Friday, June 25, 2021
Home राजनीति भारत एक हिन्दू राष्ट्र और इससे कोई समझौता नहीं, हनुमान और शिवाजी RSS के...

भारत एक हिन्दू राष्ट्र और इससे कोई समझौता नहीं, हनुमान और शिवाजी RSS के आदर्श: भागवत

आरएसएस में लोकतंत्र के बारे में उन्होंने बात करते हुए कहा कि यहाँ सभी की सहमति के बाद ही किसी दिशा में आगे बढ़ा जाता है। उन्होंने लोगों को यह न सोचने की सलाह दी कि संघ ही सब कुछ करे। उन्होंने कहा कि यह विचार नहीं बनना चाहिए कि संघ के कारण ही सबकुछ हो रहा।

सरसंघचालक मोहन भागवत ने मंगलवार को (अक्टूबर 1, 2019) को एक कार्यक्रम के दौरान कहा कि भारत की भक्ति करने वाला हर व्यक्ति हिन्दू है। संघ की विचारधारा के बारे में बात करते हुए आरएसएस प्रमुख ने कहा कि यह स्थानीय नहीं है, अपितु प्रगतिशील है। एबीवीपी से जुड़े वरिष्ठ प्रचारक सुनील आंबेकर की पुस्तक ‘द आरएसएस: रोडमैप फॉर 21 सेंचुरी’ के विमोचन के मौके पर उन्होंने ये बातें कही। पाकिस्तान और उसके प्रधानमंत्री इमरान ख़ान लगातार संघ पर हमलावर रहे हैं और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भी आरएसएस को लेकर भला-बुरा कह चुके हैं।

आरएसएस प्रमुख ने कहा कि संघ ने हिन्दू नहीं बनाए बल्कि यह तो हज़ारों वर्षों से चला आ रहा है। उन्होंने बताया कि संघ ने बाहर से आए लोगों को भी अपनाया है। उन्होंने कहा कि देश, काल या परिस्थिति के अनुरूप अब तक संघ में बदलाव होता आया है और यह प्रगतिशील संगठन है। उन्होंने कहा कि जो भी भारत की भक्ति करता है और उसमें भारतीयता बनी हुई है तो वह हिन्दू है। संघ प्रमुख ने इसे संघ की सतत विचारधारा बताते हुए कहा कि इस बात को लेकर कोई भरम न पाला जाए।

मोहन भागवत ने संघ द्वारा किए गए कार्यों की भी चर्चा की। आरएसएस में लोकतंत्र के बारे में उन्होंने बात करते हुए कहा कि यहाँ सभी की सहमति के बाद ही किसी दिशा में आगे बढ़ा जाता है। उन्होंने लोगों को यह न सोचने की सलाह दी कि संघ ही सब कुछ करे। उन्होंने कहा कि यह विचार नहीं बनना चाहिए कि संघ के कारण ही सबकुछ हो रहा। उन्होंने कहा कि भारत एक हिन्दू राष्ट्र है और इससे कोई समझौता नहीं हो सकता। आरएसएस के मुखिया ने कहा:

“संघ को यदि समझा जा सकता है तो इसके संस्थापक डॉ. हेडगेवार के जीवन से। हमारे लिए झंडा महत्वपूर्ण है। भगवान हनुमान और छत्रपति शिवाजी हमारे आदर्श हैं। हमारे यहाँ देशकाल, समय और परिस्थिति की कसौटी पर सामूहिक सहमति से फ़ैसले लिए जाते हैं। विचारों में मतभेद हो सकता है, लेकिन मनभेद नहीं होता। लोग अपने विचार रखने और लिखने के लिए स्वतंत्र हैं। कोई भी स्वयंसेवक अपना मत रख सकता है। लेकिन, जब निर्णयों की बात आती है तो वह सहमति से होते हैं। मेरे पास भी संघ की व्याख्या के लिए शब्द नहीं है। मैं भी यह दावा नहीं कर सकता कि संघ को समझ पाया हूँ।”

आरएसएस प्रमुख ने कहा कि संघ में शामिल होने के लिए शर्तें नहीं थोपी जाती हैं। उन्होंने समलैंगिकों की तरफ इशारा करते हुए कहा कि वे सभी मनुष्य हैं और उन सभी का समाज में स्थान है। उन्होंने महाभारत युद्ध की चर्चा करते हुए शिखंडी की बात की। उन्होंने कहा कि उस समय भी अर्जुन को उसके पीछे खड़ा होना पड़ा था। यह दिखाता है कि समाज में सबका अपना-अपना स्थान है।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

फतेहपुर के अंग्रेजी मीडियम स्कूल में हिंदू बच्चे पढ़ते थे नमाज: महिला टीचर ने खोली मौलाना उमर गौतम के धर्मांतरण गैंग की पोल

फतेहपुर के नूरुल हुदा इंग्लिश मीडियम स्कूल में मौलाना उमर के गिरोह की सक्रियता का खुलासा वहाँ की ही एक महिला टीचर ने किया है।

‘सत्यनारायण और भागवत कथा फालतू, हिजड़ों की तरह बजाते हैं ताली’: AAP नेता का वीडियो वायरल

AAP की गुजरात इकाई के नेता गोपाल इटालिया का एक वीडियो वायरल हो रहा है। इसमें वे हिन्दू परंपराओं का अपमान करते दिख रहे हैं।

जम्मू-कश्मीर: PM मोदी का ग्रासरूट डेमोक्रेसी पर जोर, जानिए राज्य का दर्जा और विधानसभा चुनाव कब

प्रधानमंत्री ने कहा कि वह 'दिल्ली की दूरी' और 'दिल की दूरी' को मिटाना चाहते हैं। परिसीमन के बाद विधानसभा चुनाव उनकी प्राथमिकता में है।

₹60000 करोड़, सबसे सस्ता स्मार्टफोन, 109 शहरों में वैक्सीनेशन सेंटर: नीता अंबानी ने बताया कोरोना काल का ‘धर्म’

रिलायंस इंडस्ट्रीज की AGM में कई बड़ी घोषणाएँ की गई। कोविड संकट से देश को उबारने के प्रति प्रतिबद्धता दिखाई गई।

मोदी ने भगा दिया वाला प्रोपेगेंडा और माल्या-चोकसी-नीरव पर कसता शिकंजा: भारत में आर्थिक पारदर्शिता का भविष्य

हमारा राजनीतिक विमर्श शोर प्रधान है। लिहाजा कई महत्वपूर्ण प्रश्न दब गए। जब इन आर्थिक भगोड़ों पर कड़ाई का नतीजा दिखने लगा है, इन पर बात होनी चाहिए।

कोरोना वैक्सीन पर प्रशांत भूषण की नई कारस्तानी: भ्रामक रिपोर्ट शेयर की, दावा- टीका लेने वालों की मृत्यु दर ज्यादा

प्रशांत भूषण एक बार फिर ट्वीट्स के जरिए कोरोना वैक्सीन पर लोगों को गुमराह कर डराने की कोशिश करते नजर आए हैं।

प्रचलित ख़बरें

‘सत्यनारायण और भागवत कथा फालतू, हिजड़ों की तरह बजाते हैं ताली’: AAP नेता का वीडियो वायरल

AAP की गुजरात इकाई के नेता गोपाल इटालिया का एक वीडियो वायरल हो रहा है। इसमें वे हिन्दू परंपराओं का अपमान करते दिख रहे हैं।

फतेहपुर के अंग्रेजी मीडियम स्कूल में हिंदू बच्चे पढ़ते थे नमाज: महिला टीचर ने खोली मौलाना उमर गौतम के धर्मांतरण गैंग की पोल

फतेहपुर के नूरुल हुदा इंग्लिश मीडियम स्कूल में मौलाना उमर के गिरोह की सक्रियता का खुलासा वहाँ की ही एक महिला टीचर ने किया है।

TMC के गुंडों ने किया गैंगरेप, कहा- तेरी काली माँ न*गी है, तुझे भी न*गा करेंगे, चाकू से स्तन पर हमला: पीड़ित महिलाओं की...

"उस्मान ने मेरा रेप किया। मैं उससे दया की भीख माँगती रही कि मैं तुम्हारी माँ जैसी हूँ मेरे साथ ऐसा मत करो, लेकिन मेरी चीख-पुकार उसके बहरे कानों तक नहीं पहुँची। वह मेरा बलात्कार करता रहा। उस दिन एक मुस्लिम गुंडे ने एक हिंदू महिला का सम्मान लूट लिया।"

‘हर चोर का मोदी सरनेम क्यों’: सूरत की कोर्ट में पेश हुए राहुल गाँधी, कहा- कटाक्ष किया था, अब याद नहीं

कॉन्ग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गाँधी सूरत की एक अदालत में पेश हुए। मामला 'सारे मोदी चोर' वाले बयान पर दर्ज आपराधिक मानहानि के मामले से जुड़ा है।

‘हरा$ज*, हरा%$, चू$%’: ‘कुत्ते’ के प्रेम में मेनका गाँधी ने पशु चिकित्सक को दी गालियाँ, ऑडियो वायरल

गाँधी ने कहा, “तुम्हारा बाप क्या करता है? कोई माली है चौकीदार है क्या हैं?” डॉक्टर बताते भी हैं कि उनके पिता एक टीचर हैं। इस पर वो पूछती हैं कि तुम इस धंधे में क्यों आए पैसे कमाने के लिए।

जम्मू-कश्मीर के लोग अपने पूर्व मुख्यमंत्री को जेल में डालने के लिए धरने पर बैठे, कर रही थीं पाकिस्तान की वकालत

"महबूबा मुफ्ती से बातचीत के बजाय उन्हें तिहाड़ जेल भेजा जाना चाहिए। दिल्ली से उन्हें वापस जम्मू कश्मीर नहीं आने दिया जाना चाहिए।”
- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
105,786FollowersFollow
392,000SubscribersSubscribe