Homeराजनीतिरिश्वत के पैसे से चिदंबरम ने खरीदे स्पेनिश टेनिस क्लब और विदेश में सम्पत्ति:...

रिश्वत के पैसे से चिदंबरम ने खरीदे स्पेनिश टेनिस क्लब और विदेश में सम्पत्ति: ED

ED के अक्टूबर 2018 के अटैचमेंट ऑर्डर के अनुसार बार्सिलोना, स्पेन के टेनिस क्लब, ब्रिटेन के दो घरों और भारत के भीतर की संपत्तियों का कुल मूल्य करीब ₹54 करोड़ के आस-पास बैठता है।

INX मीडिया घोटाले में ED (प्रवर्तन निदेशालय) का आरोप है कि पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम के बेटे कार्ति चिदंबरम ने INX मीडिया घोटाले में मिले पैसे से देश-विदेश में कई अचल सम्पत्तियाँ खरीदी हैं। इनमें स्पेन में एक टेनिस क्लब और ब्रिटेन में घर शामिल हैं। इन्हीं के बारे में पूछताछ के लिए ED कॉन्ग्रेस नेता पी. चिदंबरम को हिरासत में लेना चाहती है।

₹54 करोड़ का है मामला

ED के अक्टूबर 2018 के अटैचमेंट ऑर्डर के अनुसार बार्सिलोना, स्पेन के टेनिस क्लब, ब्रिटेन के दो घरों और भारत के भीतर की संपत्तियों का कुल मूल्य करीब ₹54 करोड़ के आस-पास बैठता है। भारत के भीतर अटैच की गई सम्पत्तियों में उनका वर्तमान निवास, दिल्ली के जोर बाग स्थित ₹16 करोड़ का बंगला, भी शामिल हैं। बार्सिलोना स्थित टेनिस क्लब का मूल्य ₹15 करोड़ बताया जा रहा है

जो लेन-देन हुआ ही नहीं, उसके बने डेबिट नोट

ED का दावा है कि INX मामले के दूसरे आरोपी पीटर मुखर्जी ने कार्ति चिदंबरम को ₹3.09 करोड़ डेबिट नोटों में हेरफ़ेर के ज़रिए दिए। इसके लिए ऐसे लेन-देन कागज़ों पर दिखाए गए, जो असल में हुए ही नहीं।

इसके अलावा कार्ति चिदंबरम से जुड़ी कंपनी Advantage Strategic Consulting Pvt Ltd (ASCPL) के वासन हेल्थ केयर में हिस्सेदारी भी इसी घोटाले के पैसे से खरीदने की बात मीडिया रिपोर्टों में कही जा रही है। साथ ही यह भी बताया जा रहा है कि बाद में वासन हेल्थ केयर में ASCPL के शेयरों में से कुछ हिस्सा ₹41 करोड़ के मुनाफ़े पर बेच दिया गया

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

बेचे जाने और लीज पर देने का अंतर भूल बैठे हैं अखिलेश यादव, JPNIC ‘बिक गया’ या सिर्फ लीज पर गया? सपा प्रमुख के...

JPNIC विवाद में अखिलेश यादव के ‘बेचने’ के आरोप की पड़ताल पर जानिए योगी सरकार का लीज मॉडल, CAG की आपत्तियां और 265 करोड़ से 865 करोड़ तक कैसे पहुँचा प्रोजेक्ट।

UP में तेजी से बढ़ रही है ‘गो-इकोनॉमी’, दूध के साथ-साथ गोमूत्र भी बन रहा है रोजगार का साधन: शैम्पू, साबुन और ऑर्गेनिक फर्टिलाइजर...

सवाल उनसे है जो गाय, गोबर और गौमूत्र का नाम सुनते ही मजाक बनाने लगते हैं- जब यही व्यवस्था किसान का खर्च घटाकर उसकी आय बढ़ा रही है और तो उपहास किस बात का है?
- विज्ञापन -