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‘सिद्दार्थ ने सुशांत के कमरे में ली थी सबसे पहले एंट्री, फंदा काट कर उतारा था शव’ – हेल्पर नीरज ने किया खुलासा

"कमरा खुला तो सबसे पहले सिद्धार्थ पिठानी ही अंदर गए थे। उनको इस हालत में देख सभी के होश उड़ गए थे। मैं दरवाजे पर ही खड़ा था। तभी सिद्धार्थ को क‍िसी का फोन आया क‍ि..."

सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले में उनके डोमेस्टिक हेल्पर नीरज ने टाइम्स नाउ से बातचीत में नया खुलासा किया है। नीरज ने बताया है कि 14 जून को सुशांत की मौत के बाद उनके फ्लैट में जाने वाला पहला शख्स कौन था?

नीरज के मुताबिक, उस दिन सबसे पहले सिद्दार्थ पिठानी ने सुशांत के फ्लैट का दरवाजा खोला था, जहाँ सुशांत को उन्होंने मृत पाया। इसके बाद उन्होंने फंदे को काटा और शव बिस्तर पर गिर गया।

नीरज ने कहा, “सुशांत के सुसाइड के बाद जब उनका कमरा खुला तो सबसे पहले सिद्धार्थ पिठानी ही अंदर गए थे। उनको इस हालत में देख सभी के होश उड़ गए थे। मैं दरवाजे पर ही खड़ा था। तभी सिद्धार्थ को क‍िसी का फोन आया क‍ि बॉडी उतार दो, साँसें चल रही होंगी तो अस्‍पताल ले जाएँगे। इसके बाद सिद्धार्थ ने सुशांत सर की बॉडी को नीचा उतारा था।”

नीरज बताते हैं कि सुशांत जरूर किसी बीमारी से गुजर रहे थे तभी उन्होंने ये कदम उठाया। वे कहते हैं कि सुशांत की मौत से करीब 1-1.5 घंटे पहले उन्होंने एक ग्लास ठंडा पानी माँगा था।

गौरतलब है कि इससे पहले बिहार पुलिस ने सुशांत के सिम नंबर को लेकर खुलासा करते हुए बताया था कि सुशांत अपने नाम से कोई सिम इस्तेमाल नहीं कर रहे थे। उनका एक सिम तो सिद्धार्थ पिठानी के ही नाम पर रजिस्टर था। इसके अलावा यह भी खुलासा हुआ था कि सिद्धार्थ पिठानी ने जो दावा किया था कि उन्होंने शव देखकर वॉचमैन को सूचित किया, वो भी झूठा था। क्योंकि वॉचमैन का कहना था कि उसे इस बारे में कुछ नहीं बताया गया।

सुशांत के पिता के वकील विकास सिंह भी सिद्धार्थ को इस पूरे मामले में मुख्य आरोपित की तरह देख रहे हैं। उनका आरोप है कि सिद्धार्थ बहुत शातिर अपराधी है। उनका कहना है कि पिठानी शुरू में सुशांत के परिवार की मदद करने की कोशिश कर रहे थे। लेकिन जैसे ही रिया के ख़िलाफ़ शिकायत हुई, उसका रवैया बदल गया।

विकास के अनुसार, “सुशांत की मौत के बाद बहुत सारे सवाल हैं, जिनका जवाब अब तक मिलना बाकी है। आखिर जरूरी होने पर भी फौरन कमरे का दरवाजा क्यों नहीं खोला गया? और आखिर बाद में क्यों दरवाजा खोलकर बॉडी को नीचे रखने की इतनी जल्दी थी, जब उनकी बहन 10 मिनट में पहुँचने वाली थी?”

गौरतलब है कि सुशांत के मामले में प्रवर्तन निदेशालय द्वारा धनशोधन के आरोप में रिया चक्रवर्ती और उनके परिवार पर जाँच की जा रही है। इसके अलावा मुंबई पुलिस की जाँच भी इस मामले में संदिग्ध हैं। आज सुप्रीम कोर्ट ने भी फैसला दे दिया कि सीबीआई आगे इस मामले में जाँच करेगी

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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