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‘कोर्ट ब्लास्ट करने जा रहे हैं, बचा सकते हो तो बचा लो’: ज्ञानवापी के शिवलिंग की कार्बन डेटिंग पर सुनवाई से पहले CM ऑफिस में धमकी, 1 हिरासत में

पुलिस ने धमकी मामले की पड़ताल के बाद एक सब्ज़ी विक्रेता को हिरासत में लिया है। सब्ज़ी विक्रेता का कहना है कि किसी ने उनका फोन चुरा कर ये हरकत की है। फ़िलहाल पुलिस सब्ज़ी विक्रेता से पूछताछ कर रही है।

उत्तर प्रदेश पुलिस ने वाराणसी कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी देने वाले एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। यह धमकी लखनऊ के पाँच कालिदास मार्ग पर मुख्यमंत्री आवास पर मौजूद एक ड्यूटी स्टाफ को फोन पर दी गई थी। इसी धमकी का दूसरा कॉल वाराणसी के SP देहात को आया था। जाँच में पता चला कि यह फोन वाराणसी के फुलवरिया से किया गया था। धमकी शुक्रवार (30 सितम्बर 2022) को आई थी।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक धमकी के बाद मुख्यमंत्री कार्यालय से वाराणसी पुलिस को सूचित किया गया। पुलिस ने धमकी को गंभीरता से लेते फ़ौरन ही धमकी देने वाले की तलाश शुरू कर दी। पड़ताल के बाद पुलिस ने एक सब्ज़ी विक्रेता को हिरासत में लिया गया। सब्ज़ी विक्रेता का कहना है कि किसी ने उनका फोन चुरा कर ये हरकत की है। फ़िलहाल पुलिस सब्ज़ी विक्रेता से पूछताछ कर रही है।

टाइम्स नाऊ के पत्रकार के अनुसार, फोन कॉल पर कहा गया था कोर्ट ब्लास्ट करने जा रहे हैं, बचा सकते हो तो बचा लो।

मालूम हो कि यह धमकी वाराणसी कोर्ट द्वारा ज्ञानवापी में मिले शिवलिंग की कार्बन डेटिंग पर फैसले से पहले दी गई है। गौरतलब है कि 29 सिंतबर 2022 को ज्ञानवापी-माँ श्रृंगार गौरी केस की सुनवाई के दौरान शिवलिंग की कार्बन डेटिंग कराने का मुद्दा उठाया गया था। हिन्दू पक्ष ने शिवलिंग नुमा आकृति वाला पत्थर कब का है? इसे जानने के लिए भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण से जाँच और वैज्ञानिक जाँच की माँग की है। हिन्दू पक्ष की इस माँग पर न्यायालय ने अगली तारीख 7 अक्टूबर तय की थी।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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