Sunday, July 21, 2024
Homeफ़ैक्ट चेकसोशल मीडिया फ़ैक्ट चेकबिना अनुमित खाली फ़्लैट में लगाया टेंट, नमाज के लिए बाहर से बुलाई भीड़:...

बिना अनुमित खाली फ़्लैट में लगाया टेंट, नमाज के लिए बाहर से बुलाई भीड़: स्वरा-Wire गिरोह ने फैलाया प्रोपेगंडा, यूपी पुलिस को बदनाम करने की साजिश

मीर फैसल द्वारा शेयर वीडियो पर प्रोपोगेंडा फैला रहे कुछ लोगों के दावे के उलट नोएडा पुलिस का बयान सामने आया है। ग्रेटर नोएडा के DCP ने बताया है कि एक खाली पड़े कमर्शियल मार्किट के तीसरी मंजिल पर नमाज़ अदा की जाती थी।

‘अल जजीरा’ और ‘द वायर’ के लिए काम करने वाले पत्रकार मीर फैज़ल ने मंगलवार (28 मार्च, 2023) को एक भ्रामक ट्वीट किया है। इस ट्वीट में उन्होंने उत्तर प्रदेश के नोएडा की एक सोसाइटी में मुस्लिमों को नमाज़ पढ़ने से रोके जाने की बात कही है। फैज़ल ने पुलिस पर भी टेंट आदि उखाड़ देने का आरोप लगाया है। फैज़ल के इस ट्वीट पर स्वरा भास्कर ने नमाज़ का विरोध करने वालों की हरकत को शर्मनाक बताया है।

वहीं, ‘हिंदुस्तान टाइम्स’ की पत्रकार नेहा यादव ने उत्तर प्रदेश पुलिस को इस्लामॉफ़ोबिक बताया है। ऑपइंडिया की जमीनी पड़ताल में ये तमाम दावे सच्चाई से परे मिले।

यह मामला नोएडा के बिसरख थानाक्षेत्र में आने वाले सुपरटेक इको विलेज- 2 का है। लगभग डेढ़ मिनट के इस वीडियो में सोसाइटी के अंदर कुछ लोग जमा दिख रहे हैं। मौके पर पुलिस की गाड़ी भी पहुँची हुई है। भीड़ आपस में एक दूसरे से बहस करती दिख रही है। पुलिस को देखते ही कुछ लोग जाने लगे तो बाकी लोगों ने उन्हें कहीं न जाने की सलाह दी। स्वरा भास्कर ने भीड़ को लानत भेजते हुए इस हरकत को तुच्छता कहा है।

‘हिंदुस्तान टाइम्स की पत्रकार नेहा यादव ने तो उत्तर प्रदेश पुलिस पर इस्लामोफोबिया तक का आरोप जड़ दिया। नेहा यादव ने पुलिस पर देश के संवैधानिक ढाँचे को बिगाड़ने का भी आरोप लगाया।

नेहा यादव का ट्वीट

नमाज़ न पढ़ना मुस्लिम समुदाय का फैसला

मीर फैसल द्वारा शेयर वीडियो पर प्रोपोगेंडा फैला रहे कुछ लोगों के दावे के उलट नोएडा पुलिस का बयान सामने आया है। ग्रेटर नोएडा के DCP ने बताया है कि एक खाली पड़े कमर्शियल मार्किट के तीसरी मंजिल पर नमाज़ अदा की जाती थी। इस दौरान सोसाइटी के ही लोगों की मौजूदगी हुआ करती थी। हिन्दू समुदाय का आरोप है कि नमाज पढ़ने के लिए कुछ बाहरी लोग भी आ रहे थे। पुलिस का कहना है कि हिन्दू समाज के लोगों ने बाहरी लोगों का विरोध किया था न कि सोसाइटी के स्थानीय लोगों का।

इन सबके साथ पुलिस ने स्पष्ट किया है कि अब उस स्थान पर नमाज़ न पढ़ने का फैसला खुद मुस्लिम समुदाय के लोगों ने लिया है। मौके पर शाँति व्यवस्था कायम है।

नहीं थी आयोजन की आधिकारिक अनुमति

ऑपइंडिया द्वारा स्थानीय स्तर पर जुटाई गई जानकारी के मुताबिक सोसाइटी में नमाज़ के आयोजकों ने अपने आयोजन के लिए कोई भी आधिकारिक अनुमति नहीं ली थी। इसके बावजूद मौके पर बाकायदा टेंट आदि लगा दिए गए थे। खाली पड़े फ्लोर में लगे इस टेंट में कई लोगों के जमा होने लायक व्यवस्था की गई थी।

हमें बताया गया कि पिछले कुछ वर्षों से सोसाइटी की खाली जगह पर वहीं के स्थानीय लोग नमाज पढ़ा करते थे। इस बार बाहरी लोगों को बुलाने पर स्थानीय लोगों ने विरोध व्यक्त किया। जब हमने इस बावत SHO बिसरख से बात की तो उन्होंने बताया कि मामले का सोसाइटी के लोगों की सर्व सहमति से शांति और सौहार्दपूर्ण समाधान कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि किसी भी तरह के तनाव, अभद्रता आदि के आरोप निराधार हैं।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

राहुल पाण्डेय
राहुल पाण्डेयhttp://www.opindia.com
धर्म और राष्ट्र की रक्षा को जीवन की प्राथमिकता मानते हुए पत्रकारिता के पथ पर अग्रसर एक प्रशिक्षु। सैनिक व किसान परिवार से संबंधित।

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

आजादी के वक्त थे 3 मुस्लिम बहुल जिले, अब 9 हैं: बंगाल BJP प्रमुख ने कहा- असम और बंगाल में डेमोग्राफी बदलाव सोची-समझी रणनीति,...

बंगाल भाजपा अध्यक्ष सुकांत मजूमदार ने असम के सीएम हिमंता के उस बयान का समर्थन किया है, जिसमें उन्होंने डोमोग्राफी बदलाव की बात कही थी।

शुक्र है मीलॉर्ड ने भी माना कि वो इंसान हैं! चाइल्ड पोर्नोग्राफी देखने को मद्रास हाई कोर्ट ने नहीं माना था अपराध, अब बदला...

चाइल्ड पोर्नोग्राफी को अपराध नहीं बताने वाले फैसले को मद्रास हाई कोर्ट के जज एम. नागप्रसन्ना ने वापस लिया और कहा कि जज भी मानव होते हैं।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -