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लुँगी घुटनों के ऊपर, जांघ तक तेल की मालिश: मदरसा प्रिंसिपल निजामुद्दीन की मसाज Video वायरल, पुलिस ने शुरू की जाँच

वीडियो मालिश हो रहे कमरे में मौजूद किसी तीसरे व्यक्ति द्वारा बनाई गई है। दावा इस बात का भी किया जा रहा है कि जिस मदरसे की यह वीडियो है वह सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त है। यहाँ पर दीनी तालीम के अलावा छात्रों को आईटीआई व सिलाई और कढ़ाई की भी ट्रेनिंग दी जाती है।

उत्तर प्रदेश के सिद्धार्थनगर में एक व्यक्ति का किसी महिला से मसाज करवाने का वीडियो वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो लगभग 1 मिनट 41 सेकेण्ड का है। इस वीडियो में एक मौलानानुमा व्यक्ति चारपाई पर लेटा हुआ है जिसका मसाज सलवार सूट पहने एक महिला कर रही है। दावा किया जा रहा है कि मसाज करवाने का शख्स एक मदरसे का प्रिंसिपल है जिसका नाम निजामुद्दीन है, जबकि मसाज करने वाली महिला उसी मदरसे में बच्चे के लिए खाना आदि बनाने वाली रसोइयाँ है। पुलिस इस मामले की जाँच कर रही है।

हालाँकि यह वीडियो कब का है इसकी अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है। मीडिया रिपोर्ट्स ही यह दावा कर कर रही हैं कि वायरल हो रहा वीडियो एक मदरसे का है। सिद्धार्थनगर जिले के अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी तन्मय ने इस वीडियो का संज्ञान लिया है। उन्होंने वीडियो में दिख रहे प्रिंसिपल को नोटिस देते हुए स्पष्टीकरण माँगा है। उनका कहना है कि जवाब आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

वीडियो मालिश हो रहे कमरे में मौजूद किसी तीसरे व्यक्ति द्वारा बनाई गई है। दावा इस बात का भी किया जा रहा है कि जिस मदरसे की यह वीडियो है वह सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त है। यहाँ पर दीनी तालीम के अलावा छात्रों को आईटीआई व सिलाई और कढ़ाई की भी ट्रेनिंग दी जाती है। सिद्धार्थनगर पुलिस ने भी इस वीडियो का संज्ञान लिया है। पुलिस ने SHO बांसी को जाँच और जरूरी कार्रवाई के लिए निर्देशित किया है।

चित्र साभार- सिद्धार्थनगर पुलिस ट्विटर हैंडल

ऑपइंडिया ने इस संबंध में जानने के लिए जब SHO बांसी को सम्पर्क किया तब उनका फोन बंद आया। इसी मामले में जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी का भी फोन स्विच ऑफ़ बताया। उपरोक्त अधिकारियों के वर्जन आने के बाद खबर को अपडेट किया जाएगा। फिलहाल, बांसी सिद्धार्थनगर के हिन्दू पदाधिकारी हरिशंकर चौरसिया ने कहा कि मुस्लिम समुदाय के लोग हिन्दू संतों में दिन भर कमी निकालते हैं। उन्होंने कहा कि वो पुलिस से आरोपित प्रिंसिपल पर कड़ी कार्रवाई की आशा करते हैं।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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