Sunday, April 11, 2021
Home फ़ैक्ट चेक सोशल मीडिया फ़ैक्ट चेक JNU में हमला कर रही नकाबपोश गुंडी ABVP कार्यकर्ता नहीं है, फैलाया जा रहा...

JNU में हमला कर रही नकाबपोश गुंडी ABVP कार्यकर्ता नहीं है, फैलाया जा रहा झूठ: Fact Check

इतना कौन करता है भाई कि पहले नकाब डाल कर हमला करो फिर अपने जूते खोलकर चप्पल पहनो। उसके बाद कलावा भी बाँधो। लेकिन वामपंथियों ने अपने नैरेटिव को सेट करने के लिए शाम्भवी को निशाना बनाया। बेचारे धरे गए, असफल रहे।

रविवार (जनवरी 5, 2019) को जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (JNU) में लाठी-डंडों से लैस वामपंथियों ने जम कर उत्पात मचाया। जेएनयू कैंपस के अंदर हुई इस हिंसा को लेकर कई सारी भ्रामक सूचनाएँ फैलाई गई। हालाँकि जल्द ही इनके झूठ का पर्दाफाश हुआ और कैंपस के अंदर हुआ हिंसा में कॉन्ग्रेस की कड़ी उभरकर सामने आई और साथ ही हिंसा के पीछे वामपंथियों की भूमिका भी सामने आई। हिंदुत्व की राजनीति से लेकर प्रधानमंत्री और गृहमंत्री तक सब पर आरोप लगाने वाले नैरेटिव को खूब फैलाया गया।

हमले के बाद कई वीडियो सामने आए, जिसमें एक के बाद एक खतरनाक रूप से गढ़े गए प्रोपेगेंडा को देखा जा सकता है। कैंपस में हिंसा का एक वीडियो सामने आया है, जिसमें नकाबपोश लोग डंडे और लोहे की रॉड लेकर मारपीट करते नजर आ रहे हैं। इसी दौरान प्रदर्शनकारी यह कहते सुने जा सकते हैं, ‘कौन हो तुम लोग? किसे डराना चाह रहे हो?… एबीवीपी वापस जाओ।’

वीडियो सामने आने के बाद जब वामपंथियों के प्रोपेगेंडा ने रफ्तार पकड़ ली तो एक ट्विटर यूजर ने आरोप लगाया कि वीडियो में नकाबपोश गुंडों में से एक लड़की एबीवीपी कार्यकर्ता थी।

दरअसल यह दावा उनके कपड़ों को आधार बनाकर किया गया था, जो दोनों ने पहने हुए थे। बता दें कि वीडियो में जिस एबीवीपी के कार्यकर्ता पर आरोप लगाया गया, उनका नाम शाम्भवी है, जो कि खुद हमले का शिकार हुई हैं। उन्हें काफी चोटें आई हैं और वो रविवार को एम्स ट्रॉमा सेंटर में भर्ती थीं।

बाएँ- नकाबपोश गुंडी, दाएँ- एबीवीपी कार्यकर्ता शाम्भवी

यह पता लगाने के लिए कि क्या नकाबपोश गुंडी और शाम्भवी, दोनों एक ही व्यक्ति हैं, हमें दोनों तस्वीरों को बारीकी से देखना चाहिए।

अगर हम दोनों तस्वीरों को देखें तो जाहिर तौर पर दिखता है कि दोनों की शारीरिक बनावट एक दूसरे से बिल्कुल अलग है। दोनों तस्वीरों को एक साथ देखते हैं तो यह भी स्पष्ट होता है कि नकाबपोश गुंडी दाईं ओर की लड़की (एबीवीपी कार्यकर्ता शाम्भवी) की तुलना में शारीरिक रूप से अधिक वजनदार है।

अगला, सबसे स्पष्ट चीज जो दिखाई देती है, वो है उनके शर्ट के चेक-पैटर्न में अंतर।

बाएँ- नकाबपोश गुंडी का शर्ट
दाएँ- एबीवीपी कार्यकर्ता शाम्भवी का शर्ट

जैसा कि बहुत स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है कि शाम्भवी की शर्ट के चेकों की तुलना में नकाबपोश गुंडी की शर्ट पर बहुत छोटे चेक बने हुए हैं। साथ ही चेक का पैटर्न भी पूरी तरह से अलग दिखाई देता है।

कलावा और जूतों में अंतर

इसके अलावा दोनों में कुछ अन्य अंतर भी हैं। दोनों लड़कियों के जूते अलग-अलग हैं। अब यहाँ पर यह उल्लेख किया जाना आवश्यक है कि आरोप ये है कि ये दोनों चित्र लगभग उसी समय के हैं। यदि इन आरोपों को सच माना जाता है, तो इसका मतलब है कि शाम्भवी ने पहले अपने चेहरे को ढँककर हमला किया और फिर अस्पताल गईं।

अगर ऐसा है, तो ऊपर की तस्वीरों से यह बात सामने आती है कि शाम्भवी ने निम्नलिखित काम किया है।

1. उसने सभी पर हमला करने के बाद और अस्पताल जाने से पहले अपने जूते बदल दिए क्योंकि नकाबपोश गुंडी स्निकर्स पहने दिख रही है और अस्पताल में शाम्भवी चप्पल पहने हुए हैं।

2. रहस्यमय तरीके से शाम्भवी ने खुद के चेहरे पर नकाब लगाने और जेएनयू में हमला करने के बाद जाहिर तौर पर एक कलावा पहना, इससे पहले कि वह अस्पताल पहुँचती, घायल हो गईं।

हालाँकि इन दोनों संभावनाओं का कोई मतलब नहीं बनता है।

निश्चित तौर पर इन तस्वीरों में दो लड़कियों का एक ही होना असंभव है। इसलिए यह आरोप कि नकाबपोश गुंडी एबीवीपी कार्यकर्ता शाम्भवी ही है, यह एक प्रोपेगेंडा था, किसी के द्वारा प्रेरित था।

उल्लेखनीय है कि ये भिड़ंत JNU के वामपंथी छात्रसंघ के द्वारा सर्वर डाउन करने को लेकर हुआ था। बता दें कि रविवार को रजिस्ट्रेशन का आखिरी दिन था। एबीवीपी के छात्र रजिस्ट्रेशन के लिए गए थे। मगर लेफ्ट विंग के छात्रों ने सर्वर रूम को लॉक कर दिया और वाई-फाई काट दिया। जिसकी वजह से उनका रजिस्ट्रेशन नहीं हो पाया। इसके बाद संगठन के छात्र विवेकानंद मूर्ति के पास रजिस्ट्रेशन की माँग कर रहे थे। 

इस बीच लेफ्ट के लोगों ने आकर एबीवीपी समर्थित छात्रों पर हमला कर दिया। जेएनयू एबीवीपी प्रेसिडेंट दुर्गेश कुमार ने इसकी जानकारी दी। इसके साथ ही बीजेपी सांसद मीनाक्षी लेखी ने छात्राओं के प्राइवेट पार्ट्स पर लाठी-डंडों से मारपीट और बाथरूम में ले जाकर दुर्व्यवहार करने का दावा किया है।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘अब आइसक्रीम नहीं धूल खाएँगे’: सचिन वाजे के तलोजा जेल पहुँचने पर अर्नब गोस्वामी ने साधा बरखा दत्त पर निशाना

डिबेट के 46 मिनट 19 सेकेंड के स्लॉट पर अर्नब ने सीधे बरखा दत्ता को उनकी अवैध गिरफ्तारी पर जश्न मनाने और सचिन वाजे जैसे भ्रष्ट अधिकारी के कुकर्मों का महिमामंडन करने के लिए लताड़ा है।

PM मोदी ने भारत में नई शक्ति का निर्माण कर सांस्कृतिक बदलाव को दिया जन्म, उन्हें रोकना मुश्किल: संजय बारू

करन थापर को दिए इंटरव्यू में राजनीतिक विश्लेषक संजय बारू ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश में सांस्कृतिक बदलाव को जन्म दिया है।

बंगाल: मतदान देने आई महिला से ‘कुल्हाड़ी वाली’ मुस्लिम औरतों ने छीना बच्चा, कहा- नहीं दिया तो मार देंगे

वीडियो में तृणमूल कॉन्ग्रेस पार्टी के नेता को उस पीड़िता को डराते हुए देखा जा सकता है। टीएमसी नेता मामले में संज्ञान लेने की बजाय महिला पर आरोप लगा रहे हैं और पुलिस अधिकारी को उस महिला को वहाँ से भगाने का निर्देश दे रहे हैं।

एंटीलिया के बाहर जिलेटिन कांड के बाद सचिन वाजे करने वाला था एनकाउंटर, दूसरों पर आरोप मढ़ने की थी पूरी प्लानिंग

अपने इस काम को अंजाम देने के लिए वाजे औरंगाबाद से चोरी हुई मारुती इको का इस्तेमाल करता, जिसका नंबर प्लेट कुछ दिन पहले मीठी नदी से बरामद हुआ था।

खुद के सर्वे में हार रही TMC, मुस्लिम तुष्टिकरण से आजिज हो हिंदू BJP के साथ: क्लबहाउस पर सब कुछ बोल गए PK

बंगाल में बीजेपी क्यों जीत रही? पीएम मोदी कितने पॉपुलर? टीएमसी के आंतरिक सर्वे क्या कहते हैं? सबके बारे में क्लबहाउस पर प्रशांत किशोर ने बात की।

‘दलित भाई-बहनों से इतनी नफरत’: सिलीगुड़ी में बोले PM मोदी- दीदी आपको जाना होगा

“दीदी, ओ दीदी! बंगाल के लोग यहीं रहेंगे। अगर जाना ही है तो सरकार से आपको जाना होगा। दीदी आप बंगाल के लोगों की भाग्य विधाता नहीं हैं। बंगाल के लोग आपकी जागीर नहीं हैं।”

प्रचलित ख़बरें

‘ASI वाले ज्ञानवापी में घुस नहीं पाएँगे, आप मारे जाओगे’: काशी विश्वनाथ के पक्षकार हरिहर पांडेय को धमकी

ज्ञानवापी केस में काशी विश्वनाथ के पक्षकार हरिहर पांडेय को जान से मारने की धमकी मिली है। धमकी देने वाले का नाम यासीन बताया जा रहा।

बंगाल: मतदान देने आई महिला से ‘कुल्हाड़ी वाली’ मुस्लिम औरतों ने छीना बच्चा, कहा- नहीं दिया तो मार देंगे

वीडियो में तृणमूल कॉन्ग्रेस पार्टी के नेता को उस पीड़िता को डराते हुए देखा जा सकता है। टीएमसी नेता मामले में संज्ञान लेने की बजाय महिला पर आरोप लगा रहे हैं और पुलिस अधिकारी को उस महिला को वहाँ से भगाने का निर्देश दे रहे हैं।

पॉर्न फिल्म में दिखने के शौकीन हैं जो बायडेन के बेटे, परिवार की नंगी तस्वीरें करते हैं Pornhub अकॉउंट पर शेयर: रिपोर्ट्स

पॉर्न वेबसाइट पॉर्नहब पर बायडेन का अकॉउंट RHEast नाम से है। उनके अकॉउंट को 66 badge मिले हुए हैं। वेबसाइट पर एक बैच 50 सब्सक्राइबर होने, 500 वीडियो देखने और एचडी में पॉर्न देखने पर मिलता है।

कूच बिहार में 300-350 की भीड़ ने CISF पर किया था हमला, ममता ने समर्थकों से कहा था- केंद्रीय बलों का घेराव करो

कूच बिहार में भीड़ ने CISF की टीम पर हमला कर हथियार छीनने की कोशिश की। फायरिंग में 4 की मौत हो गई।

‘मोदी में भगवान दिखता है’: प्रशांत किशोर ने लुटियंस मीडिया को बताया बंगाल में TMC के खिलाफ कितना गुस्सा

"मोदी के खिलाफ एंटी-इनकंबेंसी नहीं है। मोदी का पूरे देश में एक कल्ट बन गया है। 10 से 25 प्रतिशत लोग ऐसे हैं, जिनको मोदी में भगवान दिखता है।"

बंगाल: हिंसा में 4 की मौत, कूच बिहार में पहली बार के वोटर को मारी गोली, हुगली में BJP कैंडिडेट-मीडिया पर हमला

बंगाल के कूच बिहार में फायरिंग में 4 लोगों की मौत हो गई। इनमें 18 साल का आनंद बर्मन भी है।
- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

292,985FansLike
82,166FollowersFollow
394,000SubscribersSubscribe