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‘ जो गवाही दे रहे हैं, उनकी फोटो भिजवा देना’ : कोर्ट में पेशी के दौरान ही मुख्तार अंसारी ने गवाह को धमकाया, एक और FIR दर्ज

आजमगढ़ एसपी अनुराग आर्य का कहना है कि गवाह की शिकायत के आधार पर मुख्तार अंसारी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जाँच की जा रही है। सभी गवाहों को पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध कराई जा रही है। 2014 में दर्ज हत्या के एक मुकदमे के गवाहों को वह धमका रहा है।

उत्तर प्रदेश की बाँदा जेल में बंद माफिया और गैंगस्टर मुख्तार अंसारी ने एक बार फिर गवाहों को धमकाना शुरू कर दिया है। आरोप है कि एमपी-एमएलए कोर्ट में पेशी के दौरान मुख्तार अंसारी ने अपने वकील से गवाहों की फोटो माँगी और धमकी दी है। इस मामले में गवाह की शिकायत पर उसके खिलाफ आजमगढ़ में FIR दर्ज हुई है। साथ ही गवाहों की सुरक्षा बढ़ा दी गई है।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, साल 2014 में हुई एक मजदूर की हत्या के मामले में मुख्तार अंसारी आरोपित है। सोमवार (10 जुलाई 2023) को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए एमपी-एमएलए कोर्ट में मुख़्तार की पेशी थी। इस पेशी के दौरान उसने वकील से गवाह का चेहरा देखने और उसकी फोटो की माँग की थी। एक रिपोर्ट के अनुसार उसने कहा- ‘ये जो गवाही दे रहे हैं इनकी फोटो भिजवा देना’ हालाँकि इसके बाद गवाह ने आजमगढ़ थाने में धमकी मुख्तार के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। गवाह ने मुख्तार अंसारी पर धमकाने का आरोप लगाते हुए अपनी सुरक्षा की माँग की है। 

इस मामले में आजमगढ़ एसपी अनुराग आर्य का कहना है कि गवाह की शिकायत के आधार पर मुख्तार अंसारी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जाँच की जा रही है। सभी गवाहों को पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध कराई जा रही है। 2014 में दर्ज हत्या के एक मुकदमे के गवाहों को वह धमका रहा है। इस केस में प्रभावी पैरवी कर मुख्तार को जल्द-जल्द से सजा दिलाने के लिए स्पेशल सेल का गठन किया गया है।

क्या है मामला

फरवरी 2014 को आजमगढ़ जिले में तरवाँ के ऐरा कला गाँव मे सड़क का निर्माण हो रहा था। इसी दौरान 6 फरवरी को गोलीबारी कर राम इकबाल नामक मजदूर की हत्या कर दी गई थी। वहीं 2 अन्य घायल हुए थे। इस मामले में मुख्तार अंसारी समेत 11 लोगों को आरोपित बनाया गया है। वहीं मुख्तार को इस गोलीकांड का मास्टरमाइंड बताया गया। इस मामले में मुख्तार पर गैंगस्टर एक्ट के तहत भी मामला दर्ज है। इस मामले में एमपी-एमएलए कोर्ट में सुनवाई चल रही है। इसी दौरान मुख्तार ने गवाहों को धमकाने की कोशिश की।

हालाँकि मुख्तार अंसारी के वकील लल्लन सिंह ने गवाह को धमकाने के आरोप को बेबुनियाद बताया है। लल्लन सिंह ने कहा है कि मामला कोर्ट का है और मुख्तार अंसारी जेल में है। इसलिए पुलिस ऐसी कार्रवाई नहीं कर सकती। मुख्तार ने फोटो नहीं बल्कि फोटो कॉपी देने की बात कही थी। पेशी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से हुई है। इसलिए वीडियो रिकॉर्डिंग देखी जा सकती है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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