Homeराजनीतिमोदी कैबिनेट में वरुण गाँधी की एंट्री के आसार, राजनाथ बोले- UP में 2022...

मोदी कैबिनेट में वरुण गाँधी की एंट्री के आसार, राजनाथ बोले- UP में 2022 का चुनाव योगी के नाम

"कोरोना संक्रमित होने के बावजूद भी वह आइसोलेशन से काम करते रहे। उनके परिश्रम पर कोई भी सवाल नहीं उठा सकता। यूपी में सीएम का चेहरा वही होंगे।"

मोदी सरकार में जल्द फेरबदल की अटकलें कई दिनों से लग रही है। मीडिया में कई नामों पर चर्चा हो रही है जिन्हें केंद्रीय कैबिनेट में जगह मिल सकती है। टाइम्स नाउ ने सूत्रों के हवाले से ऐसे 6 नाम बताए हैं। इनमें सबसे चौंकाने वाला नाम वरुण गाँधी का है। दूसरी ओर आज तक से बातचीत में केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा है कि उत्तर प्रदेश में 2022 का विधानसभा चुनाव मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम पर ही लड़ा जाएगा।

टाइम्स नाऊ की मानें तो उन्हें उच्च सरकारी सूत्रों से 6 नाम मिले हैं जिन्हें मोदी कैबिनेट में जगह मिलने की उम्‍मीद है। ये नाम हैं: ज्योतिरादित्य सिंधिया, वरुण गाँधी, भूपेन्द्र यादव, दिनेश त्रिवेदी, अश्विनी वैष्णव, जामग्याल सेरिंग नामग्याल।

संभावित चेहरों के तौर पर जो नाम बताए गए हैं उनमें से ज्योतिरादित्य सिंधिया और दिनेश त्रिवेदी मनमोहन सरकार में भी मंत्री रहे हैं। सिंधिया कॉन्ग्रेस छोड़कर तो त्रिवेदी तृणमूल कॉन्ग्रेस से इस्तीफा दे बीजेपी में शामिल हुए हैं।

भूपेन्द्र यादव भाजपा के उन प्रमुख वरिष्ठ रणनीतिकारों में से एक हैं जिनके कारण पार्टी बिहार और हैदराबाद में बेहतर प्रदर्शन कर पाई। वरुण गाँधी पीलीभीत से सांसद हैं और उनकी छवि कट्टर हिंदुत्ववादी नेता की रही है।

जामग्याल सेरिंग नामग्याल लद्दाख से भाजपा सांसद हैं। लद्दाख हिल काउंसिल चुनाव में बीजेपी का दबदबा बनाने में उनका अहम रोल रहा है। इनके अलावा अश्विनी वैष्णव भी कैबिनेट के संभावितों में से एक हैं। पूर्व आईएएस अधिकारी वैष्णव ओडिशा से बीजू जनता दल की सहायता से राज्य सभा सांसद चुने गए हैं।

दूसरी तरफ रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने स्पष्ट तौर पर यह कहा है कि भाजपा उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव वर्तमान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में ही लड़ेगी। सीएम योगी की तारीफ करते हुए पूर्व भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि कोरोना संक्रमित होने के बावजूद भी वह आइसोलेशन से काम करते रहे। उनके परिश्रम पर कोई भी सवाल नहीं उठा सकता। यूपी में सीएम का चेहरा वही होंगे।

गौरतलब है कि पिछले कुछ दिनों से मीडिया के एक खास वर्ग की तरफ ये यह प्रोपेगेंडा चलाया जा रहा था कि बीजेपी आलाकमान यूपी के नेतृत्व में बदलाव कर सकता है। लेकिन राजनाथ सिंह ने स्पष्ट कर दिया है कि योगी ही यूपी में मुख्यमंत्री पद के इकलौते दावेदार हैं।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

बेचे जाने और लीज पर देने का अंतर भूल बैठे हैं अखिलेश यादव, JPNIC ‘बिक गया’ या सिर्फ लीज पर गया? सपा प्रमुख के...

JPNIC विवाद में अखिलेश यादव के ‘बेचने’ के आरोप की पड़ताल पर जानिए योगी सरकार का लीज मॉडल, CAG की आपत्तियां और 265 करोड़ से 865 करोड़ तक कैसे पहुँचा प्रोजेक्ट।

UP में तेजी से बढ़ रही है ‘गो-इकोनॉमी’, दूध के साथ-साथ गोमूत्र भी बन रहा है रोजगार का साधन: शैम्पू, साबुन और ऑर्गेनिक फर्टिलाइजर...

सवाल उनसे है जो गाय, गोबर और गौमूत्र का नाम सुनते ही मजाक बनाने लगते हैं- जब यही व्यवस्था किसान का खर्च घटाकर उसकी आय बढ़ा रही है और तो उपहास किस बात का है?
- विज्ञापन -