धर्म आस्था का विषय है, व्यक्तिगत विषय है। लेकिन शायद सबके लिए नहीं! कर्नाटक के बेलगाम में एक मस्जिद में गई भीड़ के लिए तो बिल्कुल भी नहीं। इस भीड़ के लिए नमाज पढ़ने से ज्यादा मस्जिद में नमाज पढ़ना जरूरी है।
कल गुरूद्वारे पर हमले के बाद पूरा अफगानिस्तान अपने सिख-हिन्दू भाइयों के लिए उमड़ पड़ा और अपनी सहानुभूति व्यक्त कर उसके साथ खड़े होने की दृढ़ता दिखाई। इस हमले पर अभी तक तालिबान की कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है। इस्लामिक स्टेट ने इसकी जिम्मेदारी लेकर एक बार फिर अपना घिनौना चेहरा दुनिया के सामने रख दिया। इधर भारत में लिबरल-वामपंथी गिरोह इसको लेकर चुप्पी साधे हुए है। जैसे उसने सुकमा में नक्सली हमले के वक्त साधा था।
मृतक महिला राबिया ने कोई विदेश की यात्रा नहीं की थी। हाँ, उसने उज्जैन में आयोजित सीएए विरोध में हिस्सा जरूर लिया था साथ ही इंदौर में एक शादी में भाग लिया था। इसके बाद उन लोगों में हड़कंप मच गया है, जिन लोगों ने...
एआईएमआईएम का विधायक खुद ही कह रहा है कि उसका फोन क्यों नहीं उठाया गया। इस घटना के बाद वीडियो वायरल से विधायक और उसके बदमाशों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही करने की माँग को लेकर अस्पताल का समूचा स्टाफ अस्पताल के बाहर धरने पर बैठ गया है। हालाँकि, कोरोना वायरस से संक्रमित मरीजों और एमरजेंसी चिकित्सा सुविधाएँ चालू रखी गई हैं।
"भारत में कुछ लोग इनके प्रवेश का विरोध करते हैं। इन्हें नागरिकता देने की बात पर राजनीति साधते हैं। वे चाहते हैं कि आतंकियों को भी नागरिकता दी जाए ताकि वे यहाँ उनका पालन कर सकें और हत्याएँ जारी रख सकें।"
सत्तो वाली घाटी की मस्जिद में बड़ी संख्या में लोग नमाज के लिए इकट्ठा हुए थे। पुलिस को मस्जिद की तरफ आते देख सभी अलग- अलग गलियों में घुस गए। धारा 144 उल्लंघन करने के आरोप में मस्जिद के मौलवी अब्दुल मद सहित 20- 25 अज्ञात नमाजियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
'द हिन्दू' ने एक कार्टून पब्लिश किया, जिसमें कोरोना वायरस को हाथों में बन्दूक थामे हुए पृथ्वी ग्रह को डराते हुए बताया गया है कि इसने पूरी पृथ्वी को आतंकित किया है।
विदेश से लौट कर आने के कारण मुंबई एयरपोर्ट पर इन सभी को क्वारेंटाइन की मुहर लगाई गई थी। इसे इन्होंने मिटा दिया। जाँच-पड़ताल से बचने के लिए मुंबई से ट्रेन के जरिए लखनऊ ट्रेन पहुँचे। वहॉं से बस से पीलीभीत पहुॅंचे।
अबरार अहमद ने ट्वीट कर बताया था कि सीएए का समर्थन करने वाले गैर मुस्लिम छात्रों को फेल कर दिया है। ऑपइंडिया ने इसकी रिपोर्ट की और यूनिवर्सिटी प्रशासन ने उसके ट्वीट के आधार पर कार्रवाई।
एक टिकटॉक यूजर ने टॉयलेट सीट चाटने की अपनी विडियो पोस्ट की थी। लोगों ने काफी आलोचना की, फिर भी उसे फर्क नहीं पड़ा। इस हरकत के कुछ दिन बाद वह कोरोना से पाया गया है। इसकी जानकारी भी उसने खुद विडियो के जरिए दी है।