वहीं, राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा था कि राज्य में नागरिकता संशोधन क़ानून (CAA) और नेशनल रजिस्टर फ़ॉर सिटीजन (NRC) लागू नहीं किया जाएगा.......
TMC द्वारा पोस्टर लगाए गए थे जिसमें दावा किया गया था कि CAA और NRC को पश्चिम बंगाल में लागू नहीं किया जाएगा। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी CAA और NRC के ख़िलाफ़ अपना विरोध दर्ज कराने के लिए कम से कम चार मौकों पर सड़क पर उतरीं।
कोटा में एक महीने के भीतर 77 बच्चों की मौत हो गई, जिनमें से एक सप्ताह के भीतर 12 शिशुओं की मौत हुई। पिछले एक साल में 940 से अधिक बच्चों की मौत हुई है। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिड़ला ने मुख्यमंत्री गहलोत से "संवेदनशील" मुद्दे से निपटने का आग्रह किया है।
ये कहानी है एक 14 साल की हिन्दू लड़की तन्वी और उसके मुस्लिम बॉयफ्रेंड आलम की। दोनों के एक-दूसरे के घर आना-जाना होता है। इसमें गड़बड़ियाँ तब शुरू हुईं, जब उसके बॉयफ्रेंड के घरवालों ने तन्वी और आलम को एक कमरे में अकेला छोड़ दिया।
आज भाजपा का विरोध कर रहा अखिल कभी कॉन्ग्रेस को वोट न देने की अपील करता था। असम और अरुणाचल प्रदेश में बाँध प्रोजेक्ट्स को बंद कराने के लिए अखिल गोगोई ने लोगों को जम कर भड़काया था। उसके कारण नेशनल हाइड्रोइलेक्ट्रिक पॉवर कारपोरेशन (NHPC) के कई डैम प्रोजेक्ट्स में रुकावट आई थी।
इन 10 चेहरों को देख लीजिए। इन्होंने 2019 में नकारात्मकता, जातिवाद, डर और तानाशाही का कारोबार किया है। ऑपइंडिया लेकर आया है उन 10 लोगों के नाम, जिन्होंने पूरे 2019 में केवल बुरे कारणों से ही सुर्खियाँ बनाईं। कइयों को जनता ने इस साल करारा सबक सिखाया।
Reddit यूजर का दावा है कि सरकार के खिलाफ अभियान चलाने के लिए अमेज़ॅन वेब सेवाओं पर 40 से अधिक सर्वर चलाकर, वह लगातार 'आईटी सेल के ट्विटर पोल" को हराने में सक्षम है।
CCTV फुटेज लेने के लिए जामिया नगर के एसएचओ को यूनिवर्सिटी प्रशासन के पास भेजा गया। जब पुलिस वहाँ पहुँचीं, तब भारी संख्या में जामिया के छात्र जमा हो गए। उन छात्रों ने CCTV फुटेज देने से इनकार कर दिया। लेकिन हैरत की बात यह है कि यूनिवर्सिटी प्रशासन भी साक्ष्य के तौर पर CCTV रिकॉर्डिंग देने से इनकार कर रहा है।
बात सिर्फ उत्तर प्रदेश पुलिस या UP में हुए दंगों की नहीं है। PFI का कनेक्शन पूरे देश में है और इसकी गतिविधियाँ देशद्रोही हैं। दिल्ली पुलिस और ख़ुफ़िया एजेंसियों ने साथ मिलकर जामिया मिलिया इस्लामिया में हुए दंगों के कारणों की जाँच की थी। इस पूरे मामले में भी PFI के तार जुड़े मिले थे।
जेसुइट पादरी डोनल्ड जे मग्वायर मदर टेरेसा का आध्यात्मिक सलाहकार था। उसने 11 साल के एक लड़के का यौन शोषण किया - एक बार नहीं, हजारों बार। उसके खिलाफ यौन संबंधों के बारे में जब रिपोर्ट आई थी, तब मदर टेरेसा ने सभी आरोपों को असत्य बताया था।