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‘नहीं छोड़ेंगे दिल्ली’: गाजीपुर बॉर्डर पर अब टिकैत के जन्मदिन का जश्न, 11 क्विंटल रसगुल्ला लेकर आ रहा खानदान

जन्मदिन की पार्टी ऐसे समय में हो रही है जब मुजफ्फरनगर के एक किसान परिवार ने टिकैत और उनके बेटे पर अपनी तीन बीघा जमीन हड़पने और उसमें लगी फसल तहस-नहस करने का आरोप लगाया है।

कृषि कानूनों के विरोध में दिल्ली की सीमाओं पर चल रहा कथित किसान आंदोलन अब तरह-तरह के जश्न मनाने का स्थल बन गया है। पिछले दिनों बॉर्डर से तस्वीर आई थी कि वहाँ कोविड नियमों को ताक पर रखकर इफ्तार पार्टी का आयोजन हुआ और अब खबर है कि राकेश टिकैत का जन्मदिन भी गाजीपुर बॉर्डर पर ही मनेगा।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार भारतीय किसान यूनियन (बीकेयू) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नरेश टिकैत शुक्रवार (जनवरी 4, 2021) को अपने छोटे भाई राकेश टिकैत का जन्मदिन मनाने के लिए गाजीपुर बॉर्डर आ रहे हैं। जन्मदिन धूमधाम से मने इसके लिए उन्होंने अपने ही घर पर 11 क्विंटल रसगुल्ले भी बनवाए हैं।

गाजीपुर आते समय उन्होंने बागपत में राष्ट्र वंदना चौक पर पत्रकारों से बात की। उन्होंने कहा कि कोरोना बड़ी महामारी है। कानून इसके सामने छोटे हैं। ये कानून बाद में भी लागू हो सकते हैं। लेकिन सरकार जिद्द पर अड़ी है। विधानसभा चुनाव से पहले किसान आंदोलन को 1 वर्ष पूरा हो जाएगा। तब यह आंदोलन और भी उग्र हो जाएगा और पूरे देश में फैलेगा।

वहीं राकेश टिकैत ने भी एक बार फिर ऐलान किया है कि किसान किसी कीमत पर राष्ट्रीय राजधानी नहीं छोड़ेंगे। उनके मुताबिक, “केंद्र सरकार चाहती है कि आंदोलन को हरियाणा में शिफ्ट कर दिया जाए। हम ये नहीं होने देंगे। हम सरकार को उनके मनसूबों में कामयाब नहीं होने देंगे। हम दिल्ली किसी कीमत पर नहीं छोड़ेंगे।” बीकेयू नेता का कहना है कि हरियाणा के टोल प्लाजा पर स्ट्राइक जारी रहेगी, लेकिन प्रदर्शन का केंद्र दिल्ली ही रहेगा। 

बता दें कि दिल्ली सीमाओं पर किसान आंदोलन को पिछले 26 मई को 6 माह पूरे हो गए। ऐसे में किसानों ने जगह-जगह काला दिवस मनाया था। अब बीकेयू प्रवक्ता राकेश टिकैत का यहाँ 54वाँ जन्मदिन मन रहा है। सिसौली क्षेत्र के आसपास के गाँवों के किसानों ने तो उनके जन्मदिन को एक उत्सव के रूप में मनाने की योजना बनाई है। दिल्ली सीमा पर होने जा रहे इस कार्यक्रम में नरेश टिकैत तथा उनके पौत्र रघु एवं वंश टिकैत एवं टिकैत परिवार की महिलाएँ भी शामिल होंगी।

जमीन हड़पने के आरोप

उल्लेखनीय है कि दिल्ली सीमा पर होने जा रहे इस जन्मदिन समारोह से ठीक पहले मुजफ्फरनगर के शाहपुर जिले में स्थित किनौनी गाँव में राकेश टिकैत और उनके बेटे चरण सिंह पर एक किसान की लाखों की जमीन पर अवैध कब्जा करने, खेत में खड़ी फसल को तहस-नहस करने का आरोप लगा है। 

पीड़ित परिवार ने जिला प्रशासन के साथ-साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से न्याय की गुहार लगाई है और टिकैत के खिलाफ सख्त कार्रवाई की माँग की है। शिकायतकर्ता सुशीला देवी और उनके बेटे विनीत बालियान का आरोप है कि उनकी 3 बीघा से ज्यादा जमीन रेलवे अधिग्रहण में आई थी। मगर राकेश टिकैत और उनके बेटे ने 30 मई की रात उनके खेत पर अवैध कब्जा करके उसमें उगी फसल को बर्बाद कर दिया।

इस पूरे मामले पर नरेश टिकैत का कहना है कि शिकायत करने वाली महिला पागल है। उनके अनुसार, “हमने उसकी सिफारिश अधिकारियों से की है। उनका घर के बँटवारे का विवाद है। जमीन रेलवे ने अधिग्रहण की है। उसके देवर और जेठ का जमीन पर कब्जा है। उन्हें मुआवजा मिल रहा है। हमने अधिकारियों से कहा कि महिला को भी मुआवजा मिल सकता है तो दिलाया जाए।”

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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