश में घुस चुके हैं। ये सभी पाकिस्तानी आतंकवादी हैं, जिन्हें अयोध्या में आतंक फैलाने के लिए भेजा गया है। सम्भावना है कि ये अयोध्या, फ़ैजाबाद और गोरखपुर में छिपे हो सकते हैं। सात में से पाँच आतंकियों की पहचान भी हो गई है।
आतंकवादियों ने यह ग्रेनेट हमला उस वक्त किया जब लोग बााज़ार में ख़रीददारी कर रहे थे। पुलिस ने बताया कि यहाँ लगी रेहड़ियों से लोग फल-सब्ज़ियाँ लेने आते हैं और अक्सर यहाँ भीड़ लगी होती है।
"हाल में मैं मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत से मिला था। उन्होंने कहा कि चीन की सीमा से सटे इलाकों में एडवांस लैंडिंग के लिए एयरफील्ड का निर्माण किया जाना चाहिए। हम तेज़ी से इस पर काम कर रहे हैं।"
खुफिया एजेंसियों से जुड़े सूत्रों के अनुसार आतंकी कैंप पाकिस्तानी पंजाब के मुरीदके, शाकरगढ़ और नारोवाल में हैं। बताया जा रहा है कि कैंपों में काफी तादाद में पुरुष और महिला रहते हैं और ट्रेनिंग ले रहे हैं।
सुरक्षा बलों और एजेंसियों की सक्रियता के कारण आतंकी अब तक अपने मंसूबों में नाकाम रहे हैं। लेकिन, राष्ट्रीय सुरक्षा के रणनीतिकारों का मानना है कि पाकिस्तान समर्थित आतंकी गुट ठंड बढ़ने पर हमले की कोशिश करेंगे।
चन्ना पिछले महीने से लापता था। वह सज्जाद हैदर के नेतृत्व वाले लश्कर गुट के लिए काम करता था। यह गुट मजदूरों की हत्या सहित कई आतंकी वारदातों में संलिप्त रहा है।