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केरल में गिरफ्तार रऊफ को रिमांड पर लेगी यूपी STF, हाथरस में दंगे की साजिश में आया था नाम

मथुरा जाते समय PFI के चार सदस्य सिद्दीक कप्पन, अतीकुर्रहमान, आलम और मसूद को गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ के बाद यह खुलासा हुआ कि उनकी हाथरस में दंगा फैलाने की साजिश थी। साथ ही रऊफ शरीफ का नाम सामने आया था।

हाथरस में दंगा फैलाने की साजिश रचने का आरोपित रऊफ शरीफ केरल से ट्रांजिट रिमांड पर उत्तर प्रदेश लाया जा रहा है। मथुरा कोर्ट में पेशी के बाद उसे एसटीएफ रिमांड पर लेगी। रऊफ शरीफ कैंपस फ्रंट ऑफ इंडिया (CFI) का महा​सचिव है। यह PFI का स्टूडेंट विंग है।

दिसंबर 2020 में उसे केरल एयरपोर्ट से गिरफ्तार किया गया था। बाद में उसे जमानत दे दी गई। इसके बाद उसे यूपी एसटीएफ ने गिरफ्तार कर लिया था। उस पर यूपी के हाथरस में दंगे की साजिश रचने और विदेशी फंडिंग जुटाने का आरोप है। यूपी में CAA और NRC के दौरान भड़के दंगों में भी उसकी भूमिका संदिग्ध रही है।

हाथरस मामले में जमकर हो रही राजनीति के दौरान मथुरा जाते समय PFI के चार सदस्य सिद्दीक कप्पन, अतीकुर्रहमान, आलम और मसूद को गिरफ्तार किया गया था। पूछताछ के बाद यह खुलासा हुआ कि उनकी हाथरस में दंगा फैलाने की साजिश थी। साथ ही रऊफ शरीफ का नाम सामने आया था। इसके बाद यूपी पुलिस ने प्रोडक्शन वारंट के लिए आवेदन किया था।

हाथरस मामले में मनी लॉन्ड्रिंग को लेकर ED ने कुछ दिन पहले ही चार्जशीट दाखिल की है। एसटीएफ के एडीजी अमिताभ यश ने बताया कि रऊफ को ट्रांजिट रिमांड पर यूपी लाया जा रहा है। मथुरा में उसे संबंधित न्यायालय में पेश कर उसे रिमांड पर लिया जाएगा।

बता दें, हाथरस मामले में जाँच कर रही पुलिस को पता चला था कि दंगे भड़काने के लिए PFI के सदस्य कप्पन और उसके साथियों को पार्टी के वरिष्ठ पदाधिकारी रऊफ शरीफ व पी.कोया द्वारा फंडिंग की गई थी। आरोपितों को 1.36 करोड़ रुपए ओमान व कतर में बैठे पीएफआइ सदस्यों के जरिये रउफ तक पहुँचाई गई थी।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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