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सैफ अली खान पर हमला करने वाला बांग्लादेशी, नाम ‘शरीफुल इस्लाम शहजाद’: ठाणे में झाड़ियों के बीच से पुलिस ने दबोचा, न्यूज देखकर बदल रहा था लोकेशन

सैफ पर हमला करके फरार होने के बाद से वह लगातार न्यूज चैनल देख रहा था और पुलिस एक्शन के हिसाब से लगातार अपनी लोकेशन बदल रहा था । वो ठाणे के हीरानंदानी एस्टेट के पास बने लेबर कैंप की झाड़ियों से पकड़ा गया।

बॉलीवुड अभिनेता सैफ अली खान पर उनके बांद्रा स्थित घर में हमले के केस का बांग्लादेशी एंगल भी निकला है। मुंबई पुलिस ने हमलावर मोहम्मद शरीफुल इस्लाम शहजाद उर्फ विजय दास, उर्फ बीजे को ठाणे से गिरफ्तार किया है। मुंबई पुलिस ने मामले में गिरफ्तार आरोपित के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि वह बांग्लादेशी है और भारत में अवैध तरीके से घुसा था। आरोपित ने अपनी पहचान छिपाने के लिए फर्जी नाम का इस्तेमाल किया। मुंबई पुलिस ने अब इस केस में पासपोर्ट एक्ट की धाराएँ भी जोड़ दी हैं।

मुंबई के डीसीपी जोन 9, दीक्षित गेडम ने बताया, “16 जनवरी की रात 2 बजे अभिनेता सैफ अली खान पर उनके बांद्रा स्थित घर में हमला हुआ। इस मामले में एफआईआर दर्ज की गई थी और एक आरोपित को गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपित का नाम मोहम्मद शरीफुल इस्लाम शहजाद है और उसकी उम्र 30 वर्ष है। उसने चोरी के इरादे से घर में घुसपैठ की थी। आरोपित को कोर्ट में पेश किया जाएगा और उसकी रिमांड की माँग की जाएगी। मामले की आगे जाँच जारी है।”

डीसीपी दीक्षित गेडम ने आगे कहा, “प्रथम दृष्टया, आरोपित बांग्लादेशी है। उसने भारत में प्रवेश करने के बाद अपनी पहचान बदल ली थी। उसका असली नाम मोहम्मद शरीफुल इस्लाम शहजाद है। शुरुआत में उसने कुछ दिनों तक मुंबई में काम किया और फिर मुंबई के आसपास के इलाकों में चला गया। आरोपित हाउसकीपिंग एजेंसी में काम करता था।” मुंबई पुलिस ने इस मामले में पासपोर्ट एक्ट की धाराएँ जोड़ते हुए अपनी जाँच का दायरा बढ़ा दिया है।

पुलिस की शुरुआती जाँच में यह भी पता चला है कि आरोपित पिछले कुछ समय से अलग-अलग नामों का इस्तेमाल कर रहा था। गिरफ्तारी से पहले वह ठाणे के हीरानंदानी एस्टेट के पास बने लेबर कैंप की झाड़ियों में छिपा हुआ था। पुलिस ने वहाँ सर्च ऑपरेशन चलाकर उसे गिरफ्तार किया। सैफ पर हमला करके फरार होने के बाद से वह लगातार न्यूज चैनल देख रहा था और पुलिस एक्शन के हिसाब से लगातार अपनी लोकेशन बदल रहा था। पुलिस ने यह भी बताया कि आरोपित ने अपराध को अंजाम देने के लिए सैफ अली खान के अपार्टमेंट की इमरजेंसी सीढ़ियों का इस्तेमाल किया और दमकम विभाग की सीढ़ियों की तरह हल्की सीढ़ियों के बल पर वो अंदर घुसा।

इस पूरे मामले में सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि आरोपित के पास से कोई पहचान पत्र, जैसे आधार कार्ड या वोटर आईडी, नहीं मिला। उसकी हरकतें एक साधारण मजदूर के बजाय एक शातिर अपराधी जैसी थी, तभी वो इतने समय तक मुंबई पुलिस को चमका देता रहा। उसे पकड़ने के क्रम में मुंबई से लेकर एमपी और छत्तीसगढ़ तक युवकों को पकड़ा गया। ऐसे में पुलिस अब इस एंगल से भी जाँच कर रही है कि क्या इस हमले के पीछे कोई बड़ी साजिश है।

बता दें कि सैफ अली खान पर गुरुवार (16 फरवरी 2025) सुबह मुंबई के बांद्रा स्थित उनके फ्लैट में चाकू से जानलेवा हमला किया गया था। 54 वर्षीय अभिनेता की गर्दन और रीढ़ पर कई वार किए गए, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए थे। तत्काल उन्हें लीलावती अस्पताल ले जाया गया, जहाँ उनकी इमरजेंसी सर्जरी की गई। डॉक्टरों ने बताया कि अब उनकी हालत स्थिर है और उन्हें आईसीयू से सामान्य वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया है। डॉक्टरों ने यह भी बताया कि सैफ अली खान जल्द ही चल-फिर सकते हैं और उन्हें तीन-चार दिनों में अस्पताल से छुट्टी मिलने की संभावना है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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